dharma sangrah

बड़ी खबर, इसरो का जीसैट-6ए के साथ संपर्क टूटा

Updated: रविवार, 1 अप्रैल 2018 (13:52 IST)
बेंगलुरू। भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान केन्द्र( इसरो) का कहना है कि 29 मार्च को प्रक्षेपित जीसैट-6 ए उपग्रह के साथ उनका संपर्क टूट गया है और उसके साथ संपर्क फिर से स्थापित करने की कोशिश की जा रही है। गौरतलब है कि इसरो उपग्रह की गतिविधियों को लेकर चुप्पी साधे हुए था।
 
इसरो ने एक बयान में कहा है कि 31 मार्च की सुबह द्रव अपोगी मोटर( एलएएम) ने करीब 53 मिनट चल कर जीसैट-6 ए को दूसरी कक्षा तक सफलतापूर्वक पहुंचाया।
 
अंतरिक्ष एजेंसी ने अपनी वेबसाइट पर कहा है, उपग्रह को एक अप्रैल को तीसरी और अंतिम बार इंजन की मदद से अपने अंतिम लक्ष्य पर पहुंचना था और फिर कक्षा में चक्कर लगाना था। लेकिन उससे हमारा संपर्क टूट गया। इसरो का कहना है कि उपग्रह के साथ संपर्क स्थापित करने का प्रयास किया जा रहा है।
 
इसरो ने जीएसएलवी- एफ08 के सफल प्रक्षेपण के साथ ही जीसैट-6 ए को उसकी कक्षा में स्थापित किया था। इसे आंध्र प्रदेश के श्रीहरिकोटा से प्रक्षेपित किया गया था। यह उपग्रह मोबाइल सिग्नल को सुदूर इलाकों में पहुंचाने में मदद करेगा।
 
उपग्रह के संबंध में इसरो की चुप्पी ने लोगों के मन में संदेह पैदा कर दिया था। सामान्य तौर पर इसरो उपग्रह के सभी स्तर की गतिविधियों की जानकारी अपनी वेबसाइट पर साझा करता है। (भाषा)

Show comments

PM मोदी की लोकप्रियता से परेशान हैं राहुल, Gen-Z है भाजपा के साथ, जानिए किसने किया यह दावा?

CJP संस्थापक अभिजीत दिपके के पिता ने बेटे की विदेश में पढ़ाई का खर्च कैसे उठाया? RTI कार्यकर्ता ने जांच की मांग की

US-Iran War : ईरान पर हमले से पीछे हटे ट्रंप तो तेहरान ने कसा तंज, रुबियो बोले- अब चुकानी होगी ‘बहुत बड़ी कीमत’; इराक में ड्रोन अटैक से आग

ट्रंप कर रहे ईरान में भीषण हमले की तैयारी, अपने नागरिकों को दी यह सलाह, धमकी पर क्‍या बोला तेहरान?

भगवा पहन 'चोरी' का ड्रामा पड़ा भारी! राहुल गांधी, पप्पू यादव और अवधेश पर बनारस में FIR दर्ज

सभी देखें

LIVE: ByPoll Election Results : बांकीपुर से दतिया तक भाजपा को बड़ा झटका, मांजलपुर में सतीश पटेल आगे

E20 पेट्रोल पर नया विवाद, जयराम रमेश ने माइलेज और इंजन खराबी को लेकर सरकार से पूछे सवाल

बांकीपुर में प्रंशात किशोर ने कर दिया 'खेला', भाजपा अध्यक्ष नितिन नबीन को झटका

CM धामी ने की बालेश्वर मंदिर आने की अपील, जानिए क्यों खास है चंपावत का यह शिवधाम?

Lovlina Borgohain ने ग्लास्गो के रेस्टोरेंट में पकड़ी बड़ी गलती, भारत के नक्शे पर जताई आपत्ति

अगला लेख