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Last Updated: बुधवार, 18 अगस्त 2021 (17:15 IST)

बातों बातों में ही PM मोदी ने ली विनेश की क्लास, कहा यह क्या तरीका है? (वीडियो)

15 अगस्त के दिन प्रधानमंत्री मोदी ने टोक्यो ओलंपिक में भाग लेने वाले खिलाड़ियों को अपने घर पर बुलाया था। उस बातचीत का पूरा वीडियो अब प्रधानमंत्री ने अपने आधिकारिक ट्विटर हैंडल पर अपलोड कर दिया है। 
 
जीतने वाले खिलाड़ियों को तो प्रधानमंत्री बधाई दे ही रहे थे लेकिन मेडल ना ला पाने वाले खिलाड़ियों को भी प्रधानमंत्री दिल छोटा ना रखने की सलाह दे रहे थे। ऐसे में जब वह पहलवानों के टेबल पर पहुंचे तो उन्होंने टोक्यो ओलंपिक में पदक की दावेदार विनेश फोगाट से बातचीत की। 
 
उन्होंने विनेश फोगाट को पहले संबोधित किया कि यह तो मेरे ही परिवार की है। फिर प्रधानमंत्री ने कहा कि क्या बहुत गुस्सा आ गया तुम्हें अपने आप पर क्यों गुस्सा करती हो, तुमने बहुत अच्छा खेला और तुम्हारे पूरे परिवार ने बहुत कुछ अच्छा दिया है, विनेश निराश नहीं हो सकती, यह बात नहीं चलेगी।
 
उन्होंने यह भी कहा कि "मैंने सुना तुम हारने के बाद किसी से मिलती भी नहीं थी, यह क्या तरीका है?" इस पर विनेश ने कहा कि इतनी मेहनत के बाद मेडल नहीं आता है तो दुख तो होता है। इस पर प्रधानमंत्री ने कहा नहीं ऐसा नहीं होता है। खिलाड़ी की जिंदगी में हारना तो बाएं हाथ का खेल होता है। वह हारने से कभी चिंता नहीं करता है।
 
इस पर पहलवान विनेश ने कहा कि हार स्वीकारने में उनका थोड़ा समय लगता है। इस पर मोदी ने कहा कि मन से निकालना चाहिए यह बात। मैंने नीरज से यह बात की कि जीत को सिर पर मत चढ़ने दो और हार को मन में मत बसने दो। पीएम ने कहा कि वह तो फोगाट परिवार को जानते हैं और विनेश को निराश नहीं देख सकते।
 
इसके बाद प्रधानमंत्री ने एक और प्रस्ताव विनेश को दिया। उन्होंने कहा कि हफ्ते दस दिन बाद वह अपने परिवार के साथ मिलने आए और आधा एक घंटा समय बिताए। इस पर विनेश ने कहा कि आपने जो बात की है उससे जिन एथलीट्स का मेडल नहीं आया है वह उन्हें हौंसला देगा।
गौरतलब है कि विनेश फोगाट टोक्यो ओलंपिक में भारत के सबसे बड़े दावेदारों में से एक थी। लेकिन क्वार्टरफाइनल में वह हारकर टूर्नामेंट से बाहर हो गई। हार के बाद उनकी असली परेशानी शुरु हुई। 
 
उनपर रेसलिंग फेडरेशन ने अनुशासनहीनता के आरोप लगाए और कारण बताओ नोटिस भी जारी किया। उन्हें निलंबन भी सहना पड़ा। कारण बताओ नोटिस के जवाब के बाद ही फेडरेशन तय करेगा कि विनेश को पहलवानी की अनुमति मिलती है या नहीं। 
 
यही नहीं विनेश ने हाल ही में अंग्रेजी अखबार में लिखे एक लेख में फेडरेशन को खूब भला बुरा कहा और कहा कि उनकी इच्छा हो रही है कि वह रेसलिंग छोड़ दे।

हालांकि इसके बाद उन्होंने कुश्ती संघ से माफी मांगी थी और अब संघ को विचार करना है कि विनेश पर क्या कार्यवाही की जाए, या कार्यवाही करनी भी है या नहीं।(वेबदुनिया डेस्क)
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