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International Mountain Day 2024: अंतरराष्ट्रीय पर्वत दिवस आज, जानें रोचक जानकारी

Written By WD Feature Desk
Updated: बुधवार, 11 दिसंबर 2024 (15:29 IST)
International Mountain Day : प्रतिवर्ष 11 दिसंबर को अंतरराष्ट्रीय पर्वत दिवस मनाया जाता है। सन् 2003 में पर्वतों के महत्व को समझाने और उनके संरक्षण के लिए संयुक्त राष्ट्र ने इस दिन को मनाने हेतु घोषित किया। आइए जानते हैं यहां इंटरनेशनल माउंटेन डे के बारे में खास जानकारी...
 
Highlights
अंतरराष्ट्रीय पर्वत दिवस मनाने का उद्देश्य पर्वतों के संरक्षण तथा उनके न रहने से होने वाले खतरों के प्रति लोगों में जागरूकता बढ़ाना हैं, क्योंकि पर्वत जलवायु संतुलन, जलीय संसाधन, वनस्पति और जैव विविधता हेतु महत्वपूर्ण स्रोत हैं। साथ ही यह दुनिया की प्रमुख नदियों का स्रोत होने के कारण जल चक्र में भी महत्वपूर्ण योगदान देते हैं। 
 
पर्वत हमारी प्रकृति की अनमोल देन हैं। और पर्यावरण तथा हमारे जीवन और संस्कृति का अभिन्न हिस्सा पर्वत हैं। अत: पर्वतों के संरक्षण और उनके महत्व को समझाने के लिए, इनसे जुड़े तथ्यों को जानने तथा इनके संरक्षण की आवश्यकता को देखते हुए ही अंतरराष्ट्रीय पर्वत दिवस मनाना तथा उन्हें संरक्षित करना हम सबकी जिम्मेदारी है और जैव विविधता के लिए भी ये महत्वपूर्ण है। 
 
अंतरराष्ट्रीय पर्वत दिवस का इतिहास क्या है : वर्ष 1992 से अंतरराष्ट्रीय पर्वत दिवस का शुरू होता है, जब संयुक्त राष्ट्र ने अपना ध्यान इस ओर केंद्रित करके पर्यावरण और विकास सम्मेलन में अध्याय 13 'संवेदनशील पारिस्थितिकी तंत्र का प्रबंधन : सतत पर्वत विकास' के तहत एजेंडा 21 को अपनाया और यही कारण रहा कि पर्वत विकास के इतिहास में एक मील का पत्थर साबित हुआ। 
 
फिर संयुक्त राष्ट्र महासभा ने वर्ष 2002 में 'संयुक्त राष्ट्र अंतरराष्ट्रीय पर्वत वर्ष' घोषित किया और पर्वतों के महत्व पर बढ़ते ध्यान को देखते हुए वर्ष 2003 से हर साल 11 दिसंबर का दिन 'अंतरराष्ट्रीय पर्वत दिवस' मनाने के रूप में चुना गया तथा इसका निर्णय भी लिया गया। अत: दुनियाभर में 11 दिसंबर 2003 को पहली बार अंतरराष्ट्रीय पर्वत दिवस मनाया गया। 
 
अंतरराष्ट्रीय पर्वत दिवस 2024 की थीम क्या हैं : आपको बता दें कि प्रतिवर्ष यह दिन एक विशेष थीम के साथ मनाया जाता है। और वर्ष 2024 में इसकी थीम- 'सतत भविष्य के लिए पर्वतीय समाधान-नवाचार, अनुकूलन, युवा और उससे आगे' (Mountain solutions for a sustainable future-innovation, adaptation, youth and beyond) तय की गई है। जिसका इसमें मतलब युवाओं की भागीदारी तथा नवाचार, अनुकूलन के माध्यम से पर्वतों को सशक्त बनाने पर ध्यान केंद्रित करना है तथा पर्वतों के भविष्य के निर्माण सबकी अहम भूमिका है।
 
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