suvichar

Gudi Padwa 2022 : गुड़ी पड़वा की 10 ऐसी बातें, जिन्हें आप नहीं जानते...

Updated: शुक्रवार, 25 मार्च 2022 (12:41 IST)
गुड़ी पड़वा हिंदी महीने चैत्र के पहले दिन मनाया जाता है। महाराष्ट्र में इसे नये साल की शुरूआत मानी जाती है। इसी दिन कर्नाटक, महाराष्ट्र, आंध्र प्रदेश आदि में उगादी मनाया जाता है। लोग इस दिन को काफी शुभ मानते हैं, क्योंकि ऐसी मान्यता है कि भगवान ब्रह्मा ने इसी दिन सृष्टि का निर्माण किया था और सतयुग की शुरुआत हुई थी। इस दिन मीठे पकवान बनाकर पूजा की जाती है। इन सभी बातों के अलावा भी गुड़ी पड़वा से जुड़ी कई जानकारियां हैं, आइए बताते हैं।
 
1. गुड़ी पड़वा को मराठी लोग नए साल की शुरुआत मानते हैं। इस दिन लोग नई फसल की पूजा करते हैं।
 
2. गुड़ी पड़वा के दिन लोग अपने घरों की विशेष साफ-सफाई करने के बाद घरों में रंगोली बनाते हैं। आम के पत्तों से बंदनवार बनाकर सभी घरों के आगे लगाते हैं। महिलाएं घरों के बाहर सुंदर और आकर्षक गुड़ी लगाती हैं।
 
3. गुड़ी पड़वा के मौके पर खासतौर पर पूरन पोली नामक पकवान बनता है। यानि मीठी रोटी, इसे गुड और नीम, नमक, इमली के साथ बनाया जाता है।
 
4. ऐसा माना जाता है कि गुड़ी को घर में लाने से बुरी आत्मा दूर रहती हैं और घर में सुख-समृद्धि आती है।
 
5. पौराणिक कथाओं के अनुसार इसी दिन रावण को हराने के बाद भगवान राम अयोध्या लौटे थे।
 
6. विक्रम संवत हिंदू पंचांग के अनुसार इसी दिन भगवान ब्रह्मा ने सृष्टि का निर्माण किया था।
 
7. वीर मराठा छत्रपति शिवाजी जी ने युद्ध जीतने के बाद पहली बार गुड़ी पड़वा को मनाया था। इसी के बाद हर साल मराठी लोग इस परंपरा का अनुसरण करते हैं।
 
8. अधिकतर लोग इस दिन कड़वे नीम की पत्तियों को खाकर दिन की शुरूआत करते हैं। कहा जाता है कि गुड़ी पड़वा पर ऐसा करने से खून साफ होता है और शरीर मजबूत बनता है।
 
9. इस दिन को विभिन्न राज्यों में उगादी, युगादी, छेती चांद आदि अलग-अलग नामों से मनाया जाता है। इस दिन को मणिपुर में भी मनाया जाता है।
 
10. इस दिन सोना, वाहन या मकान की खरीद या किसी काम की शुरुआत करना शुभ माना जाता है।
 

Show comments

सभी देखें

मंगल का मृगशिरा नक्षत्र में गोचर, 3 राशियों को रहना होगा 12 अगस्त तक सावधान

Rationalism: सत्य की वैज्ञानिक खोज: देकार्त का बुद्धिवाद और आधुनिक दर्शन का जन्म

मिथुन में मार्गी बुध का प्रभाव: भारत समेत दुनिया में होंगे ये बड़े बदलाव

Rakhi 2026: कब है रक्षा बंधन का त्योहार, राखी बांधने का शुभ मुहूर्त?

चातुर्मास में सुख-समृद्धि लाने के लिए इन 4 महीनों में राशि के अनुसार ये खास उपाय

सभी देखें

Aaj ka panchang: आज का शुभ मुहूर्त: 03 सितंबर 2026: गुरुवार का पंचांग और शुभ समय

सितंबर में कब मनेगी बाबू दोज? इस दिन किसकी होती है पूजा? जानिए पर्व से जुड़ी मुख्‍य बातें...

गोगा नवमी 2026: गोगा जी महाराज पूजन विधि, कथा और आरती

Shri Krishna Janmashtami 2026: 4 या 5 सितंबर, कब है जन्माष्टमी?

मंगल का पुनर्वसु नक्षत्र में गोचर: जानिए 12 राशियों पर इसका प्रभाव

अगला लेख