ganesh chaturthi
✕

अब मोबाइल ऐप से करें चुनावी गड़बड़ी की शिकायत, 100 मिनट में होगी कार्रवाई

Updated: मंगलवार, 3 जुलाई 2018 (14:48 IST)
नई दिल्ली। चुनाव आयोग ने स्वतंत्र और निष्पक्ष मतदान सुनिश्चित करने के लिए मतदाताओं की शिकायत का समाधान अधिकतम 100 मिनट में करने का विकल्प मुहैया कराया है।
 
मुख्य चुनाव आयुक्त ओ पी रावत ने आज इसके लिए 'सी विजल' नामक मोबाइल ऐप की शुरुआत करते हुए कहा, 'चुनावी गड़बड़ियों पर तत्काल लगाम लगाने के लिए तकनीक के माध्यम से मतदाताओं को निगरानी की जिम्मेदारी से लैस करने की दिशा में यह क्रांतिकारी कदम साबित होगा।' 
 
मतदान में दिव्यांगजनों की भागीदारी सुनिश्चित करने के लिए आयोग द्वारा आयोजित राष्ट्रीय सम्मेलन में रावत ने मोबाइल ऐप ‘सी विजिल और सिंगल विंडो समाधान की सुविधा से लैसे वेबपोर्टल ‘स्वीप’ की शुरुआत की।
 
उन्होंने बताया कि हाल ही में कर्नाटक विधानसभा चुनाव के दौरान ‘सी विजिल’ ऐप का बेंगलुरु विधानसभा क्षेत्र में सफल प्रयोग किया गया था। इस साल के अंत में होने वाले चार राज्यों के विधानसभा चुनाव में पायलट प्रोजेक्ट के तौर पर मतदाता ‘सी विजिल’ का इस्तेमाल कर सकेंगे।
 
उपचुनाव आयुक्त संदीप सक्सेना ने बताया कि कोई भी व्यक्ति एन्ड्रॉयड आधारित ‘सी विजिल’ ऐप को मोबाइल फोन में डाउनलोड कर सकता है। वह इसकी मदद से चुनाव के दौरान भ्रष्टाचार सहित अन्य गड़बड़ियों की शिकायत करने के लिए तस्वीर या वीडियो को बतौर साक्ष्य भेज सकेंगे। इसमें शिकायतकर्ता की पहचान गुप्त रखी जायेगी। सक्सेना ने बताया कि सबूत आधारित शिकायत का समयबद्ध निस्तारण करने के लिये अधिकतम 100 मिनट की समयसीमा तय की गई है।
 
उन्होंने बताया कि जीपीएस की मदद से शिकायत वाले स्थान की पहचान कर संबद्ध क्षेत्र के निर्वाचन अधिकारी उक्त स्थान पर पहुंच कर कार्रवाई करेंगे।
 
रावत ने कहा, 'सी विजिल ना सिर्फ मतदाताओं को स्वतंत्र एवं निष्पक्ष मतदान के प्रति अधिकार सम्पन्न बनाएगा बल्कि इससे निर्वाचन अधिकारियों की जवाबदेही भी तय होगी।'
 
उन्होंने मतदाता बनने से लेकर मतदान में भागीदारी सुनिश्चित करने तक की राह में आने वाली सभी संभावित बाधाओं के समाधान के लिए वेबपोर्टल ‘स्वीप’ को उपयोगी बताते हुए कहा कि मतदाताओं के बीच इसे लोकप्रिय बनाने के हरसंभव उपाय किये जा रहे हैं। दो दिवसीय सम्मेलन में अशोक लवासा और सुनील अरोड़ा के अलावा राज्यों के निर्वाचन अधिकारी भी मौजूद थे।
 
रावत ने मतदान में दिव्यांगजनों की भागीदारी बढ़ाने के लिए दो दिन के विमर्श में सभी राज्यों के निर्वाचन अधिकारियों, सामाजिक संगठनों और राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों से अपने सुझाव देने का आह्वान किया। उन्होंने निर्वाचन कानून और प्रक्रिया में सुधार से जुड़े उपयोगी सुझावों को भविष्य की कार्ययोजना का हिस्सा बनाने का आश्वासन देते हुए कहा कि इस कवायद का मकसद ऐसी दिव्यांग हितैषी मतदान प्रक्रिया विकसित करना है जिसे अन्य देश भी अपनाना चाहें।
 
रावत ने कहा कि सभी देशों में दिव्यांगजनों के प्रति संवेदनशील व्यवस्थाओं के विकास पर जोर दिया जा रहा है। इस दिशा में दिव्यांगों के प्रति सामान्य व्यक्तियों की संवेदनशीलता सबसे अहम कारक है और इसे जागरुकता के माध्यम से ही सुनिश्चित किया जा सकता है।
 
इसमें ईवीएम मशीन को ब्रेल संकेतों से लैस करने और मतदान केन्द्र पर दिव्यांगों की मदद के लिये निर्वाचन अधिकारियों की मौजूदगी, मतदान केन्द्रों तक दिव्यांगों की पहुंच सुगम बनाने सहित अन्य उपाय शामिल हैं। (भाषा) 

Show comments

आरक्षण विरोधी आंदोलन पर पूर्ण प्रतिबंध क्यों? हाईकोर्ट ने लगाई दिल्ली पुलिस को फटकार, जानिए क्या है पूरा मामला

पहले 10 लाख जमा किए, IDA ने फिर मांगे 4 लाख रुपए, राहुल गांधी के इंदौर में आयोजन में फिर अड़चन

Hyundai BAYON India : नए SUV का डिजाइन आया सामने, H-Edge लाइटिंग ने खींचा ध्यान; जानें क्या-क्या हुआ कन्फर्म

Samsung Galaxy A18 4G लॉन्च, 50MP कैमरा और 5000mAh बैटरी के साथ आया फोन; जानें कीमत और फीचर्स

Suzuki e-Access खरीदें या नहीं? आराम, बैटरी और रेंज में दमदार, क्या कुछ कमियां भी हैं

सभी देखें

PM मोदी के 76वें जन्मदिन पर UP में दीपोत्सव जैसा माहौल, सीतापुर में मोदी-योगी की आकृति तो मेरठ में 'आशीर्वाद का दीया' बना आकर्षण

बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन और सीएम डॉ. मोहन यादव ने की सेवा-संकल्प अभियान की शुरुआत, स्वामित्व अधिकार योजना के तहत 50 लाख संपत्तियों की होगी फ्री रजिस्ट्री

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिन पर जगमगाया मध्यप्रदेश, शिप्रा तट-महाकाल महालोक में एक साथ जलाए गए 33.27 लाख दीये, बना वर्ल्ड रिकॉर्ड

UPI विवाद पर हंसराज विश्वकर्मा का राहुल गांधी-अखिलेश पर निशाना , बोले- दोनों के बीच सांठगांठ

अंबेडकरनगर में 1100 बीघा जमीन पर आकार ले रहा इंडस्ट्रियल कॉरिडोर, पराली से बनेगी बायो गैस

अगला लेख