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Elon Musk : 21वीं सदी के सबसे बड़े क्रांतिकारी कहे जाने वाले एलन मस्क की कहानी

Updated: मंगलवार, 26 अप्रैल 2022 (19:58 IST)
- प्रथमेश व्यास 
 
वर्ष 2020, जब पूरी दुनिया कोरोना महामारी के शिकंजे में फंसी हुई थी। व्यापार-व्यवसाय, निगम-निकाय सब ठप पड़े हुए थे। उस दौर में भी एक व्यक्ति ऐसा था जिसकी संपत्ति में 7 गुना इज़ाफ़ा हुआ और वो बन गया विश्व का सबसे अमीर इंसान। जिसे कुछ लोग 21वी सदी का सबसे बड़ा क्रांतकारी व्यक्ति मानते हैं, तो कुछ रियल लाइफ 'टोनी स्टार्क' कहते हैं।

बात की जा रही है टेस्ला, स्पेस-एक्स और द बोरिंग कंपनी के सीईओ, न्यूरालिंक, ओपन-एआई और ज़िप-2 के सह-संस्थापक और अभी-अभी दुनिया की सबसे बड़ी सोशल नेटवर्किंग साइट 'ट्विटर' के मालिक बने एलन मस्क की, जिनकी कुल संपत्ति 27 हज़ार करोड़ के करीब है। तो आइए, विस्तार से जानते हैं एलन मस्क के जीवन के बारे में।     
 
एलन मस्क का जन्म 28 जून 1971 को प्रेटोरिया, साउथ अफ्रीका में हुआ था। कहा जाता है कि एलन को बचपन से ही कंप्यूटर और टेक्नोलॉजी में रूचि थी। उनके माता-पिता ने उन्हें 10 वर्ष की आयु में पहला कंप्यूटर खरीद कर दिया, जिसपर कोडिंग सीखकर 12 वर्ष की आयु में उन्होंने पहला कंप्यूटर गेम बनाया जिसे उन्होंने 500 डॉलर्स में बेचा। उन्होंने यूनिवर्सिटी ऑफ़ पेंसिल्वेनिया से इकोनॉमिक्स और फिजिक्स में बैचलर डिग्री ली।

एलन को बचपन से ही स्कूल-कॉलेज की पढाई में कुछ ख़ास रूचि नहीं थी। इसलिए उन्होंने अपने जीवन को बिज़नेस की ओर मोड़ लिया और 1995 से 2000 के भीतर वे ज़िप 2, पे-पल, एक्स डॉट कॉम जैसे बड़े स्टार्टअप्स के सह-संस्थापक बने। कहा जाए तो इस समय तक भी एलन कऱोडों में धन अर्जित कर चुके थे, लेकिन ये महज़ उनके जीवन की शुरुआत थी।  
एलन कहते हैं की जीवन में उन्हें तीन चीज़ों ने बहुत प्रभावित किया -इंटरनेट, अक्षय ऊर्जा/renewable energy और टाइम ट्रेवल। इसलिए, 2002 में उन्होंने स्पेस एक्स की स्थापना की, स्पेस एक्स एक एयरोस्पेस निर्माता और अंतरिक्ष परिवहन सेवा कंपनी है, जिसका मकसद है लोगों को मंगल ग्रह तक पंहुचाना और एक कॉलोनी का निर्माण करना।

2020 में स्पेस एक्स किसी इंसान को स्पेस में पंहुचाने वाली पहली प्राइवेट कंपनी बनी। 2004 में वे चेयरमैन तथा प्रोडक्ट आर्किटेक्ट के रूप में टेस्ला मोटर्स से जुड़े और 2008 में इसी कंपनी के सीईओ बने। 2006 में उन्होंने सोलर सिटी बनाने में मदद की, जो कि एक सौर ऊर्जा सेवा कंपनी है,जिसे बाद में टेस्ला द्वारा अधिग्रहित कर लिया गया और 'टेस्ला एनर्जी' नाम दे दिया गया। 2015 में मस्क ने ओपन एआई की स्थापना की,ये एक गैर-लाभकारी अनुसंधान कंपनी है, जो लोगों के लिए अनुकूल आर्टिफिशल इंटेलिजेंस को बढ़ावा देती है।

2016 में, उन्होंने न्यूरालिंक की सह-स्थापना की, जो की एक न्यूरोटेक्नोलॉजी कंपनी है, जो मस्तिष्क-कंप्यूटर इंटरफेस विकसित करने पर केंद्रित है। इसी वर्ष उन्होंने एक सुरंग निर्माण कंपनी 'द बोरिंग कंपनी' की भी स्थापना की। हाल ही में उन्होंने 44 बिलियन डॉलर्स में ट्विटर नामक सोशल नेटवर्किंग साइट को खरीदा है।

एलन मस्क के अभी तक के जीवन को चंद शब्दों में समेट पाना आसान कार्य नहीं है। क्योंकि अपनी 50 वर्ष की आयु में उन्होंने लगभग हर क्षेत्र में इन्वेस्ट किया है। हर क्षेत्र से में उन्होंने वैज्ञानिक अनुसंधान पर ज़ोर दिया और ऐसे आविष्कार किए जिन्होंने मानवजाति को आने वाले कल की तस्वीर दिखा दी।

चाहे बात ऑटोमेटिक इलेक्ट्रिक कार टेस्ला और स्पेस एक्स के फाल्कन राकेट की हो या सोलर सिटी और इलेक्ट्रिकल जेट की, एलन मस्क ने साबित कर दिया है कि भविष्य में वैज्ञानिक आविष्कारों के लिए ढेरों संभावनाएं है। मस्क 'हाइपरलूप' पर भी काम कर रहे हैंजो यात्री और कार्गो के लिए एक हाई-स्पीड अंडरग्राउंड ट्रांसपोर्टेशन सिस्टम होगा। ऐसे और कई आविष्कारों के विषय में वे काम कर रहे हैं।

कुछ महीनों पहले एलन ने अपने एक ट्वीट में लिखा था-'आई लव ट्विटर' । जिसपर किसी यूजर से रिप्लाई करते हुए कहा-'फिर आपको उसे खरीद लेना चाहिए। फिर एलन ने रिप्लाई किया-'ट्विटर की कीमत क्या है? 'ये पढ़कर सोशल मीडिया पर खूब हंसी-ठिठोली हुई। लेकिन, कौन जानता था कि ऐसी बात कहने वाला व्यक्ति 4 महीनों के भीतर विश्व के सबसे बड़े सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म को खरीद लेगा।

एलन का कहना है की उन्हें शुरू से ही पैसों से लगाव नहीं रहा। उनके हिसाब से ये केवल एक वित्तीय उपकरण है। अपने द्वारा किए गए ट्वीट में उन्होंने कहा था की वे टेस्ला से एक पैसा सैलरी भी नहीं लेते हैं। उनके कुल संपत्ति का 99% स्पेस एक्स या टेस्ला के शेयर्स में लगा होता है।

जब उन्हें ये खबर मिली थी कि वे दुनिया के सबसे अमीर व्यक्ति बन चुके हैं तो उन्होंने ट्वीट किया था की - ' कितना अजीब है ये' फिर कुछ ही देर बाद उन्होंने ट्वीट किया कि-'चलिए वापस अपने काम में लगा जाए'। मस्क की अवैज्ञानिक और विवादास्पद बयान देने के लिए कई बार आलोचना भी की गई है। लेकिन उनके हिसाब से वो सारे बयान उनके द्वारा चीज़ों को एक नए दृष्टिकोण से देखने का नतीजा है। 
 
एलन 2020 में बहुत चर्चा में आए थे, जब उन्होंने विज्ञान से अपने असीम लगाव के चलते अपने बच्चे का नाम X Æ A-Xii रखा था। मस्क हमेशा युवाओं को अपने कामों और भाषणों से प्रेरित करते आए हैं।

उनका कहना है कि अगर आपमें हुनर, जज़्बा और कौशल है , तो आपको कॉलेज डिग्री की आवश्यकता नहीं है और युवाओं की अपार क्षमताओं का उपयोग अगर किया जाए तो विज्ञान और प्रौद्योगिकी की दिशा में रोज़ बड़े-बड़े आविष्कार देखने को मिलेंगे। एलन मस्क के जीवन से सबसे बड़ी सीख ये मिलती है कि अगर हौसले बड़े हो, तो कोई भी मुक़ाम हासिल किया जा सकता है।  

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