बेहतर रिश्तों के लिए अपनाएं 9 वास्तु टिप्स, बनी रहेगी मिठास

Vastu Tips For Relationship
for relationships
1. रेमेडियल वास्तु के अनुसार 16 दिशाओं का बैलेंस होना अत्यंत आवश्यक होता है, जिन घरों में भवन की 16 दिशाएं संतुलन में होती हैं वहां पर सकारात्मक ऊर्जा का उचित प्रवाह बना रहता है, जिस कारण भवन में निवासी करने वाले सदस्य अपना सुखमय जीवन व्यतीत करते हैं और समुचित सुख-सुविधाओं का लाभ उठाते हैं। यदि इन 16 दिशाओं में संतुलन बिगड़ जाता है तो भवन के अंदर नकारात्मक ऊर्जाएं बढ़ जाती हैं और भवन निवासियों पर नकारात्मक ऊर्जाओं के दुष्प्रभाव बढ़ने लगते हैं।

2. जैसा कि आप सभी इस बात से अवगत होंगे कि वास्तु में सभी उद्देश्य के लिए एक दिशा पहले से ही निर्धारित रहती है। भवन में आपके पारिवारिक संबंधों के लिए पहले से एक दिशा निर्धारित होती है वह है दिशा। यह दिशा पारिवारिक रिश्तों से जुड़ी होती है यानी कि पारिवारिक रिश्तों में प्रगाढ़ता के लिए इस दिशा का संतुलन में होना अत्यंत ही आवश्यक होता है। इस दिशा के असंतुलित होने से पारिवारिक रिश्तों में विभिन्न परेशानियां आने लगती हैं।
3. यदि भवन में निवास करने वाले सदस्यों के बीच में टकराव की स्थिति होती है, बहस होती है तो यही दिशा जिम्मेदार होती है। किसी भी तरह के खटास आने की वजह यही दिशा होती है। इस दिशा के असंतुलन में होने से परिवार के सदस्यों की राय एकमत नहीं हो पाती है। बार-बार छोटी-छोटी बातों पर परिवार के सदस्यों में मतभेद होने पर विवाद की स्थिति बनी रहती है।

4. पारिवारिक रिश्ते सही चलते रहें, उनमें किसी भी प्रकार की खटास न रहे, उसके इस दिशा का संतुलन में रहना अत्यंत आवश्यक होता है। इस दिशा में संतुलन बनाए रखने के लिए जिससे कि आपके पारिवारिक रिश्ते अच्छे चलते रहें, उसके लिए सर्वप्रथम आपको इस दिशा को साफ रखना चाहिए-

5. कूड़ा-कबाड़ा, जूते या बेकार का ऐसा सामान जो इस्तेमाल में न आता हो उसको यहां रख देने से यहां पर नकारात्मक ऊर्जा का प्रवाह बढ़ जाता है, जिसके फलस्वरूप पारिवारिक रिश्तों में तनाव आना शुरू हो जाता है।

6. सजावट का रंग- इस दिशा के अनुकूल होता है तो इस दिशा में पीले रंग की थीम इस्तेमाल करनी चाहिए। या अन्य सजावट के लिए पीले रंग का चुनाव करना चाहिए।

7. फोटो थैरेपी- बेहतर पारिवारिक रिश्तो के लिए कि आपके रिश्तों में मिठास बनी रहे, मुस्कुराते हुए अपने परिवार की ग्रुप फोटो इस दिशा में गोल्डन या पीले फ्रेम में लगानी चाहिए। ऐसा करने से आपके भवन निवासियों के बीच अच्छा ताल-मेल बना रहता है।

8. आपके संबंधों और दक्षता का क्षेत्र भी है- यह दक्षता, विवाह, पारिवारिक तालमेल, जुड़ाव, जीवन में स्थायित्व एवं रिश्तों का क्षेत्र है। यह क्षेत्र आपकी प्रसुप्त (सोई हुई मृतप्राय) प्रतिभाओं को भी जाग्रत करता है। अपनी दक्षता का विकास करने के लिए अपनी सभी डिग्रियां, प्रमाण-पत्र और पुरस्कार आदि इस क्षेत्र में रखें। यह कार्यस्थल के लिए आदर्श क्षेत्र है।

9. और भी बेहतरीन नतीजे चाहिए? तो यहां अपने दिवंगत पूर्वजों के चित्र भी लगाइए।

ALSO READ:
: घर में हैं अगर ये 13 चीजें तो कभी नहीं आएगा धन





और भी पढ़ें :