क्या शिक्षा में प्रौद्योगिकी अपनाने को तैयार है देश

कैट ऑनलाइन परीक्षा का मामला

भाषा|
नई दिल्ली, प्रबंधन संस्थाओं में नामांकन के लिए कम्प्यूटर आधारित प्रतिष्ठित सामान्य प्रवेश परीक्षा (कैट) में व्यवधान के मद्देनजर ऐसे प्रश्न उठने शुरू हो गए है कि क्या देश शिक्षा के क्षेत्र में अत्याधुनिक प्रौद्योगिकी अपनाने को तैयार है।

मानव संसाधन विकास मंत्री कपिल सिब्बल ने कहा ‘परीक्षा से काफी पहले ऐहतियात के तौर पर ऐसे कदम उठाए जाने चाहिए ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि ऐसी समस्या फिर से उत्पन्न नहीं हो। सरकार के तौर पर हम इससे काफी चिंतित हैं।’

शिक्षाविद के श्रीनिवासन ने कहा कि भारत के आज सूचना प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में अग्रणी राष्ट्र होने की बात कही जा रही है लेकिन देश की प्रतिष्ठित प्रबंधन संस्थाओं में नामांकन की परीक्षा कैट में हिस्सा लेने आए छात्रों को यह देखकर काफी आश्चर्य हुआ कि‍ उनका नाम परीक्षार्थियों की सूची में नहीं था और इसका कारण सर्वर डाउन होना बताया गया।
उन्होंने कहा ‘देश के उत्कृष्ट मैनेजमेंट गुरू पैदा करने और शिक्षित करने वाले खुद परीक्षा प्रबंधन में असफल रहे हैं।’ शिक्षाविद गीतांजलि कुमार ने कहा कि कुछ लोग कैट परीक्षा में व्यवधान के लिए अमेरिकी आईटी कंपनी को जिम्मेदार बता रहे हैं। (भाषा)



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