Fact Check: Social Media पर धड़ल्ले से वायरल हो रही कोरोना से बचाव की दवाई? जानिए पूरा सच

Last Updated: शुक्रवार, 16 अप्रैल 2021 (16:17 IST)
- सुरभि भटेवारा
सोशल मीडिया सूचनाओं का सबसे बड़ा प्लेटफॉर्म बन गया है। यहां पर हर एक बात सच की तरह फैल जाती है वो भी बिना किसी सत्यापन के। जी हां,
अगर आप झूठ को भी सच बोलेंगे यूजर्स उसे भी सच मानेंगे,जब तक कि कोई उन्हें सच से अवगत नहीं करा देता। हाल ही में सोशल मीडिया पर एक पोस्ट वायरल हो रहा है जो कोरोना काल में घातक भी सिद्ध हो सकता है।

क्या वायरल हो रहा है?

सोशल मीडिया पर वायरल पोस्ट में कोरोना संक्रमण से बचाव के लिए दो होम्योपैथिक मेडिसिन लिखी गई है-और Arsenic Album 30। वायरल पोस्ट में बताया गया है कि संक्रमण से कैसे बचें और यदि संक्रमित हैं तो कौन-सी दवाई लें,
कितने समय के अंतराल से उसे लें। इतना ही नहीं पोस्ट में यह भी दावा किया गया है कि यह दवाई लेने के बाद कई मरीज ठीक भी हुए हैं।



(Viral Photo)

क्या है सच्चाई?

जब इस वायरल पोस्ट को लेकर ‘वेबदुनिया’ ने होम्योपैथी एक्सपर्ट्स से बात की तो उन्होंने क्या कहा, आइए जानते हैं-


डॉ.कपिल दीक्षित (होम्योपैथ कंसल्टेंट)


डॉ. कपिल दीक्षित ने कहा कि यह वायरल पोस्ट गलत है। यह हौम्योपेथी दवाई है और कभी भी मरीज का परीक्षण किए बिना दवाई नहीं दी जा सकती है। क्योंकि होम्योपैथी में जो भी इलाज होता है वह लक्षण के अनुसार होता है।

इन दिनों कोरोना के लक्षण में बहुत ज्यादा और तेजी से बदलाव हो रहे हैं। किसी को बिना लक्षण के भी कोरोना हो रहा है। शुरूआत में इसके लक्षण सर्दी, जुकाम, बुखार और आज पेट दर्द, उल्टी और दस्त हैं। जैसे-जैसे लक्षण बदलते जाते हैं, उसके अनुसार दवा बदलती जाती है। होम्योपैथी में कोई एक दवा बताना मुश्किल है।


डॉ. दीक्षित के मुताबिक, Camphor 1 M और Arsenic Album 30 यह दोनों दवाइयां कोरोनावायरस से बचाव के लिए आज के वक्त में कारगर नहीं हैं।

डॉ. सरिता जैन
(एम.डी., लेक्चरर,
गुजराती होम्यो मेडिकल कॉलेज, इंदौर)


डॉ. सरिता जैन का कहना है कि होम्योपैथी में लक्षण के अनुसार दवाई दी जाती है। आप होम्योपैथी दवाई सिर्फ इस तरह लिखने से नहीं ले सकते हैं। अगर आपको कोई अलग लक्षण नजर आ रहे हैं तो पहले आप डॉक्टर से परामर्श लें। अगर किसी ने लिख दिया है, तो भी आप नहीं ले सकते हैं।


डॉ. जैन ने कहा कि कोरोना की दूसरी लहर चल रही है। इसमें सीविरियटी बहुत ज्यादा बढ़ गई है। इसमें केवल होम्योपैथिक दवाइयों पर निर्भर नहीं रह सकते हैं। यह दवाई गलत नहीं है लेकिन आजकल कोरोनावायरस के दूसरे लक्षण भी नजर आ रहे हैं, तो दूसरी दवाई भी लेना पड़ेगी।

आयुष मंत्रालय क्या कहता है?


आयुष मंत्रालय ने जनवरी 2020 में प्रेस रिलीज जारी कर कोरोनावायरस से बचने के लिए होम्योपैथी की आर्सेनिक एल्बम 30 दवा लेने की सलाह दी थी, जिसकी काफी आलोचना हुई थी. इसके बाद आयुष मंत्री श्रीपद नाइक ने स्पष्टीकरण देते हुए कहा था कि यह सिर्फ उन दवाओं के नाम हैं जो आपके शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाने में मदद करेगी। कभी भी ऐसा दावा नहीं किया गया कि इससे कोरोनावायरस खत्म हो जाएगा।




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