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पुजारा के आए अच्छे दिन, बने First Class क्रिकेट में सर्वाधिक दोहरा शतक जड़ने वाले एशियाई बल्लेबाज
लंदन:शतक के लिए तरस रहे भारतीय बल्लेबाज चेतेश्वर पुजारा ने काउंटी क्रिकेट में दोहरा शतक (201) लगाकर अपना शतक का सूखा ख़त्म किया है।
टॉम हेंस और चेतेश्वर पुजारा की जोड़ी फ़ॉलोऑन में दोहरा शतक लगाने वाली प्रथम श्रेणी क्रिकेट की पहली जोड़ी बन गई है। यह जोड़ी ससेक्स के लिए टेड बाउली और मॉरिस टेट के बाद एक ही पारी में दोहरा शतक लगाने वाली दूसरी जोड़ी है। टेड और मॉरिस ने 1921 में नॉर्थेम्प्टनशायर के ख़िलाफ़ क्रमशः 228 और 203 रनों की पारी खेली थी।
काउंटी चैंपियनशिप में पुजारा दोहरा शतक लगाने वाले केवल दूसरे भारतीय हैं। उनसे पहले मोहम्मद अज़हरुद्दीन कुल दो बार यह कारनामा कर चुके हैं। अज़हरुद्दीन ने 1991 में लेस्टरशायर के ख़िलाफ़ 212, और 1994 में डरहम के ख़िलाफ़ 205 रनों के पारी खेली थी। यह दोनों ही पारियां उन्होंने डर्बीशायर के लिए खेली थी। हालांकि एक और भारतीय इफ़्तिख़ार पटौदी काउंटी क्रिकेट में चार दफ़ा दोहरा शतक जमा चुके हैं। लेकिन उन्होंने यह पारियां तब खेली थीं, जब वह इंग्लैंड के लिए क्रिकेट खेला करते थे।
ससेक्स के लिए नाबाद 201 रनों की पारी खेलने से पहले पुजारा ने 52 प्रथम श्रेणी पारियों से कोई शतक नहीं जड़ा था। आख़िरी मर्तबा उन्होंने जनवरी 2020 में कर्नाटका के ख़िलाफ़ खेलते हुए 248 रनों की पारी खेली थी। इन दो पारियों के बीच में पुजारा ने कुल 30.36 की औसत और 14 अर्धशतक के बलबूते 1518 रन बनाए थे।
कुमार संगाकारा का तोड़ा रिकॉर्ड
प्रथम श्रेणी क्रिकेट में पुजारा के खाते में अब कुल 14 दोहरे शतक हो गए हैं। अब वह प्रथम श्रेणी क्रिकेट में सबसे अधिक दोहरा शतक लगाने वाले एशियाई खिलाड़ी भी बन गए हैं। पुजारा से पहले यह रिकॉर्ड कुमार संगकारा के नाम था, जिन्होंने इस फ़ॉर्मेट में कुल 13 दोहरे शतक लगाए थे। आंकड़ों के स्तर पर अब सिर्फ़ आठ बल्लेबाज़ ही इस मामले में पुजारा से आगे हैं।
हालांकि इन आठ बल्लेबाज़ों में से एक भी बल्लेबाज़ मौजूद वक़्त में क्रिकेट नहीं खेल रहा है। विश्व क्रिकेट में किसी भी मौजूदा खिलाड़ी ने प्रथम श्रेणी क्रिकेट में दस दोहरे शतक भी नहीं लगाए हैं। लिहाज़ा वर्तमान में क्रिकेट खेल रहे बल्लेबाज़ों में प्रथम श्रेणी में पुजारा सबसे ज़्यादा दोहरे शतक जड़ने वाले बल्लेबाज़ हैं।
21 वीं सदी के आगाज़ के बाद से पुजारा प्रथम श्रेणी क्रिकेट में सबसे ज़्यादा दोहरा शतक लगाने वाले बल्लेबाज़ बन गए हैं। उनसे पहले यह रिकॉर्ड 13 दोहरा शतक लगाने वाले कुमार संगकारा के नाम था, जो कि उन्होंने 2002 से 2017 के बीच बनाए थे।
पुजारा ससेक्स के लिए डेब्यू मैच में सबसे ज़्यादा स्कोर करने वाले भी बल्लेबाज़ बन गए हैं। उनसे पहले यह रिकॉर्ड जो गैटिंग के नाम था। उन्होंने ससेक्स के लिए अपने डेब्यू मैच में 152 रन बनाए थे।
डर्बीशायर के लिए खेलते हुए शान मसूद ने पहली पारी में 239 रन बनाए। यह काउंटी क्रिकेट की एक पारी में किसी भी पाकिस्तानी क्रिकेटर द्वारा बनाया गया सबसे बड़ा स्कोर है। इससे पहले यह रिकॉर्ड ज़हीर अब्बास के नाम था। उन्होंने 1976 में ग्लॉस्टरशायर के लिए खेलते हुए केंट के ख़िलाफ़ 230 रनों की नाबाद पारी खेली थी।
डर्बीशायर और ससेक्स के बीच खेले गए मुक़ाबले में शान मसूद, चेतेश्वर पुजारा और टॉम हेंस के बल्ले से कुल तीन दोहरे शतक निकले। काउंटी क्रिकेट में ऐसा कुल सिर्फ़ तीन बार हुआ है। नॉर्थैम्प्टन का काउंटी ग्राउंड पिछले ऐसे उदाहरण के लिए मेज़बान था, जब घरेलू टीम नॉर्थेम्प्टनशायर ने 1952 में एसेक्स और 1998 में ग्लैमॉर्गन का सामना किया था।इससे पहले पुजाारा को बुरे फॉर्म के चलते अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से बाहर का रास्ता दिखाया गया था।
टॉम हेंस और चेतेश्वर पुजारा की जोड़ी फ़ॉलोऑन में दोहरा शतक लगाने वाली प्रथम श्रेणी क्रिकेट की पहली जोड़ी बन गई है। यह जोड़ी ससेक्स के लिए टेड बाउली और मॉरिस टेट के बाद एक ही पारी में दोहरा शतक लगाने वाली दूसरी जोड़ी है। टेड और मॉरिस ने 1921 में नॉर्थेम्प्टनशायर के ख़िलाफ़ क्रमशः 228 और 203 रनों की पारी खेली थी।
काउंटी चैंपियनशिप में पुजारा दोहरा शतक लगाने वाले केवल दूसरे भारतीय हैं। उनसे पहले मोहम्मद अज़हरुद्दीन कुल दो बार यह कारनामा कर चुके हैं। अज़हरुद्दीन ने 1991 में लेस्टरशायर के ख़िलाफ़ 212, और 1994 में डरहम के ख़िलाफ़ 205 रनों के पारी खेली थी। यह दोनों ही पारियां उन्होंने डर्बीशायर के लिए खेली थी। हालांकि एक और भारतीय इफ़्तिख़ार पटौदी काउंटी क्रिकेट में चार दफ़ा दोहरा शतक जमा चुके हैं। लेकिन उन्होंने यह पारियां तब खेली थीं, जब वह इंग्लैंड के लिए क्रिकेट खेला करते थे।
कुमार संगाकारा का तोड़ा रिकॉर्ड
प्रथम श्रेणी क्रिकेट में पुजारा के खाते में अब कुल 14 दोहरे शतक हो गए हैं। अब वह प्रथम श्रेणी क्रिकेट में सबसे अधिक दोहरा शतक लगाने वाले एशियाई खिलाड़ी भी बन गए हैं। पुजारा से पहले यह रिकॉर्ड कुमार संगकारा के नाम था, जिन्होंने इस फ़ॉर्मेट में कुल 13 दोहरे शतक लगाए थे। आंकड़ों के स्तर पर अब सिर्फ़ आठ बल्लेबाज़ ही इस मामले में पुजारा से आगे हैं।
हालांकि इन आठ बल्लेबाज़ों में से एक भी बल्लेबाज़ मौजूद वक़्त में क्रिकेट नहीं खेल रहा है। विश्व क्रिकेट में किसी भी मौजूदा खिलाड़ी ने प्रथम श्रेणी क्रिकेट में दस दोहरे शतक भी नहीं लगाए हैं। लिहाज़ा वर्तमान में क्रिकेट खेल रहे बल्लेबाज़ों में प्रथम श्रेणी में पुजारा सबसे ज़्यादा दोहरे शतक जड़ने वाले बल्लेबाज़ हैं।
21 वीं सदी के आगाज़ के बाद से पुजारा प्रथम श्रेणी क्रिकेट में सबसे ज़्यादा दोहरा शतक लगाने वाले बल्लेबाज़ बन गए हैं। उनसे पहले यह रिकॉर्ड 13 दोहरा शतक लगाने वाले कुमार संगकारा के नाम था, जो कि उन्होंने 2002 से 2017 के बीच बनाए थे।
पुजारा ससेक्स के लिए डेब्यू मैच में सबसे ज़्यादा स्कोर करने वाले भी बल्लेबाज़ बन गए हैं। उनसे पहले यह रिकॉर्ड जो गैटिंग के नाम था। उन्होंने ससेक्स के लिए अपने डेब्यू मैच में 152 रन बनाए थे।
डर्बीशायर के लिए खेलते हुए शान मसूद ने पहली पारी में 239 रन बनाए। यह काउंटी क्रिकेट की एक पारी में किसी भी पाकिस्तानी क्रिकेटर द्वारा बनाया गया सबसे बड़ा स्कोर है। इससे पहले यह रिकॉर्ड ज़हीर अब्बास के नाम था। उन्होंने 1976 में ग्लॉस्टरशायर के लिए खेलते हुए केंट के ख़िलाफ़ 230 रनों की नाबाद पारी खेली थी।
डर्बीशायर और ससेक्स के बीच खेले गए मुक़ाबले में शान मसूद, चेतेश्वर पुजारा और टॉम हेंस के बल्ले से कुल तीन दोहरे शतक निकले। काउंटी क्रिकेट में ऐसा कुल सिर्फ़ तीन बार हुआ है। नॉर्थैम्प्टन का काउंटी ग्राउंड पिछले ऐसे उदाहरण के लिए मेज़बान था, जब घरेलू टीम नॉर्थेम्प्टनशायर ने 1952 में एसेक्स और 1998 में ग्लैमॉर्गन का सामना किया था।इससे पहले पुजाारा को बुरे फॉर्म के चलते अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से बाहर का रास्ता दिखाया गया था।
