सेंसेक्स 456 अंक लुढ़का, लगातार दूसरे दिन गिरावट

पुनः संशोधित बुधवार, 20 अक्टूबर 2021 (18:27 IST)
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मुंबई। शेयर बाजारों में बुधवार को लगातार दूसरे दिन गिरावट रही। उच्च मूल्य स्तर पर पहुंचे शेयरों में निवेशकों की मुनाफावसूली से सेंसेक्स 456 अंक टूटकर बंद हुआ। निफ्टी भी 18,300 के स्तर से नीचे बंद हुआ।
कारोबारियों के अनुसार मझोली और छोटी कंपनियों (मिडकैप और स्मॉलकैप) के शेयरों में भी उच्च कीमत की वजह से भारी बिकवाली का दबाव रहा। तीस शेयरों पर आधारित सेंसेक्स 456.09 अंक यानी 0.74 प्रतिशत की गिरावट के साथ 61,259.96 अंक पर बंद हुआ।

इसी प्रकार, नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का निफ्टी 152.15 अंक यानी 0.83 प्रतिशत टूटकर 18,266.60 अंक पर बंद हुआ। सेंसेक्स के शेयरों में टाइटन 2.97 प्रतिशत की गिरावट के साथ सर्वाधिक नुकसान में रहा। इसके अलावा एचयूएल, एनटीपीसी, एलएंडटी, बजाज फिनसर्व, पावरग्रिड और महिंद्रा एंड महिंद्रा प्रमुख रूप से नुकसान में रहे।

दूसरी तरफ, भारती एयरटेल ने 4.03 प्रतिशत की सर्वाधिक तेजी के साथ लाभ में रहने वाले शेयरों की अगुवाई की। एसबीआई, इंडसइंड बैंक, बजाज फाइनेंस, एक्सिस बैंक और एचसीएल टेक में भी तेजी रही। एलकेपी सिक्योरिटीज के शोध प्रमुख एस रंगनाथन ने कहा, जिन शेयरों में गिरावट आई है, वह युक्तिसंगत है। क्योंकि मूल्य काफी चढ़ गया था।

उन्होंने कहा कि लगभग सभी खंडवार सूचकांक नुकसान में रहे। हालांकि सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों में तेजी रही। निवेशक इस खंड में निवेश करते दिखे। जियोजीत फाइनेंशियल सर्विसेज के शोध प्रमुख विनोद नायर ने कहा, बाजार में जो गिरावट है, वह कोई बड़ी प्रतिक्रिया का नतीजा नहीं है। उच्च मूल्यांकन के कारण अल्प अवधि में यह स्थिति बनी रह सकती है। भविष्य में भारतीय कंपनियों को सुधारों से लाभ हो सकता है...।

उन्होंने कहा, इसके अलावा अर्थव्यवस्था में गतिविधियां फिर से शुरू होने, निम्न ब्याज दर और सरकार तथा निजी स्तर पर खर्च से अर्थव्यवस्था और बाजार की दीर्घकालीन प्रवृत्ति अक्षुण्ण बनी हुई है। बाजार में यह सुधार खरीद का मौका देगा।

एशिया के अन्य बाजारों में हांगकांग का हैंगसेंग, जापान का निक्की लाभ में रहे, जबकि चीन के शंघाई कम्पोजिट और दक्षिण कोरिया के कॉस्पी में गिरावट रही। यूरोप के प्रमुख बाजारों में दोपहर के कारोबार में मिलाजुला रुख रहा। इस बीच, अंतरराष्ट्रीय तेल मानक ब्रेंट क्रूड 0.82 प्रतिशत की गिरावट के साथ 84.38 डॉलर प्रति बैरल पर आ गया।

अमेरिकी डॉलर के मुकाबले रुपए की विनिमय दर 47 पैसे मजबूत होकर 74.88 पर पहुंच गई। शेयर बाजारों के आंकड़ों के अनुसार, विदेशी संस्थागत निवेशक मंगलवार को पूंजी बाजार में शुद्ध बिकवाल रहे और उन्होंने 505.79 करोड़ रुपए के शेयर बेचे।(भाषा)




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