0

भगवान श्रीकृष्ण का यह 1 मंत्र आश्चर्यजनक रूप से प्रभावशाली है

गुरुवार,अप्रैल 9, 2020
Shri Krishna Mantra
0
1
नौकरी या रोजगार संबंधी समस्या से परेशान हैं तो हर तरह की मेहनत और प्रयत्न के साथ इन्हें भी जरूर आजमाइए....
1
2
मंत्र 3 प्रकार के हैं- सात्विक, तांत्रिक और साबर। सभी मंत्रों का अपना-अलग महत्व है। प्रतिदिन जपने वाले मंत्रों को सात्विक मंत्र माना जाता है। आओ जानते हैं ऐसे कौन से मंत्र हैं जिनमें से किसी एक को प्रतिदिन जपना चाहिए जिससे मन की शक्ति ही नहीं बढ़ती, ...
2
3
27 मार्च 2020, शुक्रवार को मत्स्य जयंती है। मत्स्य जयंती को भगवान विष्णु के प्रथम अवतार जो मत्स्य अवतार था, उसकी पूजा और प्रार्थना करने के लिए मनाया जाता है।
3
4
। यदि कहीं से भी रुपयों का कोई आमद नजर नहीं आ रही हो और घर में निर्धनता का दौर चल रहा हो तो ये 2 अचूक उपाय करें और निश्‍चिंत हो जाएं।
4
4
5
हिन्दू धर्म के अनुसार खरमास के दिनों में सुबह सूर्योदय से पहले उठकर अपने नित्य कर्मों से निवृत्त हो जाना चाहिए और दिनभर भगवान विष्णु के नाम का जाप करना चाहिए। इन दिनों के बीच कोई भी शुभ काम नहीं किया जाता है।
5
6
इस मंत्र जप का आरंभ करने और आजीवन इस मंत्र का पाठ करने से विद्या और बुद्धि में वृद्धि होती है। इतना ही नहीं परीक्षा में सफलता पाने के लिए भी यह मंत्र अधिक लाभदायी है।
6
7
इस बार फाल्गुन कृष्ण अमावस्या 23 फरवरी 2020, रविवार को मनाई जा रही है। इस दिन का भारतीय जनजीवन में अत्यधिक महत्व हैं।
7
8
आज के दिन सफलता प्राप्ति के लिए शिवलिंग पर कच्चा दूध चढ़ाएं। अगर यह संभव न हो तो कार्य के लिए घर से निकलने के पहले दूध या पानी पी लें। साथ ही ॐ श्रां श्रीं श्रौं स: सोमाय नम: मंत्र बोल कर प्रस्थान करें। सफेद रूमाल साथ रखें। सफेद फूल शिव जी को
8
8
9
रविवार के दिन नीचे दिए गए मंत्रों में से जो भी मंत्र आसानी से याद हो सकें उसके द्वारा सूर्य देव का पूजन-अर्चन करें। फिर अपनी मनोकामना मन ही मन बोलें। भगवान सूर्य नारायण आपकी मनोकामना अवश्य पूर्ण करेंगे।
9
10
हर साधारण परिस्थिति वाले मनुष्य के मन में यह प्रश्न उठता है कि वह दरिद्रता और अपना दुर्भाग्य कैसे दूर करें, इसके लिए व्यक्ति धन कमाने का प्रयास करता है।
10
11
3 जनवरी से शाकंभरी नवरात्रि प्रारंभ हो रही है, जो 10 जनवरी तक जारी रहेगी। पौष शुक्ल पूर्णिमा के दिन मां शाकंभरी जयंती मनाई जाएगी। शाकंभरी नवरात्रि के 9 दिनों में नीचे लिखे मंत्रों का
11
12
बुधवार, 11 दिसंबर 2019 को दत्त पूर्णिमा अथवा दत्त जयंती मनाई जा रही है। पौराणिक मान्यताओं के अनुसार सृष्टि में एक भगवान हुए हैं जिन्हें ब्रह्मा विष्णु महेश तीनों का स्वरूप माना जाता है।
12
13
जिन परिवारों में कलह-क्लेश के कारण अशांति का वातावरण हो, वहां घर के लोग मार्गशीर्ष माह में इन मंत्रों का अधिकाधिक जप करें। अगर पूरे माह इन मंत्रों का जाप नहीं कर सकते हो कम से कम गीता जयंती/मोक्षदा एकादशी के दिन इन मंत्रों का जाप अवश्य करें।
13
14
काल भैरव को काशी का कोतवाल माना जाता है। भैरव जी के 108 नामों को प्रतिदिन, रविवार या शनिवार को पढ़ना चाहिए, साथ ही भैरव जी को सरसों के तेल का दीप व लड्डू अर्पण करना चाहिए। इनका वाहन कुत्ता माना जाता है, अत: कुत्ते को दूध आदि पिलाते रहना चाहिए।
14
15
शुभता की प्राप्ति के लिए सूर्य को कैसे जल चढ़ाएं, यह जानना आवश्यक है। प्रस्तुत हैं सूर्य देवता को अर्घ्य देने की आसान विधि
15
16
बृहस्पति यानी गुरु ने 5 नवंबर 2019 को स्वराशि धनु में गोचर किया है और 29 मार्च 2020 तक इसी राशि में रहेंगे। गुरु के राशि परिवर्तन का असर सभी राशियों पर असर होगा।
16
17
मान-सम्मान, पद, प्रतिष्ठा, समाज में रुतबा, पूछ परख कौन नहीं चाहता... अगर कुछ उपाय आजमा लिए जाए तो यह सब आसानी से मिलने लगता है।
17
18
शनि की प्रतिकूलता, साढ़ेसाती और ढैया से सभी भलीभांति परिचित है। शनि का जिक्र होते ही व्यक्ति के मन में भय व शंका का भाव आता है। जबकि सच यह है कि शनि ग्रह थोड़ी-सी स्तुति से तुरंत प्रसन्न हो जाते हैं।
18
19
परम तेजस्वी दिव्य भगवान सूर्य देव का पूजन हमें प्रतिदिन करना चाहिए। लेकिन कुछ विशेष अवसरों पर उनके यह 12 नाम मनचाहा वरदान देते हैं।
19