दुनिया में जब इतनी चीजें हैं
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राजेंद्र उपाध्याय दुनिया में जब इतनी चीज़ें हैं खाने कोतुम एक रोटी के ही पीछे क्यों पड़े हो?हमने दुनिया का अमृत तुम्हारे सामने धर दिया हैऔर तुम्हें माँ के हाथ की चूल्हे की रोटीयाद आ रही है।दुनिया में जब इतनी चीजें हैं पीने कोतुम एक पानी के ही पीछे क्यों पड़े हो?पानी भी कोई पीने की चीज़ हैवह तो नहाने धोने के लिए है।पानी पीओगे तो मर जाओगेतुम इतने दिन पानी पीते रहेऔर अब तक मरे नहीं।साभार : वागर्थ