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हनुमान जी का कवच मंत्र और 7 दिन के प्रसाद जानिए यहां

बुधवार,जनवरी 20, 2021
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21 जनवरी 2021, गुरुवार से शाकंभरी नवरात्रि का पर्व शुरू हो रहा है। यह पर्व 28 जनवरी, गुरुवार तक मनाया जाएगा। मान्यता के अनुसार पौष मास की शुक्ल पक्ष की अष्टमी से पूर्णिमा तक शाकंभरी नवरात्रि मनाई जाती है।
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हिन्दू धर्म के अनुसार एकादशी व्रत करने की इच्छा रखने वाले मनुष्य को दशमी के दिन से ही कुछ अनिवार्य नियमों का पालन करना चाहिए।
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इस साल पुत्रदा एकादशी व्रत 24 जनवरी 2021, रविवार को मनाया जा रहा है। हिन्दू पंचांग के अनुसार प्रतिवर्ष पौष मास के शुक्ल पक्ष में आने वाली एकादशी को पुत्रदा एकादशी के नाम से जाना जाता है।
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वैसे तो वर्ष भर में चार नवरात्रि मानी गई है, आश्विन माह के शुक्ल पक्ष में शारदीय नवरात्रि, चैत्र शुक्ल पक्ष में आने वाली चैत्र नवरात्रि, तृतीय और चतुर्थ नवरात्रि माघ और आषाढ़ माह में मनाई जाती है। परंतु तंत्र-मंत्र के साधकों को अपनी सिद्धि के लिए ...
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हर देवी या देवता किसी न किसी की सवारी करने के बाद ही गमन करते हैं, जैसे लक्ष्मीजी उल्लू पर, विष्णुजी गरुढ़ पर, माता दुर्गा शेर पर और इसी तरह सभी देवी देवताओं के पास अपनी अपनी सवारी है परंतु क्या आप जानते हैं कि हनुमानजी के पास कितने प्रकार के अस्त्र ...
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हिन्दू धर्म के अनुसार रविवार भगवान विष्णु और सूर्यदेव का दिन भी है। इस दिन उन्हीं की आराधना करना चाहिए। हिन्दू धर्म में इसे सर्वश्रेष्ठ वार माना गया है। यदि आप गुरुवार को मंदिर नहीं जा पा रहे हैं तो इस दिन मंदिर अवश्य जाना चाहिए। आओ जानते हैं कि ...
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जय जय जय रविदेव, जय जय जय रविदेव। जय जय जय रविदेव, जय जय जय रविदेव॥
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वर्ष 2021 में 16 जनवरी, शनिवार को विनायक चतुर्थी का व्रत रखा जाएगा। यह तिथि भगवान श्री गणेश की तिथि है। हिन्दू धर्मग्रंथों के अनुसार श्री गणेश की कृपा प्राप्ति
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भगवान शनि की आरती- ॐ जय जय शनि महाराज, स्वामी जय जय शनि महाराज। कृपा करो हम दीन रंक पर, दुःख हरियो प्रभु आज ॥ॐ॥
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16 जनवरी, शनिवार को साल 2021 की पहली विनायक (Vinayak Chaturthi 2021) चतुर्थी है। प्रत्येक माह में दो चतुर्थी होती है। इस तरह 24 चतुर्थी और प्रत्येक तीन वर्ष बाद अधिमास की मिलाकर 26 चतुर्थी होती है। सभी चतुर्थी की महिमा और महत्व अलग अलग है। हर माह ...
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शनिवार के दिन भगवान शनिदेव की पूजा के दौरान यह आरती करनी चाहिए। माना जाता है कि यह आरती करने से शनिदेव प्रसन्न होकर आपकी हर तरफ से मदद करते हैं और भक्त को शनि देव की कृपा जल्दी मिलने लगती है और सभी बिगड़े काम बनने लगते हैं। यहां पढ़ें पावन आरती-
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शुक्रवार के दिन धन की देवी लक्ष्मी पूजन करने का महत्व है। इस दिन लक्ष्मी माता का यह चालीसा जीवन को खुशहाली से भर देता है। यहां पढ़ें लक्ष्मी माता का पावन संपूर्ण चालीसा का पाठ...
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दीपक को विभिन्न तिथि और योग और अलग-अलग तेल और घी से प्रज्वलित करने से मनोकामनाओं की पूर्ति होती है।
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लक्ष्मी माता की आरती- ॐ जय लक्ष्मी माता, मैया जय लक्ष्मी माता। तुमको निस दिन सेवत हर-विष्णु-धाता॥ ॐ जय...
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हिन्दू धर्म में सैंकड़ों त्योहार है। धनतेरस, दीपावली, होली, नवरात्रि, दशहरा, महाशिवरात्री, गणेश चतुर्थी, रक्षाबंधन, कृष्णजन्माष्टमी, करवां चौथ, रामनवमी, छठ, वसंत पंचमी, मकर संक्रांति, दुर्गा पूजा, भाईदूज, उगादि, ओणम, पोंगल, लोहड़ी, हनुमान जयंती, ...
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मकर संक्रांति : मुहूर्त, महत्व, पुण्यकाल, दान और पौराणिक तथ्य जानिए सब यहां
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स्वादिष्ट खिचड़ी आपको सेहत के बेहतरीन फायदे भी देती है। जानिए इस पौष्ट‍िक आहार खिचड़ी के 5 फायदे और 3 व्यंजन विधियां...
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मकर संक्रांति के दिन भगवान सूर्य अपने पुत्र शनि से मिलने स्वयं उनके घर जाते हैं।
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मकर संक्रांति के समय नदियों में वाष्पन क्रिया होती है। इससे तमाम तरह के रोग दूर हो सकते हैं। इसलिए इस दिन नदियों में स्नान करने का महत्व बहुत है।
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