sundarkand

कोरोना काल में भी पीएम मोदी की लोकप्रियता बरकरार, अप्रूवल रेटिंग में नंबर-1

Updated: शुक्रवार, 18 जून 2021 (10:29 IST)
नई दिल्ली। देश में कोरोनावायरस की दूसरी लहर के बाद भी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की लोकप्रियता बनी हुई है। Global Approval Rating में पीएम मोदी नंबर 1 पर बने हुए हैं। अमेरिकी राष्‍ट्रपति जो बाइडन इस सूची में टॉप 5 में भी नहीं है।
 
अमेरिकी डेटा इंटेलिजेंस फर्म 'मॉर्निंग कंसल्ट' की तरफ से किए गए एक सर्वे के मुताबिक, स्वीकार्यता के मामले में पीएम मोदी अब भी विश्व के बाकी नेताओं की तुलना में नंबर वन हैं। 
 
सर्वे के अनुसार, पीएम मोदी की ग्लोबल अप्रूवल रेटिंग 66 फीसदी है। सर्वे में वह अमेरिका, ब्रिटेन, रूस, ऑस्ट्रेलिया, कनाडा, ब्राजील, फ्रांस और जर्मनी सहित 13 देशों के अन्य नेताओं से बेहतर बने हुए हैं।
 
पीएम मोदी के बाद इटली के प्रधानमंत्री मारियो ड्रैगी का नंबर है, जिनकी अप्रूवल रेटिंग 65 फीसदी है। तीसरे नंबर पर मैक्सिको के राष्ट्रपति लोपेज ओब्रेडोर हैं, जिनकी रेटिंग 63 फीसदी है।
 
कंपनी ‘मॉर्निंग कंसल्ट’ भारत, ऑस्ट्रेलिया, ब्राजील, कनाडा, फ्रांस, जर्मनी, इटली, जापान, मैक्सिको, दक्षिण कोरिया, स्पेन, यूनाइटेड किंगडम और संयुक्त राज्य में सरकारी नेताओं के लिए अप्रूवल रेटिंग को ट्रैक करती है।

Show comments

लॉन्च हुआ सस्ता 5G स्मार्टफोन, 6000mAh बैटरी और 120Hz डिस्प्ले, जानिए फीचर्स

MG Hector Tomahawk PHEV लॉन्च, 1100 KM से ज्यादा की रेंज, जानिए कीमत और फीचर्स

क्या होती है फ्लैश फ्लड? क्यों पहाड़ों से अचानक आता है बर्बादी का सैलाब और नेपाल प्रलय से भारत क्यों है अलर्ट पर

Gen Alpha मैदान में, पटना BPSC प्रदर्शन में 6 साल का आदित्य आया सुर्खियों में, CM सम्राट चौधरी के इस्तीफे की कर दी मांग

नितिन गडकरी का संन्यास वाला बयान संगठन के बाद सरकार में पीढ़ी परिवर्तन का संकेत?

सभी देखें

Nepal Flash Flood : बाढ़ ने नेपाल में मचाई तबाही, खौफनाक Photos देख खड़े हो जाएंगे रोंगटे

पूर्वी यूपी के 21 व बुंदेलखंड के 7 जनपदों में कृषि उत्पादकता व अन्नदाताओं की आय में होगी वृद्धि : योगी

Nepal Flood Live Updates : बड़ी खबर: नेपाल-चीन सीमा के पास बाढ़ की वजह आई सामने, सैटेलाइट तस्वीरों से हुआ खुलासा

अयोध्या में रामलला को 10000, कर्मचारियों के लिए 4 करोड़ का दान

Nepal Flood: यूपी के कुशीनगर, महराजगंज, सरयू और घाघरा के तटीय इलाकों पर मंडराया बाढ़ का खतरा

अगला लेख