sundarkand

देश को समर्पित मेरी कविता : प्रतिशोध की ज्वाला

Updated: बुधवार, 20 फ़रवरी 2019 (17:03 IST)
जबसे हुआ है पुलवामा हमला,
हर भारतवासी मांगे पाकिस्तान से बदला।
 
प्रतिशोध की ज्वाला भड़क रही है,
हर मां अपने बेटे से फौज में जाने को कह रही है।
 
कह रही है चुन-चुनकर बदला लेना,
उन वीरों की शहादत का।
 
जिन्होंने फर्ज निभाया भारत माता की हिफाजत का। 
बारंबार नमन हैं उन वीर जवानों को,
 
जिन्होंने हिन्दुस्तान की आन की खातिर,
अपना सर्वस्व न्योछावर कर दिया।
 
देश की खातिर अपनी जान देकर जिन्होंने,
हर हिन्दुस्तानी की आंखों को नम कर दिया।
 
ये पानी नहीं लहू है,
जो हर हिन्दुस्तानी की आंखों में भर दिया।
 
अब ये लहू शोला बन गया है,
अब खून का बदला खून होगा,
 
देश के गद्दारों का अब विनाश होगा।
जो अब कश्मीर की आजादी मांगेगा, 
 
चढ़ छाती पर अब उसका संहार होगा। 
कश्मीर भारत का था, है और रहेगा।
 
अब समय आ गया है पाकिस्तान को जवाब देने का,
वो एक मारेगा हम सौ-सौ को मारेंगे।
 
पाकिस्तान की छाती लाशों से भर देंगे।
पाकिस्तान का वजूद जड़ से खत्म कर देंगे।
 
नक्शे से पाकिस्तान का नामोंनिशान मिटा देंगे,
नामोंनिशान मिटा देंगे।
 
लेखक के बारे में
ब्रह्मानंद राजपूत

Show comments

सभी देखें

मच्छर के काटने से खुजली क्यों होती है? जानें वैज्ञानिक कारण और उपचार

Health Tips: बॉड़ी में शुगर कम होने पर क्या-क्या परेशानियां होती हैं, जानें काम की बातें

हाथों और आंखों में छिपे हैं लिवर की बीमारी के संकेत! भूलकर भी न करें इन्हें नजरअंदाज

बारिश के मौसम में चाय के साथ बनाएं ये 5 परफेक्ट कॉम्बिनेशन वाले क्रिस्पी स्नैक्स, हर कोई करेगा तारीफ

समय रहते अगर हो जाए लक्षणों की पहचान, तो कैंसर जैसे रोगों का उपचार भी संभव

सभी देखें

15 अगस्त विशेष: शहीदों के सपनों का भारत नारों से नहीं, हमारे चरित्र और कर्म से बनेगा

जब उम्मीद थक जाए, तब साहस काम आता है

असली पनीर और Analog Paneer में क्या है फर्क? खरीदने से पहले ऐसे करें पहचान

लोकतंत्र की पहली पाठशाला: छात्रसंघ चुनावों की वापसी क्यों जरूरी? जानें युवाओं की बड़ी जिम्मेदारी

गरीबी चुराने कोई नहीं आता!

अगला लेख