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मोटिवेशनल : बुरी बातों को कैसे भूलें, 5 सरल टिप्स

Updated: बुधवार, 1 सितम्बर 2021 (14:51 IST)
जीवन में अच्छी और बुरी घटनाएं घटती रहती हैं परंतु कई बार अतीत की बुरी बातों से व्यक्ति इतना परेशान हो जाता है कि डिप्रेशन में चला जाता है और भविष्य उसका बिगड़ जाता है। ऐसे में बुरी बातों से छुटकारा पाने या उन्हें भूलने के आसान 5 टिप्स।


जीवन है खूबसूरत इसे बुरी बातों में व्यर्थ जाया न करें, खुद से प्यार करें और आगे बढ़ें.
 
 
1. मेमोरी को समझें : दो तरह की मेमोरी होती है- इनर और आउटर। इनर मेमोरी में वह डाटा सेव हो जाता है, जिसका आपके मस्तिष्क पर गहरा प्रभाव पड़ा है। रात को सोते समय इनर मेमोरी सक्रिय रहती है और सुबह-सुबह उठते वक्त भी इनर मेमोरी जागी हुई होती है। अपनी इनर मेमोरी अर्थात चित्त से व्यर्थ और नकारात्मक डाटा को हटाने के लिए सबसे पहले तो रात को सोते समय अच्छी बातों को याद करना चाहिए और भविष्य के सपनों को संजोना चाहिए। इससे धीरे-धीरे बुरी बातों से छुटकारा मिलेगा।
 
2. मोटिवेशनल किताबें पढ़ें : किसी व्यक्ति के जीवन में बुरे घटनाक्रम बार-बार सामने आ जाते हैं तो इसका सीधा सा कारण है वह अपने अतीत के बारे में हद से ज्यादा विचार कर रहा है। बहुत से लोग डरे रहते हैं इस बात से कि कहीं मुझे भी वह रोग न हो जाए या कहीं मेरे साथ भी ऐसा न हो जाए....आदि। इस भय को बाहर निकालने के लिए आप सबसे पहले मोटिवेशनल किताबें पढ़ना प्रारंभ करें और खुद को स्ट्रांग बनाएं।
 
3. माइंड डाइवर्ट करें : जब भी आपके दिमाग में बुरी यादें या बातें आएं तो तुरंत ही उसी वक्त आप अच्‍छी यादों और बातों को भी सोचें। ऐसा बार-बार करते रहेंगे तो बुरी बातों से छुटकारा मिल जाएगा। आप ऐसा भी कर सकते हैं कि ऐसे समय कोई मंत्र जपने लगें या कोई अपनी पसंद का गाना सुनने लगें। आपको उस वक्त अपनी सोच को दूसरी ओर मोड़ने चाहिए। शुरुआत में यह कठिन लगेगा लेकिन धीरे धीरे यह सरल हो जाएगा।
 
4. योग या मेडिटेशन करें : कई बार में बुरी बातों से छुटकारा पाने के लिए अध्यात्म का सहारा भी लेना पड़ता है। आपका अतीत कैसा भी क्यों न हो, पछतावा करने या अपराधी महसूस कर समय बर्बाद करने की आवश्यकता नहीं है। उसे स्वीकार करो और आगे बढ़ों क्योंकि जो भी हुआ वह सभी ईश्‍वर की इच्‍छा से ही हुआ। अब वर्तमान को सुधारने की जरूरत है। इसके लिए आप जिस भी देवी या देवता को मानते हो उसकी निरंतर सुबह और शाम को भक्ति करें, प्रार्थना करें, ध्यान करें, योग करें या पूजा-पाठ करें। इससे आपमें आत्मबल जागृत होगा और बुरी बातों से छुटकारा मिलेगा। 
 
5. बहिष्कार करें : आपकी यादें या बुरी बातें जिन दोस्तों से जुड़ी हैं उनसे धीरे-धीरे दूरी बनाते जाएं और अच्छी संगत को अपनाएं। दूसरा यह कि उन बुरी यादों से जुड़ी चजों को भी अपने से दूर कर दें। इसके साथ ही हो सके तो वह स्थान ही छोड़ दें जहां से जुड़ी हैं बुरी बातें या यादें। आप एक नया आशियाना बनाएं और खुद के जीवन को नए सिरे से संवारें। 
 
नोट : ये सोचें कि आपने उस घटना से किया सीखा, खुद को व्यस्त रखें, वर्तमान में जीना सीखें, नशीले पदार्थों से दूर रहें, खुद की सेहत का ध्यान दें, घूमने जाएं, संगीत सुनें और नई तथा अच्छी मेमोरी की बिल्डिंग बनाएं।
 
लेखक के बारे में
अनिरुद्ध जोशी
पत्रकारिता के क्षेत्र में 26 वर्षों से साहित्य, धर्म, योग, ज्योतिष, करंट अफेयर्स और अन्य विषयों पर लिख रहे हैं। वर्तमान में विश्‍व के पहले हिंदी पोर्टल वेबदुनिया में सह-संपादक के पद पर कार्यरत हैं। दर्शनशास्त्र एवं ज्योतिष: मास्टर डिग्री (Gold Medalist), पत्रकारिता: डिप्लोमा। योग, धर्म और ज्योतिष में विशेषज्ञता।.... और पढ़ें

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