dharma sangrah

छठ पर्व की विशेष पहचान है ये 5 बातें, जो आपको जरूर जानना चाहिए

Updated: शनिवार, 10 नवंबर 2018 (16:38 IST)
कार्तिक मास की शुक्ल पक्ष की षष्ठी तिथि का विशेष महत्व है। छठ पर्व 4 दिनों तक मनाया जाने वाला वह विशेष पर्व है, जो सूर्यदेव की आराधना के लिए बड़ा आस्था और उल्लास के साथ मनाया जाता है। जानिए कितने चरणों में पूरा होता है यह पर्व - 
 
1 दीपावली के बाद भैयादूज के तीसरे दिन से छठ पर्व आरंभ होता है। 
 
2 यह पर्व 4 दिनों तक मनाया जाता है। इसमें पहले दिन सैंधा नमक, घी से बना हुआ अरवा चावल और कद्दू की सब्जी प्रसाद के रूप में ली जाती है। 
 
3 अगले दिन से उपवास आरंभ होता है। इस दिन रात में खीर बनती है। व्रतधारी रात में यह प्रसाद लेते हैं। 
 
तीसरे दिन डूबते सूर्य को अर्घ्य यानी दूध अर्पण करते हैं। 
 
अंतिम यानी चौथे दिन उगते हुए सूर्य को अर्घ्य चढ़ाते हैं। 
 
इस पूजा में पवित्रता का विशेष ध्यान रखा जाता है। इन दिनों लहसुन, प्याज वर्जित है। जिन घरों में यह पूजा होती है, वहां भक्तिगीत गाए जाते हैं।

Show comments

सभी देखें

मंगल का मृगशिरा नक्षत्र में गोचर, 3 राशियों को रहना होगा 12 अगस्त तक सावधान

Rationalism: सत्य की वैज्ञानिक खोज: देकार्त का बुद्धिवाद और आधुनिक दर्शन का जन्म

मिथुन में मार्गी बुध का प्रभाव: भारत समेत दुनिया में होंगे ये बड़े बदलाव

Rakhi 2026: कब है रक्षा बंधन का त्योहार, राखी बांधने का शुभ मुहूर्त?

चातुर्मास में सुख-समृद्धि लाने के लिए इन 4 महीनों में राशि के अनुसार ये खास उपाय

सभी देखें

Aaj ka panchang: आज का शुभ मुहूर्त: 25 अगस्‍त 2026: मंगलवार का पंचांग और शुभ समय

बुध का पूर्वा फाल्गुनी नक्षत्र में गोचर: 4 राशियों के लिए खुलेंगे प्रगति के द्वार

रक्षाबंधन 2026: भाई को राखी बांधते समय ध्यान रखें ये 7 ज़रूरी नियम

श्रावण मास का अंतिम मंगला गौरी व्रत: क्या करें और क्या न करें

गायत्री जयंती 2026: महत्व, शुभ मुहूर्त एवं परंपराएं और श्रावणी उपाकर्म

अगला लेख