1. खबर-संसार
  2. »
  3. समाचार
  4. »
  5. अंतरराष्ट्रीय
Written By भाषा
पुनः संशोधित गुरुवार, 26 जून 2014 (10:58 IST)

भारतीय दूतावास पर हमले के पीछे लश्कर-ए-तैयबा

FILE
वाशिंगटन। अमेरिका ने कहा है कि अफगानिस्तान के हेरात प्रांत में भारतीय वाणिज्य दूतावास पर हुए आतंकी हमले के पीछे पाकिस्तानी आतंकवादी संगठन लश्कर-ए-तैयबा का हाथ है और उसके पास इस बात के पुख्ता सबूत हैं।

अमेरिकी विदेश विभाग की प्रवक्ता मेरी हर्फ ने लश्कर-ए-तैयबा के सहयोगी संगठनों और नेताओं के खिलाफ अतिरिक्त प्रतिबंधों की घोषणा करते हुए कहा कि पुख्ता जानकारी के आधार पर अमेरिका सरकार का आकलन है कि हेरात में 23 मई, 2014 को भारतीय वाणिज्य दूतावास पर हुए हमले के लिए यह लश्कर आतंकी ही जिम्मेदार है।

हालांकि सूचना की संवेदनशीलता को देखते हुए उन्होंने उस विश्वसनीय जानकारी का ब्यौरा देने से इनकार कर दिया जिसके आधार पर लश्करे तैयबा को इस हमले के लिए जिम्मेदार ठहराया जा रहा है।

हेरात में आतंकवादी हमला नरेन्द्र मोदी के प्रधानमंत्री पद के शपथ ग्रहण समारोह से तीन दिन पहले हुआ था जिसका उद्देश्य स्पष्ट रूप से दक्षेस देशों से जुड़ी उनकी पहल को पटरी से उतारना था।

गौरतलब है कि मोदी ने 26 मई को नई दिल्ली में होने वाले अपने शपथ ग्रहण समारोह के लिए पाकिस्तान के प्रधानमंत्री नवाज शरीफ समेत दक्षेस देशों के राष्ट्राध्यक्षों को आमंत्रित किया था। (भाषा)