सुंदर फोटोग्राफी के कलात्मक नमूने

ब्लॉगचर्चा में फोटोग्राफी के ब्लॉग की चर्चा

उपेन्द्र उपाध्याय के ब्लॉग से
रवींद्र व्यास|
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एक उड़ता हुआ सफेद पंछी, नीला खुला आसमान और उसमें अद्भुत आकारों के तैरते बादल, मेंढकों का पूरा परिवार पानी में तैरता हुआ। या फिर बाती की कोई स्थिर और पीली लौ, अगरबत्ती का धीरे धीरे बढ़ता धुआँ, अपनी लय में और अपना ही एक अनोखा आकार लेता हुआ।

खूबसूरत फूलों के मनमोहक रंग और उनकी पंखुरियों का मनभावन खास पैटर्न। प्रकृति में किसी कोने में धड़कता हरितिमा का कोना, उसमें बिखरे तमाम रंग, और वे चट्टानें जो धूप में और भी खूबसूरत दिखाई देती हैं। या फिर किसी जानवर के पंजों के निशान। ये तमाम नजारे यदि किसी कला में अपना जलवा बिखेर सकते हैं तो वह है फोटोग्राफी।

19 अगस्त को विश्व फोटोग्राफी दिवस था लिहाजा चर्चा में इस बार फोटोग्राफी की ही बातें होंगी। इसके लिए चुना गया है एक नया ब्लॉग उपेंद्र की धारा। उपेंद्र उपाध्याय फोटोग्राफर हैं और उन्हें अपनी कलात्मक फोटोग्राफी के लिए कुछ राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय पुरस्कार भी मिल चुके हैं। ऊपर प्रकृति की छटाओं का जिक्र किया गया है वे उपेंद्र की फोटोग्राफी के ही नमूने हैं।
इस ब्लॉग पर फोटोग्राफर ने टेक-ऑफ शीर्षक से एक पंछी का खूबसूरत फोटो लगाया गया है। इसकी खूबसूरती इसके मोमेंट में हैं। जमीन छोड़ने के ठीक बाद और हवा में उछलने से ठीक पहले के बीच के एक मोमेंट को पकड़ा गया है। यह अपनी गति में मनमोहता है।

उपेन्द्र उपाध्याय के ब्लॉग से
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इसी तरह वर्ल्ड फोटोग्राफिक डे पर उन्होंने अपने चार फोटो लगाए हैं चार शीर्षकों के साथ। पहला है फुट प्रिंट्स। दूसरा है गगन, तीसरा है फ्रॉग फेमिली और चौथा है ग्रेट इग्रेट। ये चारों फोटो से फोटोग्राफर के कलागुणों को समझा जा सकता है। एक में वे किसी जानवर के फुट प्रिंट पर आपका ध्यान दिलाते हैं तो फ्रॉग फेमिली में एक के पीछे एक तीन मेंढकों की पारिवारिकता को खूबी से पकड़ते हैं।
गगन के जरिये वे नीले खुले आसमान में सफेद तैरते बादलों के जरिये सुंदर बिम्ब के दर्शन कराते हैं। इसके अलावा जल शीर्षक के तहत वे नीले अंधेरे में चाँदी की तरह चमकती नदी के सौंदर्य को मिड शॉट के जरिये अभिव्यक्त करते हैं। क्षितिज शीर्षक फोटो के तहत वे चट्टनों के टेक्स्चर, पैटर्न और रंग के साथ ही आसमान के नीचे धड़कती इन चट्टानों से क्षितिज को रचते हैं।
इसके अलावा उन्होंने अपनी एक पोस्ट में फोटो का एक बड़ा कोलाज प्रस्तुत किया है जिसमें उनकी कलात्मकता को निहारा जा सकता है। इसमें स्थिर और पीली लौ है तो किसी अगरबत्ती ने निकलता नीला धुआँ हैं जो धीरे धीरे बढ़ता हुआ अपने आकार में लुभाता है।

उपेन्द्र उपाध्याय के ब्लॉग से
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रंगीन फूलों की तस्वीरें हैं जिनमें कहीं कहीं प्रयोगधर्मिता भी देखी जा सकती है। यही नहीं कुछ अच्छी कम्पोजिशंस भी हैं और विशाल लैंडस्केप भी। बर्ड्स और एनिमल्स के भी कुछ अच्छे फोटो हैं। इन फोटो के जरिये उपेंद्र उपाध्याय की उस आंतरिक यात्रा के दर्शन किए जा सकते हैं जो वे अपने विजुअल्स के साथ कर रहे हैं।
ये रहा इस ब्लॉग का पता-
//upendraupadhyay.blogspot.com



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