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हल्द्वानी में मंच के ‘शुद्धिकरण’ पर भड़के खरगे, राज्यसभा में बोले- Untouchability Act के तहत केस दर्ज हो

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हल्द्वानी में कांग्रेस की सभा के बाद मंच के शुद्धिकरण को लेकर राज्यसभा में हंगामा हुआ। मल्लिकार्जुन खरगे ने इसे लोकतंत्र और संविधान का अपमान बताते हुए Untouchability Act के तहत केस दर्ज कर कार्रवाई की मांग की। ALSO READ: खड़गे की रैली के बाद मंच के ‘शुद्धिकरण’ पर बवाल, नाराज कांग्रेस ने लगाए गंभीर आरोप

क्या लोकतंत्र में ऐसा होता है?

राज्यसभा में विपक्ष के नेता और कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने कहा कि मैं हल्द्वानी में था, जहां मैंने रामलीला मैदान में एक जनसभा को संबोधित किया। वहां लाखों लोग मौजूद थे। उस समय मैंने किसी समुदाय या धर्म का नाम नहीं लिया, मैंने केवल सरकार से जुड़े मुद्दों को दोहराया। लेकिन मेरे भाषण के बाद, भाजपा के लोगों ने उस मंच को 'शुद्ध' करने के लिए वहां हवन किया। क्या लोकतंत्र में ऐसा होता है? आप संविधान की रक्षा कैसे कर रहे हैं?
 
उन्होंने कहा कि मैं विपक्ष का नेता हूं। मेरी मांग है कि हल्द्वानी में जिन लोगों ने स्टेज का शुद्धिकरण किया, उन पर Untouchability Act के तहत केस दर्ज हो और उन्हें गिरफ्तार कर जेल भेजा जाए।

भाजपा ऐसे कृत्यों का समर्थन नहीं करती

भाजपा के पूर्व राष्‍ट्रीय अध्यक्ष केंद्रीय मंत्री जेपी नड्‍डा ने घटना को दुखदाई बताते हुए कहा कि हल्दवानी की घटना गंभीर विषय है। भाजपा ऐसे कृत्यों का समर्थन नहीं करती। उन्होंने कहा कि खरगे के आरोपों की जांच होगी। इसके बाद सभापति ने सरकार से मामले की जांच कराने को कहा। उन्होंने कहा कि जांच के बाद दोषियों पर कार्रवाई होगी।
 

क्या है मामला?

गौरतलब है कि 8 अगस्त को उत्तराखंड के हल्द्वानी में कांग्रेस की विजय शंखनाद सभा आयोजन किया गया था। इसमें कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जन खरगे, प्रदेश प्रभारी कुमारी शैलजा और नेता प्रतिपक्ष यशपाल आर्य शामिल हुए जो दलित वर्ग से आते हैं।
 
कार्यक्रम के बाद हिंदू संगठन श्रीराम सेना धर्मार्थ सेवा न्यास ने इस मैदान का शुद्धिकरण किया। इस दौरान उन्होंने वैदिक मंत्रोच्चारण के साथ पूजा-पाठ और यज्ञ किया। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस की रैली में मंच से इस्लामिक नारे लगाए गए। इस वजह से यहां की धार्मिक पवित्रता प्रभावित हुई। 
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