Cyclone Jawad की आहट, 54000 लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया, 150 ट्रेनें रद्द

Last Updated: शनिवार, 4 दिसंबर 2021 (16:00 IST)
नई दिल्ली। बंगाल की खाड़ी से उठा चक्रवात जवाद आज उत्‍तरी आंध्र प्रदेश और दक्षिणी ओडिशा से टकरा सकता है। इससे पश्चिम बंगाल के भी प्रभावित होने की संभावना है। चक्रवात से जुड़ी हर जानकारी...

10:53AM, 4th Dec
विश्वविद्यालय अनुदान आयोग - राष्ट्रीय पात्रता परीक्षा (यूजीसी-नेट) और भारतीय विदेश व्यापार संस्थान (आईआईएफटी) की रविवार को होने वाली प्रवेश परीक्षा, चक्रवात ‘जवाद’ के कारण ओडिशा, आंध्र प्रदेश और पश्चिम बंगाल के कुछ केंद्रों में स्थगित कर दी गई है।
09:58AM, 4th Dec
-भारी बारिश की वजह से मदुराई में स्कूल-कालेज बंद।
-आंध्रप्रदेश के विशाखापट्टनम, विजिनगरम और श्रीकाकुलम में NDRF की 11, SDRF की 5, कोस्ट गार्ड की 6 और मरीज पुलिस की 10 टीमें तैनात।
-विशाखापट्टनम, विजिनगरम और श्रीकाकुलम के निचले इलाकों से 54,000 लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया।
08:55AM, 4th Dec
-जवाद की वजह से ओडिशा और आंध्रप्रदेश के तटीय इलाकों में भारी बारिश।
-तूफान के मद्देनजर रेलवे ने 150 ट्रेनें रद्द कर दी है।
08:55AM, 4th Dec
-ओडिशा के विशेष राहत आयुक्त पी. के. जेना ने बताया कि चक्रवाती तूफान के बंगाल की खाड़ी से बाहर जाने से पहले ओडिशा के पुरी जिले में किसी स्थान पर पहुंचने की संभावना है।
-IMD द्वारा बताए गए चक्रवात के संभावित मार्ग के मुताबिक यह पुरी तट पर दस्तक दे सकता है और समुद्र में लौट सकता है। इस दौरान 80 से 100 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलने की संभावना है।
-चक्रवात के ओडिशा तट को छूने के बाद रफ्तार में क्रमिक रूप से कमी आ सकती है।
-इस बात की भी संभावना है कि चक्रवात अपना रास्ता बदल ले और ओडिशा में नहीं पहुंचे। यह महज तट रेखा के ऊपर से गुजर सकता है और पुरी इसके घर्षण प्रभाव का सामना कर सकता है।
08:55AM, 4th Dec
-ओडिशा के विशेष राहत आयुक्त पी. के. जेना ने बताया कि चक्रवाती तूफान के बंगाल की खाड़ी से बाहर जाने से पहले ओडिशा के पुरी जिले में किसी स्थान पर पहुंचने की संभावना है।
-IMD द्वारा बताए गए चक्रवात के संभावित मार्ग के मुताबिक यह पुरी तट पर दस्तक दे सकता है और समुद्र में लौट सकता है। इस दौरान 80 से 100 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलने की संभावना है।
-चक्रवात के ओडिशा तट को छूने के बाद रफ्तार में क्रमिक रूप से कमी आ सकती है।
-इस बात की भी संभावना है कि चक्रवात अपना रास्ता बदल ले और ओडिशा में नहीं पहुंचे। यह महज तट रेखा के ऊपर से गुजर सकता है और पुरी इसके घर्षण प्रभाव का सामना कर सकता है।
08:53AM, 4th Dec
-ODRAF, NDRF और राज्य फायर सर्विस की 247 टीमें तैनात कीगई हैं। हमने अपने पास लगभग 20 टीमें रिज़र्व रखी हैं। ज़्यादातर ज़िलों में लोग घरों से बाहर आने के लिए तैयार नहीं हैं, संभावना है कि इवैक्यूएशन कल से शुरू होगा
-एनडीआरएफ महानिदेशक अतुल करवाल ने कहा कि जोखिम वाले इलाकों में 46 टीम तैनात कर दी गई है या उन्हें वहां तैयार रखा गया है, जबकि 18 टीम को रिजर्व रखा गया है।
-46 टीम में 19 पश्चिम बंगाल में, ओडिशा में 17, आंध्र प्रदेश में 19 के अलावा तमिलनाडु में सात और अंडमान निकोबार में दो टीम रखी गई है। स्थानीय अधिकारियों के साथ परामर्श पर उन्हें तैनात किया जाएगा।
-एनडीआरएफ की एक टीम में 30 कर्मी होते हैं जो ‘पोल कटर’, इलेक्ट्रिक आरी, नौका और कुछ अन्य राहत एवं बचाव उपकरण से लैस होते हैं।
08:52AM, 4th Dec
-प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने स्थिति से निपटने की तैयारियों की गुरुवार को समीक्षा की थी। उन्होंने अधिकारियों को लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने के लिए हरसंभव उपाय करने का निर्देश दिया था।
-आईएमडी के महानिदेशक मृत्युंजय महापात्र ने बताया कि चक्रवात के शनिवार को सुबह उत्तरी आंध्र प्रदेश और ओडिशा तट के पास पश्चिमी-मध्य बंगाल की खाड़ी पहुंचने की संभावना है। इसके बाद यह ओडिशा और निकटवर्ती आंध्र प्रदेश के तट के पास उत्तर-पूर्वोत्तर की ओर बढ़ेगा और पांच दिसंबर को दोपहर तक पुरी के आसपास के तट पर पहुंचेगा।
-मछुआरों को समुद्र में ना जाने की सलाह दी गई है।
08:51AM, 4th Dec
-30 नवंबर को अंडमान सागर के ऊपर हवा का कम दबाव का एक क्षेत्र बना था। यह दो दिसंबर को अवदाब में और शुक्रवार सुबह एक गहरे अवदाब में बदल गया। यह शुक्रवार को दोपहर तक चक्रवात में तब्दील हो गया।



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