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मुंशी प्रेमचंद के 10 प्रेरक विचार सोच बदल देंगे आपकी

Updated: शनिवार, 8 अक्टूबर 2022 (12:03 IST)
Premchand Quotes : मुंशी प्रेमचंद बेहतरीन भारतीय लेखकों में से एक माने जाते हैं। उन्होंने कई उपन्यास, कविताएं और लेख लिखे हैं। हिन्दी और उर्दू के ख्यात साहित्यकार धनपत राय प्रेमचंद यानी मुंशी प्रेमचंद की पुण्यतिथि 8 अक्टूबर को मनाई जाती है। यहां आपके लिए प्रस्तुत हैं मुंशी प्रेमचंद के 10 प्रेरक विचार-Munshi Premchand Inspirational Thoughts 
 
मुंशी जी के 10 प्रेरक विचार : Premchand Hindi Quotes
 
1. सोने और खाने का नाम जिंदगी नहीं है, आगे बढ़ते रहने की लगन का नाम ही जिंदगी हैं।
 
2. दौलतमंद आदमी को जो सम्मान मिलता है, वह उसका नहीं, उसकी दौलत का सम्मान है।
 
3. जीवन का सुख दूसरों को सुखी करने में है, उनको लूटने में नहीं।

 
4. प्रेम एक बीज है, जो एक बार जमकर फिर बड़ी मुश्किल से उखड़ता है।
 
5. संतान वह सबसे कठिन परीक्षा है जो ईश्वर ने मनुष्य को परखने के लिए गढ़ी है।
 
6. आकाश में उड़ने वाले पंछी को भी अपना घर याद आता है।
 
7. अन्याय होने पर चुप रहना, अन्याय करने के ही समान है।
 
8. कुल की प्रतिष्ठा भी विनम्रता और सद्‍व्यवहार से होती है, हेकड़ी और रुआब दिखाने से नहीं।

 
9. स्वार्थ में मनुष्य बावला हो जाता है।
 
10. आलोचना और दूसरों की बुराइयां करने में बहुत फर्क है। आलोचना करीब लाती है और बुराई दूर करती है।
 
- राजश्री 

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