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बॉस से इतना कम है वेतन

Updated: शनिवार, 25 फ़रवरी 2017 (10:32 IST)
इंसानी काम की क्या कीमत है? एक कामगार और मैनेजर के सामान्य वेतन में अंतर का तो सबको अंदाजा था, लेकिन खाई कितनी बड़ी है इसका पता ब्लूमबर्ग इंस्टीच्यूट ने किया है।
जर्मनी : ब्लूमबर्ग इंस्टीच्यूट के सर्वे के अनुसार जर्मनी में मैनेजरों को कामगारों के मुकाबले औसत 175 गुना ज्यादा तनख्वाह मिलती है।
 
जर्मनी के पड़ोसी : जर्मनी के पड़ोसी देश नीदरलैंड्स, स्पेन और स्विट्जरलैंड में मैनेजरों की तनख्वाह जर्मनी से थोड़ी ही आगे पीछे हैं। 172 से 179 प्रतिशत।
 
ब्रिटेन : ब्रिटेन में यह अंतर जर्मनी से कहीं ज्यादा है। वहां मैनेजरों को कामगारों की आय के मुकाबले 228 गुना ज्यादा वेतन मिलता है।
 
अमेरिका : अमेरिका सही मायने में पूंजीवाद का गढ़ है। वहां ये अंतर और ज्यादा है। कामगारों के मुकाबले मैनेजरों को 299 गुना मिलता है।
 
दक्षिण अफ्रीका : ऐसा नहीं है कि अमीर लोग औद्योगिक देशों में रहते हैं। दक्षिण अफ्रीका में मैनेजरों को कामगारों के मुकाबले 541 गुना मिलता है।
 
भारत : और भारत। भारत भी दक्षिण अफ्रीका से ज्यादा पीछे नहीं। यहां के मैनेजर गरीबी की परवाह किये बिना मजदूरों का 483 गुना लेते हैं।
 
चीन : चीन में कंपनियों के सीईओ को कामगारों की तुलना में ब्लूमबर्ग के सर्वे के अनुसार 43 गुना ज्यादा वेतन मिलता है।
 
थाइलैंड : सर्वे में 25 देशों की सूची में सबसे अच्छी जगह थाइलैंड के पास है जहां सीईओ को कामगारों का 4 गुना वेतन मिलता है।
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