दिल्ली कैपिटल्स को मिला यह धाकड़ कंगारू पूर्व ऑलराउंडर सहायक कोच के तौर पर

पुनः संशोधित बुधवार, 16 मार्च 2022 (11:03 IST)
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नई दिल्ली:ऑस्ट्रेलिया के पूर्व क्रिकेटर को ने अपना सहायक कोच नियुक्त किया है। वह प्रमुख कोच रिकी पोंटिंग, सहायक कोच अजित अगरकर, प्रवीण आमरे और गेंदबाज़ी कोच जेम्स होप्स के साथ काम करेंगे। यह पहली बार है जब ऑस्‍ट्रेलियाई ऑलराउंडर किसी टीम के साथ कोचिंग स्‍टॉफ के तौर पर जुड़े हैं।

फ़्रेंचाइज़ी को दिए गए बयान में वॉटसन ने कहा, "दिल्ली कैपिटल्स के पास अच्छा दल है। अब पहला ख़िताब जीतने का समय है। मैं वहां पहुंचकर लड़कों के साथ काम करने के लिए उत्साहित हूं। मैं उनकी जितनी हो सके उतनी मदद करना चाहता हूं और उम्मीद है कि हम पहला ख़िताब जीतेंगे, अब वहां पहुंचने का इंतज़ार नहीं हो रहा।"

फ्रेंचाइजी क्रिकेट का है अनुभव

वॉटसन के पास फ़्रेंचाइज़ी टी20 क्रिकेट का बेहद अनुभव है। वह आईपीएल, बीबीएल और पीएसएल में ख़िताब जीतने वाली टीम का हिस्सा रह चुके हैं। 2008 में उन्होंने राजस्थान रॉयल्स को ख़िताब जिताने में अहम भूमिका निभाई थी, उन्होंने अपने आईपीएल करियर का अंत चेन्नई सुपर किंग्स के साथ किया।
2018 के आईपीएल सत्र में उन्होंने ओप​नर की अहम भूमिका निभाई, जहां उन्होंने 15 पारियों में 555 रन बनाए, जो किसी टीम के लिए दूसरे सर्वश्रेष्ठ रनों का आंकड़ा है और उस वर्ष सीएसके ने ख़िताब भी अपने नाम किया था। फ़ाइनल में उन्होंने मैच जिताने वाला शतक लगाया था। आईपीएल में वह कुछ समय तक रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु का भी हिस्सा रहे।

उन्होंने कहा, "आईपीएल दुनिया का सर्वश्रेष्ठ टी20 टूर्नामेंट है। मेरे पास एक खिलाड़ी के तौर पर कई यादें हैं, सबसे पहले तो शेन वॉर्न की कप्तानी में 2008 में पहला ख़िताब जीतना, इसके बाद आरसीबी और सीएसके। अब मुझे कोचिंग का मौक़ा मिला है। मैं दिग्गज रिकी पोंटिंग के साथ काम करने को लेकर उत्साहित हूं। वह एक बेहतरीन कप्तान थे और अब मैं उनके निर्देशन में कोचिंग करूंगा। वह इस समय दुनिया के सर्वश्रेष्ठ कोचों में से एक हैं। तो मेरे लिए यह रिकी के निर्देशन में सीखने का मौक़ा है और मैं बहुत उत्साहित हूं।"

ऐसा रहा है अंतरराष्ट्रीय करियर

वॉटसन ऑस्ट्रेलिया के लिए एक सफ़ेद गेंद के बादशाह के रूप में वह सेवानिवृत्त हुए। वनडे मैचों में उन्होंने 40.54 के औसत और 90.44 के स्ट्राइक रेट से 5757 रन बनाए और 31.79 के औसत से 168 विकेट लिए, साथ ही नौ शतक लगाए। वह 2007 और 2015 में ऑस्ट्रेलिया की दो विश्व कप जीतने वाली टीमों का हिस्सा थे और चैंपियंस ट्रॉफ़ी में एक पावरहाउस खिलाड़ी थे, जिन्होंने 2006 और 2009 दोनों टूर्नामेंटों के फ़ाइनल में प्लेयर ऑफ़ द मैच का पुरस्कार जीता था।
टी20 अंतर्राष्ट्रीय में उन्होंने 145.32 की स्ट्राइक रेट से 1462 रन बनाए और 7.65 की इकॉनमी रेट बनाए रखते हुए 48 विकेट लिए। वह श्रीलंका में 2012 विश्व टी20 में प्लेयर ऑफ़ द सीरीज़ थे, जहां उन्होंने 150.00 की स्ट्राइक रेट से 249 रन बनाए थे और 11 विकेट लिए थे। उन्होंने सीएसके के साथ निराशाजनक आईपीएल सीज़न के बाद नवंबर 2020 में क्रिकेट के सभी प्रारूपों से संन्यास ले लिया, जहां सीएसके पहली बार प्लेऑफ़ में जगह बनाने में विफल रही।(वार्ता)



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