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दीपावली के दिन न करें ये 10 काम, वर्ना पछताएंगे...

Updated: गुरुवार, 12 अक्टूबर 2017 (16:15 IST)
* दिवाली पूजन : बच कर रहें आज के दिन इन 10 कामों से.... 
 
दीपावली त्योहार को हम सुख-समृद्धि लाने वाले पर्व के रूप में जानते हैं। लेकिन यह पर्व  जहां समृद्धि लाता है, वहीं अगर इसमें कोई चूक हो गई तो दुर्भाग्य का मुंह भी देखना पड़  सकता है। अत: अपनी सुख-समृद्धि व धन-वैभवता को बनाए रखने के साथ ही आरोग्य भी  बनाए रखने हेतु इस दिन कुछ ऐसे कार्य हैं, जो धार्मिक दृष्टि से सही नहीं माने गए हैं।  अत: इस दिन निम्नलिखित कार्यों को नहीं करना चाहिए अथवा इस प्रकार के कार्य करने  से बचना चाहिए। आइए जानें... 
 
1. पौराणिक शास्त्रों के अनुसार दीपावली पर्व के पावन दिनों में हर व्यक्ति को सुबह ब्रह्म मुहूर्त में ही उठ जाना चाहिए, क्योंकि जो व्यक्ति दीपावली के दिन अधिक देर तक सोते रहते हैं उन्हें मां लक्ष्मी की कृपा प्राप्त नहीं होती इसलिए दीपावली के दिन सुबह देर से न उठें। 
 
2 . दीपावली के दिन विशेष रूप से अपने माता-पिता और घर के बुजुर्गों का अनादर न करें। अगर आप इनका अनादर करते हैं तो मां लक्ष्मी कुपित होकर आपके घर से प्रस्थान कर देंगी और फिर आपको धन की देवी को मनाने के लिए तरह-तरह के प्रयोग करने पड़ेंगे। 
 
3. दीपावली के दिन घर में गंदगी, कूड़ा-करकट पड़ा रहने से भी मां लक्ष्मी नाराज हो जाती हैं अत: इस दिन घर को एकदम साफ व स्वच्छ रखें। 
 
4. दीपावली के दिन झाडू की पूजा सभी घरों में की जाती है अत: इस दिन नई झाडू खरीदकर लक्ष्मी पूजन में अवश्य रखें। 
 
5. दीपावली के दिन या अन्य दिनों में भी कभी भी झाडू को पैर न लगने दें, इससे भी मां लक्ष्मी की कृपा आपको नहीं मिलेगी। 
 
6. झाडू पर पैर रखना अपशकुन माना जाता है, इसका अर्थ घर की लक्ष्मी को ठोकर मारना है। अगर हम झाडू का आदर करते हैं तो यह महालक्ष्मी की प्रसन्नता का संकेत है। 
 
7. नया घर/भवन बनाने के पश्चात उसमें पुरानी झाडू ले जाना अपशकुन माना जाता है एवं यह अशुभ होता है।
 
8. जब भी नई झाडू उपयोग में लानी हो तो शनिवार से उसका उपयोग शुरू करें। 
 
9. कभी भी घर में उलटी झाडू रखना अपशकुन माना जाता है।
 
10. पौराणिक ग्रंथों में कहा गया है कि अंधेरा होने के बाद घर में झाडू लगाना अशुभ होता है अत: दीपावली के दिन भी अंधेरा होने पूर्व ही घर का कूड़ा-कचरा साफ कर लें। 

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लेखक के बारे में
राजश्री कासलीवाल
श्रीमती राजश्री कासलीवाल पत्रकारिता के क्षेत्र में 26 वर्षों का अनुभव। धर्म, व्रत-त्योहार, ज्योतिष, रेसिपी, साहित्य, लाइफ स्टाइल और अन्य विषयों पर लेखन का कार्य। वर्तमान में विश्‍व के पहले हिंदी पोर्टल वेबदुनिया में सीनियर सब-एडिटर (कंटेंट) के पद पर कार्यरत हैं।  .... और पढ़ें

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