biodatamaker

Chhath Puja Arghya 2021: आज कितने बजे दे सकते हैं संध्या सूर्य अर्घ्य, जानिए 11 तारीख के उदयगामी सूर्य के अर्घ्य का समय

Updated: बुधवार, 10 नवंबर 2021 (11:39 IST)
Chhath Puja 2021 : छठ पूजा के तीसरे दिन अर्थात खरना के बाद षष्ठी तिथि की संध्या के सूर्य को अर्घ्य दिये जाने के महत्व है। इसके बाद सप्तमी के उदयमान सूर्य को अर्घ्य देकर ही व्रत का पारण किया जाता है। 10 तारीख को सांध्या का अर्घ्‍य दिया जाएगा और इसके बाद 11 नवंबर 2021 को सुबह के सूर्य को अर्ध्य दिया जाएगा। आओ जानते हैं दोनों ही दिनों के सूर्य के अस्त और उदय के समय को।
 
 
छठ पूजा: संध्या अर्घ्य और उषा अर्घ्य समय ( Chhath Puja Sandhya And Usha Arghya 2021 ) :
 
(1). 10 नवंबर (संध्या अर्घ्य) सूर्यास्त का समय : शाम 05:30.
 
(2). 11 नवंबर (उषा अर्घ्य) सूर्योदय का समय : प्रात: 06:41.
 
नोट : स्थानीय समय के अनुसार सूर्य के अस्त और उदय होने के समय में घट-बढ़ रहती है।
ALSO READ: Chhath Puja : कौन हैं छठ मैया, क्यों करते हैं इनकी पूजा, पढ़ें व्रत कथा
इस तरह दें सूर्य को अर्घ्‍य : अर्घ्य देने के लिए बांस की 3 बड़ी टोकरी या पीतल का सूप लें, जिसमें चावल, लाल सिंदूर, गन्ना, हल्दी, सुथनी, सब्जी, शकरकंदी, नाशपाती, शहद, पान, बड़ा नींबू, सुपारी, कैराव, कपूर, मिठाई, चंदन, ठेकुआ, मालपुआ, खीर, सूजी का हलवा, पूरी, चावल से बने लड्डू आदि सभी सजा लें। साथ में थाली, दूध और गिलास ले लें। सूर्य को अर्घ्य देते समय सारा प्रसाद टोकरी में रखें और एक दीपक भी जला लें। इसके बाद नदी में उतरकर सूर्यदेव को अर्घ्य दें।
 
अर्घ्य देते समय इस मंत्र का उच्चारण करें।
ऊं एहि सूर्य सहस्त्रांशों तेजोराशे जगत्पते।
अनुकम्पया मां भवत्या गृहाणार्ध्य नमोअस्तुते॥
 
इसी दौरान सूर्य को जल एवं दूध चढ़ाकर प्रसाद भरे सूप से छठी मैया की पूजा भी की जाती है। शाम को बांस की टोकरी में ठेकुआ, चावल के लड्डू और कुछ फल रखें जाते हैं और पूजा का सूप सजाया जाता है और तब सूर्य को अर्घ्य दिया जाता है।

Show comments

सभी देखें

मंगल का मृगशिरा नक्षत्र में गोचर, 3 राशियों को रहना होगा 12 अगस्त तक सावधान

Rationalism: सत्य की वैज्ञानिक खोज: देकार्त का बुद्धिवाद और आधुनिक दर्शन का जन्म

मिथुन में मार्गी बुध का प्रभाव: भारत समेत दुनिया में होंगे ये बड़े बदलाव

Rakhi 2026: कब है रक्षा बंधन का त्योहार, राखी बांधने का शुभ मुहूर्त?

चातुर्मास में सुख-समृद्धि लाने के लिए इन 4 महीनों में राशि के अनुसार ये खास उपाय

सभी देखें

Aaj ka panchang: आज का शुभ मुहूर्त: 26 अगस्‍त 2026: बुधवार का पंचांग और शुभ समय

अंक दर्शन : 2026 की राखी और संस्कारों में छिपी ग्रह ऊर्जा

चातुर्मास 2026: प्रथम के बाद द्वितीय चातुर्मास प्रारंभ, जानिए इस माह क्या करें और क्या नहीं

Rakhi mithai: रक्षाबंधन स्पेशल फूड: इस राखी भाई को खिलाएं ये खास 5 मिठाइयां

रक्षाबंधन 2026: भाई की कलाई पर सजाएं उसकी राशि के अनुसार लकी राखी

अगला लेख