Webdunia - Bharat's app for daily news and videos

Install App

जीवन चक्र पर हाइकू रचना...

सुशील कुमार शर्मा
हाइकू-2


 
1. जीवन चक्र
स्वयं पर विश्वास
होता ये काश!
 
2. स्वाद विवाद
चलो दोनों को छोड़ो
संबंध ओढ़ो
 
3. धन सार्थक
जब धर्म साथ हो
तुम पास हो
 
4. अपने रिश्ते
आपस में विश्वास
सही संपत्ति
 
5. प्यारे अतिथि
आवभगत खूब
कब जाओगे
 
6. आधा जीवन
स्वप्न की दुनिया
बाकी दोहन
 
7. कभी न था
ऐतबार तुम पे
दिल टूटा था
 
8. विसरा सुख
आज तक न भूला
तुम्हारा मुख
 
9. मैं आईना था
न पढ़ सका तुम्हें
दुःख के लम्हें
 
10. घड़ी गिफ्ट दी
पिताजी को बेटे ने
समय नहीं
 
11. जहां अंधेरा
दीपक है जलाया
जगमगाया
 
12. सच्चे संबंध
मुश्किल है बनना
मेरी सुनना
 
13. राधाष्टमी का
पावन अवसर
प्रेम सुमिर
 
14. 84 लाख में
एकमात्र मानव
पगा प्रेम में
 
15. कुबूल है तू
बस शर्त इतनी
फेंक नकाब। 

Show comments

सभी देखें

नशे की लत से उबरने के लिए कौनसी थेरेपी और कदम होते हैं सबसे असरदार

बारिश के मौसम में जरूर पिएं ये 5 हेल्दी ड्रिंक्स, शरीर को देंगे इम्युनिटी, एनर्जी और अंदरूनी गर्माहट

डेंगू और चिकनगुनिया से बचाव के लिए अपनाएं ये जरूरी उपाय, मच्छरों से ऐसे करें खुद की सुरक्षा

Hiccups Relief Tips: बार-बार हिचकी क्यों आती है? जानें कारण और आसान उपचार

बरसात के मौसम में ये 5 आसान योगासन कर सकते हैं आपकी इम्युनिटी की रक्षा

सभी देखें

घर पर BP चेक करते समय न करें ये गलतियां, जानें ब्लड प्रेशर नापने का सही तरीका

स्वामी विवेकानंद पुण्यतिथि विशेष: एक ज्योति जो आज भी भारत का पथ आलोकित कर रही है

Daily Vastu Tips: घर में हर दिन खुश रहना है तो आज ही अपनाएं ये सरल वास्तु टिप्स

पुण्यतिथि विशेष: स्वामी विवेकानंद का जीवन परिचय और खास बातें

तीखा सामाजिक-आर्थिक व्यंग्य: दो जून की रोटी

अगला लेख