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मौनी अमावस्या पर रात में करें ये 3 कार्य तो संकटों से मिलेगी मुक्ति, घर में आएगी लक्ष्मी

Written By WD Feature Desk
Updated: बुधवार, 29 जनवरी 2025 (11:31 IST)
Mauni Amavasya 2025 : वर्ष 2025 में 29 जनवरी, दिन बुधवार को मौनी अमावस्या के दिन महाकुंभ का दूसरा अमृत स्नान किया जा रहा है और इसी कारण इस दिन का धार्मिक महत्व अधिक बढ़ जाता है। मान्यतानुसार माघ कृष्ण अमावस्या के पितरों के निमित्त दीपदान करने से जीवन में अनेक शुभ फलों की प्राप्ति होती है। तथा पितृगण भी अपने वंशज को खुशहाल जीवन का आशीष प्रदान करते हैं।  करें...ALSO READ: Mauni Amavasya 2025: महाकुंभ में मौनी अमावस्या का महास्नान, 6 शुभ योग संयोग में होगा शाही स्नान, 10 कार्य जरूर करें
 
आइए अब जानते हैं मौनी अमावस्या पर रात के समय क्या-क्या कार्य कर सकते हैं....
 
1. 1. मौनी अमावस्या को रात के समय शिवलिंग पर जल अर्पित करके बेलपत्र चढ़ाकर शिव जी का पूजन करने से भोलेनाथ की विशेष कृपा बरसती है। साथ ही मौनी अमावस्या की रात को भगवान शिव, विष्णु और माता लक्ष्मी के मंत्रों- ॐ नमः शिवाय:, ॐ नमो भगवते वासुदेवाय: तथा ॐ नमो भाग्य लक्ष्म्यै च विद्महे अष्ट लक्ष्म्यै च धीमहि तन्नो लक्ष्मी प्रचोद्यात। का जाप करना बहुत शुभ माना जाता है। मंत्र जाप से मन शांत होकर आत्मविश्वास बढ़ता है।ALSO READ: Magh mah gupt navratri 2025: माघ माह की गुप्त नवरात्रि में करें 5 अचूक उपाय, जीवन के हर संकट हो जाएंगे दूर
 
2. मौनी अमावस्या के दिन पितरों के निमित्त तर्पण, पिंडदान कर्म करने से पितृ दोष दूर होता है तथा पितृदेवता खुश होते हैं और उनके आशीर्वाद से घर में सुख-समृद्धि, धन, ऐश्वर्य और वंश में वृद्धि होती है। मौनी अमावस्या पर सायंकाल के समय दीपदान करना चाहिए। इस पर्व पर दक्षिण दिशा में दीया जलाना चाहिए, क्योंकि पितरों के लिए इस दिशा का अधिक महत्व होता है।

यह दिशा पित्तरों की होने के कारण दक्षिण में दीपक जलाने से पित्तर प्रसन्न होते हैं और अपना आशीष प्रदान करते हैं। साथ ही बता दें कि यह दीपदान अपने पूर्वजों की सद्गति के लिए किया जाता है। इस दिन पितरों का आशीर्वाद पाने के लिए सूर्य अस्त होने के बाद एक साफ मिट्टी का दीया लेकर उसमें सरसों या तिल का तेल भरें और दीया जलाकर घर के बाहर दक्षिण दिशा में रख दें तथा इसे पूरी रात जलने दें।
 
3. मौनी अमावस्या के अवसर पर घर में धन समृद्धि बनाए रखने के लिए भी दीपदान किया जाता है। इस दिन सायंकाल के समय या रात्रि भगवान विष्णु और लक्ष्मी माता को प्रसन्न कर उनकी कृपा पाने हेतु दीपदान करने का महत्व है। मान्यतानुसार अमावस्या की रात माता लक्ष्मी की पूजा करने से धन प्राप्ति के योग बनते हैं और भगवान श्रीविष्णु की पूजा करने से सभी मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं।

अत: माघ अमावस्या पर शाम के समय पीपल वृक्ष तथा तुलसी जी में दीया जलाने से घर में लक्ष्मी जी का आगमन होता है। अत: घर में धन-समृद्धि बनी रहे इसके लिए आज रात एक दीपक लक्ष्मी जी के नाम का लगाना ना भूलें। इस तरह लक्ष्मी प्राप्ति के ये उपाय आप मौनी अमावस्या की रात कर सकते हैं।
 
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