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मोदी के 27% मंत्रियों पर गंभीर आपराधिक मामले, 70 मंत्री करोड़पति
टीडीपी सांसद 5 हजार 705 करोड़ की संपत्ति के हैं मालिक, दूसरे स्थान पर सिंधिया
Narendra Modi Cabinet: केन्द्र में नरेन्द्र मोदी सरकार 3.0 का गठन हो चुका है और 72 सदस्यीय मंत्रिमंडल के साथ मोदी ने काम भी शुरू कर दिया है। एक रिपोर्ट के मुताबिक मोदी के 27 फीसदी मंत्रियों के खिलाफ गंभीर आपराधिक मामले हैं। इनमें हत्या का प्रयास और अपहरण जैसे मामले में शामिल हैं। दूसरी ओर, मोदी के 99 प्रतिशत मंत्री करोड़पति हैं। इनमें आंध्रप्रदेश गुंटूर से चुनाव जीते टीडीपी नेता डॉ. चंद्रशेखर पेम्मासानी के पास 5705 करोड़ रुपए की संपत्ति है।
39 फीसदी मंत्रियों पर आपराधिक मामले : नेशनल इलेक्शन वॉच की रिपोर्ट के मुताबिक 71 में से 28 (39%) सांसदों ने घोषणा की है कि उनके खिलाफ आपराधिक मामले दर्ज हैं। इनमें से 19 सांसदों के खिलाफ गंभीर आपराधिक मामले दर्ज हैं। इनमें हत्या का प्रयास, अपहरण, महिलाओं के खिलाफ अपराध जैसे मामले दर्ज हैं। 2 मंत्रियों ने घोषणा की है कि उनके खिलाफ हत्या के प्रयास (आईपीसी की धारा 307) के मामले दर्ज हैं। इनमें पश्चिम बंगाल की बालुरघाट लोकसभा सीट से विधायक सुकांत मजुमदार और बंगाल की ही बानगांव संसदीय सीट से निर्वाचित शांतनु ठाकुर हैं।
8 मंत्रियों पर हेट स्पीच के मामले : रिपोर्ट के मुताबिक 5 मंत्रियों ने घोषणा की कि है कि उन पर महिलाओं के खिलाफ अपराध से संबंधित मामले दर्ज हैं। ये पांचों भाजपा के टिकट पर सांसद चुने गए हैं। इनमें तेलंगाना के करीमनगर से चुने गए बंडी संजय कुमार, शांतनु ठाकुर बंगाल, सुकांत मजुमदार बंगाल, सुरेश गोपी त्रिशूर (केरल) और जुएल ओरांव शामिल हैं। केन्द्र सरकार के 8 मंत्रियों के खिलाफ हेट स्पीच से जुड़े मामले दर्ज हैं। इनमें गृहमंत्री अमित शाह, धर्मेन्द्र प्रधान, गिरिराज सिंह, शोभा करंदलाजे, नित्यानंद राय के नाम भी शामिल हैं।
ये हैं मोदी के अरबपति मंत्री : इस रिपोर्ट के मुताबिक मोदी सरकार के ज्यादातर मंत्री करोड़पति हैं। सबसे ज्यादा संपत्ति टीडीपी के डॉ. चंद्रशेखर पेम्मासानी के पास है। उन्होंने 5705 करोड़ रुपए से ज्यादा की संपत्ति की घोषणा की है। देनदारी के मामले में भी पेम्मासानी सबसे आगे हैं। उन पर 1038 करोड़ से ज्यादा की देनदारियां हैं। करोड़पतियों की सूची में दूसरा नाम मध्य प्रदेश के नेता ज्योतिरादित्य सिंधिया का है। उनके पास 424 करोड़ से ज्यादा की चल-अचल संपत्ति है।
कर्नाटक के पूर्व मुख्यमंत्री और पूर्व प्रधानमंत्री एचडी देवेगौड़ा के बेटे एचडी कुमारस्वामी भी करोड़पतियों की सूची में तीसरे स्थान पर हैं। उनके पास 217 करोड़ से ज्यादा की चल-अचल संपत्ति है। कुमारस्वामी पर 82 करोड़ की देनदारियां भी हैं। इस सूची में ऐसे मंत्रियों के नाम हैं, जिनकी संपत्ति 100 करोड़ से ज्यादा है। इनमें अश्विनी वैष्णव, राव इंद्रजीत सिंह और पीयूष गोयल का नाम भी शामिल हैं। इस रिपोर्ट के मुताबिक 71 मंत्रियों की संपत्ति का औसत 107.94 करोड़ है।
7 मंत्री डॉक्टरेट : जहां तक मोदी सरकार के मंत्रियों की शिक्षा का सवाल है तो सबसे ज्यादा 26 मंत्री पोस्ट ग्रेजुएट हैं। इसके बाद 14 मंत्री ग्रेजुएट हैं। इनमें से 11 मंत्री 12वीं पास हैं, जबकि 10 ग्रेजुएट प्रोफेशनल हैं। 7 मंत्री डॉक्टरेट हैं और 3 डिप्लोमाधारी हैं। जहां तक आयु की बात है तो सबसे ज्यादा 25 मंत्री 61 से 70 साल के हैं। 22 मंत्री 51 से 60 साल के बीच के हैं। 41 से 50 साल के मंत्रियों की संख्या 15 है। 31 से 40 की उम्र के मंत्रियों की संख्या 2 है। इनमें टीडीपी के राममोहन नायडू की उम्र 36 साल है, जकि भाजपा की रक्षा खड़से 37 साल की हैं। 71 से 80 साल के मंत्रियों की संख्या 7 है। इनमें सबसे ज्यादा उम्र जीतनराम मांझी (79) की है।
Edited by: Vrijendra Singh Jhala
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