BAFTA Awards 2026: मणिपुरी फिल्म 'बूंग' ने रचा इतिहास, बनी बेस्ट चिल्ड्रन्स एंड फैमिली फिल्म
भारतीय सिनेमा के लिए साल 2026 की शुरुआत एक ऐतिहासिक गौरव के साथ हुई है। लंदन के रॉयल फेस्टिवल हॉल में आयोजित प्रतिष्ठित 79वें बाफ्टा फिल्म अवार्ड्स में मणिपुरी फिल्म 'बूंग' ने इतिहास रचा है। 'बूंग' ने 'बेस्ट चिल्ड्रन एंड फैमिली फिल्म' कैटेगरी में अवॉर्ड अपने नाम किया है।
लक्ष्मीप्रिया देवी द्वारा निर्देशित 'बूंग' ने इस श्रेणी में अंतरराष्ट्रीय स्तर की दिग्गज फिल्मों को कड़ी टक्कर दी। नामांकित फिल्मों में डिज्नी की 'ज़ूट्रोपोलिस 2', 'लीलो एंड स्टिच' और नताली पोर्टमैन द्वारा निर्मित 'आर्को' जैसी बड़ी बजट वाली फिल्में शामिल थीं। इन सबको पीछे छोड़ते हुए 'बूंग' की सादगी और दिल को छू लेने वाली कहानी ने जूरी का दिल जीत लिया।
फरहान अख्तर इस मणिपुरी मूवी के प्रोड्यूसर्स में से एक हैं। 'बूंग' का बाफ्टा अवॉर्ड जीतना भारतीय सिनेमा के लिए बड़ी उपलब्धि है। अवॉर्ड सेरेमनी में फिल्म की डायरेक्टर लक्ष्मीप्रिया देवी, फरहान अख्तर और शिबानी दांडेकर मौजूद थे। अवॉर्ड जीतने के बाद लक्ष्मीप्रिया ने जूरी मेंबर्स और बाफ्टा का शुक्रिया अदा किया।
क्या है 'बूंग' की कहानी?
यह फिल्म मणिपुर की पृष्ठभूमि पर आधारित एक भावनात्मक सफर है। कहानी एक छोटे लड़के 'बूंग' की है, जो अपनी मां को दुनिया का सबसे प्यारा तोहफा देना चाहता है। उसका मानना है कि अगर वह अपने लापता पिता को वापस घर ले आए, तो उसकी मां की खुशियां लौट आएंगी। अपने इसी अटूट विश्वास के साथ वह अपने दोस्त राजू के साथ एक अनजान यात्रा पर निकल पड़ता है। यह फिल्म बालसुलभ मासूमियत, पारिवारिक जुड़ाव और मणिपुर की स्थानीय संस्कृति को बेहद खूबसूरती से दर्शाती है।
बाफ्टा 2026 का भारतीय कनेक्शन
इस साल बाफ्टा में भारतीय चमक सिर्फ 'बूंग' तक सीमित नहीं रही। बॉलीवुड एक्ट्रेस आलिया भट्ट ने भी इस समारोह में एक प्रेजेंटर के रूप में शिरकत की, जिससे यह शाम भारतीय प्रशंसकों के लिए और भी खास हो गई।