dharma sangrah

कामदा एकादशी व्रत का पारण कब होगा?

Written By WD Feature Desk
Updated: मंगलवार, 8 अप्रैल 2025 (11:00 IST)
Kamada Ekadashi 2025 : हिन्दू पंचांग कैलेंडर के अनुसार आज 8 अप्रैल 2025, मंगलवार को कामदा एकादशी का व्रत रखा जा रहा है, इसलिए इसका पारण यानी व्रत तोड़ने का समय अगले दिन, यानी 9 अप्रैल 2025, बुधवार को संपन्न होगा। ALSO READ: कामदा एकादशी: साधना, पुण्य और दिव्य आशीर्वाद की कथा
 
आइए इस लेख के माध्यम से जानते हैं कामदा एकादशी व्रत पारण के टाइमिंग के बारे में...

यहां जानते हैं पारण का शुभ मुहूर्त: अधिकांश धार्मिक पंचांगों के अनुसार, कामदा एकादशी व्रत का पारण 9 अप्रैल 2025 को सुबह 06 बजकर 02 मिनट से लेकर सुबह 08 बजकर 34 मिनट तक रहेगा। यदि किसी कारणवश आप सुबह पारण नहीं कर पाते हैं, तो द्वादशी तिथि समाप्त होने से पहले कर लें।

बता दें कि पारण तिथि पर 09 अप्रैल को दोपहर 10 बजकर 55 मिनट पर द्वादशी का समापन होगा। इसलिए, आप कल, 9 अप्रैल, 2025 को सुबह 06:02 से 08:34 बजे के बीच कामदा एकादशी व्रत का पारण कर सकते हैं।
 
व्रत खोलने की विधि/ पारण विधि:ALSO READ: कामदा एकादशी व्रत कब रखा जाएगा, जानें मुहूर्त, पूजा विधि और महत्व
1. कामदा एकादशी व्रत के दिन सुबह उठकर स्नान करें और स्वच्छ वस्त्र धारण करें।
2. भगवान विष्णु की प्रतिमा या चित्र के सामने बैठकर उनकी पूजा करें। उन्हें फूल, धूप, दीप और नैवेद्य अर्पित करें।
3. भगवान विष्णु की आरती करें।
4. भगवान विष्णु को अर्पित तुलसी के पत्ते को ग्रहण करें।
5. यदि संभव हो तो किसी ब्राह्मण को भोजन कराएं और दान-दक्षिणा दें।
6. इसके बाद सात्विक भोजन ग्रहण करके अपना व्रत तोड़ें। एकादशी के व्रत के पारण में चावल का सेवन करना शुभ माना जाता है।
 
व्रत खोलने संबंधी महत्वपूर्ण बातें:
• पारण हमेशा द्वादशी तिथि में सूर्योदय के बाद करना चाहिए।
 
• हरि वासर के दौरान पारण नहीं करना चाहिए। हरि वासर एकादशी तिथि समाप्त होने के बाद का कुछ समय होता है, जिसे अशुभ माना जाता है। हालांकि, इस एकादशी के लिए हरि वासर का समय पारण के समय के भीतर नहीं आ रहा है।
 
• यदि किसी कारणवश आप सुबह पारण नहीं कर पाते हैं, तो द्वादशी तिथि समाप्त होने से पहले कर लें।
 
अस्वीकरण (Disclaimer) : चिकित्सा, स्वास्थ्य संबंधी नुस्खे, योग, धर्म, ज्योतिष, इतिहास, पुराण आदि विषयों पर वेबदुनिया में प्रकाशित/प्रसारित वीडियो, आलेख एवं समाचार सिर्फ आपकी जानकारी के लिए हैं, जो विभिन्न सोर्स से लिए जाते हैं। इनसे संबंधित सत्यता की पुष्टि वेबदुनिया नहीं करता है। सेहत या ज्योतिष संबंधी किसी भी प्रयोग से पहले विशेषज्ञ की सलाह जरूर लें। इस कंटेंट को जनरुचि को ध्यान में रखकर यहां प्रस्तुत किया गया है जिसका कोई भी वैज्ञानिक प्रमाण नहीं है।ALSO READ: कामदा एकादशी का व्रत क्यों रखते हैं, क्या है पारण का समय और महत्व

लेखक के बारे में
WD Feature Desk
अनुभवी लेखक, पत्रकार, संपादक और विषय-विशेषज्ञों द्वारा लिखे गए गहन और विचारोत्तेजक आलेखों का प्रकाशन किया जाता है।.... और पढ़ें

Show comments

सभी देखें

मंगल का मृगशिरा नक्षत्र में गोचर, 3 राशियों को रहना होगा 12 अगस्त तक सावधान

Rationalism: सत्य की वैज्ञानिक खोज: देकार्त का बुद्धिवाद और आधुनिक दर्शन का जन्म

मिथुन में मार्गी बुध का प्रभाव: भारत समेत दुनिया में होंगे ये बड़े बदलाव

Rakhi 2026: कब है रक्षा बंधन का त्योहार, राखी बांधने का शुभ मुहूर्त?

चातुर्मास में सुख-समृद्धि लाने के लिए इन 4 महीनों में राशि के अनुसार ये खास उपाय

सभी देखें

Raksha Bandhan 2026: रक्षाबंधन पर नहीं बांध पाए राखी? इन 4 शुभ तिथियों में से किसी एक दिन बांधें राखी

28 अगस्त 2026 को वर्ष का दूसरा चंद्र ग्रहण: संपूर्ण जानकारी, सूतक काल और राशिफल

नेपाल में जलप्रलय और भविष्य मालिका: क्या 600 साल पुराने श्लोक में मिलती है ऐसी आपदा की भविष्यवाणी? जानें सच

27 August Birthday: आपको 27 अगस्त, 2026 के लिए जन्मदिन की बधाई!

Aaj Ka Rashifal: आज का दैनिक राशिफल: मेष से मीन तक 12 राशियों का राशिफल (27 अगस्‍त, 2026)

अगला लेख