dharma sangrah

Omicron से जंग में दक्षिण अफ्रीका को मिला दुनिया का साथ, ये देश बने मददगार

Updated: मंगलवार, 30 नवंबर 2021 (08:43 IST)
जोहानिसबर्ग। कोरोना के नए खतरनाक वैरिएंट Omicron से जंग में दक्षिण अफ्रीका को मिला दुनिया का साथ मिलने लगा है। अमेरिका, भारत समेत कई देश अब उसकी मदद के लिए आगे आ रहे हैं। इस बीच ओमीक्रोन वायरस ने दुनिया के 14 देशों में दस्तक दे दी है।
 
अमेरिकी राष्ट्रपति कार्यालय व्हाइट हाउस की प्रेस सचिव जेन पॉस्की ने कहा, अमेरिका ने दक्षिण अफ्रीका को अब तक करीब 80 लाख वैक्सीन डोज भेजी है वहीं 9.30 करोड़ डोज अफ्रीकी महाद्वीप के लिए भेजी गई है। हमने दक्षिण अफ्रीका को अतिरिक्त खुराक भेजने को तैयार हैं।
 
चीन के राष्ट्रपति शी चिनफिंग ने अफ्रीका में कोविड-19 रोधी टीके की एक अरब खुराके देने, कर्ज माफी और आठ लाख नौकरियों के सृजन सहित कई प्रोत्साहन की पेशकश की। उन्होंने कहा कि चीन अफ्रीका को टीके की एक अरब खुराक प्रदान करेगा। इसके तहत 60 करोड़ खुराक दान के रूप में आपूर्ति की जाएगी। इसके अलावा 40 करोड़ खुराक चीनी कंपनियों और संबंधित अफ्रीकी देशों द्वारा संयुक्त उत्पादन जैसे माध्यमों से आपूर्ति की जाएगी।

ALSO READ: Omicron का डर, भारत ने दक्षिण अफ्रीका को मदद की पेशकश की
‘ओमीक्रोन’ के सामने आने के मद्देनजर भारत ने सोमवार को कहा कि वह टीके, जीवन रक्षक दवाओं और परीक्षण किट की आपूर्ति सहित महाद्वीप में प्रभावित देशों की मदद करने के लिए तैयार है। टीकों की आपूर्ति कोवैक्स के माध्यम से या द्विपक्षीय रूप से की जा सकती है।
 
यूरोपीय संघ आयोग की अध्यक्ष उर्सुला वोन डेर लेयेन ने दक्षिण अफ्रीका के राष्ट्रपति सिरिल रामाफोसा की प्रशंसा करते हुए कहा, 'इस बार दुनिया ने दिखाया कि यह सीख रहा है। दक्षिण अफ्रीका का विश्लेषणात्मक कार्य और पारदर्शिता और इसके परिणामों को साझा करना एक तेज वैश्विक प्रतिक्रिया के लिए जरूरी था। इसमें कोई शक नहीं कि इसने कई लोगों की जान बचाई।'
 
कुछ लोगों की दलील है कि इस तरह के प्रतिबंध अभी भी नये स्वरूप का विश्लेषण करने के लिए समय प्रदान कर सकते हैं। इस नए स्वरूप के बारे में जानकारी बहुत कम है, जिसमें यह शामिल है कि क्या यह अधिक संक्रामक है, क्या इससे गंभीर बीमारी होने की अधिक आशंका है या यह टीकों की सुरक्षा कवच को बेअसर करने में अधिक सक्षम है।
 
WHO ने दुनिया को नए स्वरूप के बारे में जल्दी से सतर्क करने के लिए दक्षिण अफ्रीका और बोत्सवाना की प्रशंसा की है। हालांकि विश्व स्वास्थ्य संगठन ने कहा है कि सीमाओं को बंद होने का अक्सर सीमित प्रभाव होता है, लेकिन यह जीवन और आजीविका पर कहर बरपा सकता है।
 
उल्लेखनीय है कि विश्व स्वास्थ्य संगठन ने दक्षिण अफ्रीका में सबसे पहले सामने आये कोरोना वायरस के नये वैरिएंट ओमीक्रॉन की पहचान की है और इसे लेकर चिंता भी जताई है। कई अन्य देशों में भी ओमीक्रॉन वैरिएंट के मामलों की पुष्टि हुई है। दुनिया भर के कई देशों ने इसके प्रसार को रोकने के लिए दक्षिणी अफ्रीकी देशों पर यात्रा प्रतिबंध लागू किया है।

Show comments

नितिन नवीन की टीम में 2 मुस्लिम, जानिए कौन हैं तारिक मंसूर और कुंवर बासित अली?

Jio Prime : ₹300 में सालभर रिचार्ज की टेंशन खत्म! 20 अगस्त से मिलेगा सब्सक्रिप्शन, ₹299 वाला प्लान रहेगा जारी

BJP की नई टीम का ऐलान: स्मृति ईरानी-वसुंधरा राजे की वापसी, पीयूष गोयल बने कोषाध्यक्ष

Twisha Sharma Death Case: CBI की 636 पन्नों की चार्जशीट में बड़ा खुलासा, रिटायर्ड जिला जज और बेटे को बनाया आरोपी

CJP कार्यकर्ता के पिता की पीट-पीटकर जान ली, बंगाल में सरकारी स्कूल की बदहाली दिखाना पड़ा भारी, दीपके ने साधा निशाना

सभी देखें

योगी सरकार का PRD जवानों को बड़ा तोहफा, ₹3,000 वर्दी भत्ता से लेकर कैशलेस मेडिकल कार्ड तक, लखनऊ में बनेगी बहुमंजिला बैरक

UP Divyang Employment : योगी सरकार की बड़ी पहल, 11 दिन में 75 जिलों के 1,559 दिव्यांगजनों को मिला रोजगार

UP-Japan Investment Meet 2026: जापान से यूपी में आएगा बड़ा निवेश, 200 से ज्यादा कंपनियां तलाशेंगी मौके; यीडा में बनेगी ‘जापानी सिटी’

UP Women Safety : योगी सरकार ने 181 महिला हेल्पलाइन के लिए मंजूर किए ₹20.70 लाख, अब और मजबूत होगा सहायता तंत्र

UP Flood Alert : बाढ़ से निपटने के लिए योगी सरकार अलर्ट, 86 टीमें तैनात; 1,586 चौकियां और 1,263 शरणालय तैयार

अगला लेख