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CM योगी ने काशी विश्वनाथ मंदिर में की मां अन्नपूर्णा देवी की प्राण-प्रतिष्ठा, सैकड़ों साल बाद कनाडा से मिली है वापस

Updated: सोमवार, 15 नवंबर 2021 (12:56 IST)
वाराणसी। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कनाडा से 108 साल बाद स्वदेश वापस लायी गयी मां अन्नपूर्णा की प्रतिमा की रविवार को यहां स्थित काशी विश्वनाथ मंदिर परिसर में पुनर्स्थापना करायी। लगभग आधे घंटे तक चले अनुष्ठान के दौरान राज्य के शहरी विकास मंत्री आशुतोष टंडन भी उपस्थित थे।
 
मंदिर के पुजारियों के साथ योगी ने प्रतिमा की प्राण प्रतिष्ठा के अनुष्ठान कार्य को संपन्न कराया। अनुष्ठान के बाद रुद्राक्ष प्रेक्षागृह में जनसमूह को संबोधित करते हुये कहा कि देश की सांस्कृतिक विरासत का संरक्षण हर हाल में होना चाहिये। उन्होंने कहा कि पहले हमारी विरासत चोरी हो जाती थी। उन्होंने कहा कि पहले तस्करी के माध्यम से जिन मूर्तियों को विदेशों में पहुंचाया गया, आज उन मूर्तियों को ढूंढ- ढूंढ कर वापस लाया जा रहा है।
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दृश्यादृश्यविभूतिवाहनकरी ब्रह्माण्डभाण्डोदरी
लीलानाटकसूत्रभेदनकरी विज्ञानदीपाङ्कुरी।
श्री विश्वेशमनःप्रसादनकरी काशीपुराधीश्वरी।
भिक्षां देहि कृपावलम्बनकरी मातान्नपूर्णेश्वरी।।

जय माँ अन्नपूर्णा! https://t.co/UWtEGvimWq

— Yogi Adityanath (@myogiadityanath) November 15, 2021 >
उन्होंने इसका श्रेय प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को देते हुये कहा कि 108 वर्ष बाद मां अन्नपूर्णा की यह प्रतिमा अपने धाम में वापस आई है। इसका पूरा श्रेय देश के यशस्वी प्रधानमंत्री मोदी जी को जाता है। योगी ने कहा कि अभी प्रधानमंत्री अमेरिका के दौरे पर गए थे। उनके प्रयासों का ही नतीजा है कि 156 मूर्तियों को वापस लाया गया है। उल्लेखनीय है कि 108 साल पहले वाराणसी से मां अन्नपूर्णा की प्राचीन प्रतिमा चोरी हो गई थी। कालांतर में मूर्ति तस्करों द्वारा इसे कनाडा भेज दिया गया।
 
भारत से विदेशों में ले जाई गई विरासत वस्तुओं की वापसी के केन्द्र सरकार के प्रयासों के परिणामस्वरूप मां अन्नपूर्णा की प्रतिमा को स्वदेश वापस लाकर 11 नवंबर को उत्तर प्रदेश सरकार को सौंपा गया। चार दिन की शोभायात्रा के साथ यह पवित्र प्रतिमा दिल्ली से रविवार रात वाराणसी यी गयी। योगी ने इस प्रतिमा की धार्मिक अनुष्ठान संपन्न कर काशी विश्वनाथ मंदिर परिसर में इसकी प्राण प्रतिष्ठा संपन्न कराई।

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