टिकट न ‍मिलने से भाजपा विधायक नाराज

इलाहाबाद| भाषा| पुनः संशोधित शुक्रवार, 6 जनवरी 2012 (18:32 IST)
भारतीय जनता पार्टी के टिकट पर चार बार विधायक रह चुके नरेंद्र कुमार गौर ने पार्टी के खिलाफ विद्रोह का झंडा बुलंद कर दिया है। यह कदम उन्होंने इसलिए उठाया है क्योंकि में उन्हें उस सीट का टिकट नहीं दिया गया जिसका वे चार बार प्रतिनिधित्व कर चुके हैं।


इलाहाबाद (उत्तर) से चार बार विधायक रह चुके नरेंद्र कुमार सिंह गौर ने कहा कि उनकी बजाय ऐसे आदमी को टिकट दिया गया जो ‘खुलेआम धन और बाहुबल के इस्तेमाल के लिये जाना जाता है’ और उसे ‘कुछ आदरणीय नेताओं का समर्थन’ हासिल है।

गौर ने कहा कि मुझे इस बात से तगड़ा झटका लगा है कि पार्टी ने इलाहाबाद उत्तरी से उनके टिकट के दावे को खारिज कर दिया जहां से वह चार बार विधायक रह चुके हैं। इसकी एक बजाय एक ऐसे व्यक्ति को चुना गया जो खुलेआम धन और बाहुबल के इस्तेमाल के लिए जाना जाता है।
गौर इलाहाबाद (उत्तरी) सीट से वर्ष 1991 के बाद हुए सभी विधानसभा चुनाव जीते थे लेकिन वर्ष 2007 में हुए पिछले विधानसभा चुनाव में उन्हें हार का सामना करना पड़ा था। वह इस बात से नाराज थे कि पार्टी ने बाहुबली उम्मीदवार उदय भान करवरिया को इस सीट से टिकट दिया है।

बालू के ठेकेदार करवरिया दो बार बारा से विधायक रह चुके हैं। भाजपा ने बारा सीट के सुरक्षित घोषित कर दिए जाने के बाद उन्हें इलाहाबाद (उत्तरी) सीट से टिकट दिया है। (भाषा)



और भी पढ़ें :