Daily Horoscope
✕

जया एकादशी 2024 : जानें पूजा का शुभ मुहूर्त और मंत्र

Written By WD Feature Desk
Updated: मंगलवार, 20 फ़रवरी 2024 (09:11 IST)
Jaya Ekadashi 
HIGHLIGHTS
 
* माघ मास के शुक्ल पक्ष की एकादशी के पूजन मुहूर्त।
* स्वर्ग में स्थान दिलाने वाली मानी गई है जया एकादशी। 
* जया एकादशी पर पारण कब करें, जानें सही समय।
 
jaya ekadashi vrat kab hai: वर्ष 2024 में जया एकादशी 20 फरवरी, दिन मंगलवार को मनाई जा रही है। हिन्दू धर्म के अनुसार माघ मास के शुक्ल पक्ष की यह एकादशी स्वर्ग में स्थान दिलाने वाली तथा ब्रह्महत्यादि पापों से मुक्ति दिला कर व्यक्ति को मोक्ष प्राप्त कराती है। इस एकादशी व्रत का रखने वालों को शुभ मुहूर्त में श्रीहरि विष्णु जी का पूजन करना चाहिए। आपको बता दें कि हिन्दू कैलेंडर के मतांतर के चलते यह एकादशी 19 फरवरी को भी मनाई जा सकती है।
 
यहां आपके लिए खास तौर पर प्रस्तुत हैं जया एकादशी पर पूजन और पारण के शुभ मुहूर्त-
 
जया एकादशी 2024 के शुभ चौघड़िया मुहूर्त, पारण समय : 
 
माघ शुक्ल एकादशी तिथि का प्रारंभ- 19 फरवरी 12.19 ए एम से शुरू, 
माघ शुक्ल एकादशी की समाप्ति- 20 फरवरी 2024, 01.25 ए एम पर।
 
जया एकादशी पारण समय 2024 
 
व्रत तोड़ने का यानी पारण समय 20 फरवरी 2024 को- 07.48 ए एम से 08.00 ए एम। 
पारण के दिन हरि वासर समाप्त होने का समय- 07.48 ए एम। 
 
दिन का चौघड़िया
 
अमृत- 05.32 ए एम से 07.05 ए एम
शुभ- 08.37 ए एम से 10.10 ए एम
चर- 01.16 पी एम से 02.48 पी एम
लाभ- 02.48 पी एम से 04.21 पी एम
अमृत- 04.21 पी एम से 05.54 पी एम
 
रात का चौघड़िया
 
चर- 05.54 पी एम से 07.21 पी एम
लाभ- 10.16 पी एम से 11.43 पी एम
शुभ- 01.10 ए एम से 20 फरवरी 02.37 ए एम
अमृत- 02.37 ए एम से 20 फरवरी 04.05 ए एम
चर- 04.05 ए एम से 20 फरवरी 05.32 ए एम तक। 
 
अन्य शुभ समय 
 
ब्रह्म मुहूर्त- 03:59 ए एम से 04:45 ए एम-
प्रातः सन्ध्या- 04:22 ए एम से 05:32 ए एम
अभिजित मुहूर्त- 11:18 ए एम से 12:08 पी एम
विजय मुहूर्त- 01:46 पी एम से 02:36 पी एम
गोधूलि मुहूर्त- 05:53 पी एम से 06:16 पी एम
सायाह्न सन्ध्या- 05:54 पी एम से 07:04 पी एम
अमृत काल- 05:01 पी एम से 06:44 पी एम
निशिता मुहूर्त- 11:20 पी एम से 20 फरवरी 12:06 ए एम 
रवि योग- 09:51 पी एम से 20 फरवरी 03:43 ए एम तक। 
 
अस्वीकरण (Disclaimer) : चिकित्सा, स्वास्थ्य संबंधी नुस्खे, योग, धर्म, ज्योतिष, इतिहास, पुराण आदि विषयों पर वेबदुनिया में प्रकाशित/प्रसारित वीडियो, आलेख एवं समाचार सिर्फ आपकी जानकारी के लिए हैं, जो विभिन्न सोर्स से लिए जाते हैं। इनसे संबंधित सत्यता की पुष्टि वेबदुनिया नहीं करता है। सेहत  या ज्योतिष संबंधी किसी भी प्रयोग से पहले विशेषज्ञ की सलाह जरूर लें।

ALSO READ: जया एकादशी की पौराणिक कथा

ALSO READ: मौनी अमावस्या पर गंगा में ही क्यों करते हैं स्नान?

लेखक के बारे में
WD Feature Desk
अनुभवी लेखक, पत्रकार, संपादक और विषय-विशेषज्ञों द्वारा लिखे गए गहन और विचारोत्तेजक आलेखों का प्रकाशन किया जाता है।.... और पढ़ें

Show comments

सभी देखें

अंक भविष्यफल 2027 : मूलांक 1 वालों के लिए कैसा रहेगा नया साल? जानें करियर, धन और रिश्तों का हाल

धनतेरस पर क्या खरीदना माना जाता है शुभ? जानें 8 चीजों का धार्मिक महत्व

01 नवंबर को महासंयोग: दिवाली से पहले रवि पुष्य योग, जानें खरीदारी का शुभ मुहूर्त और क्या खरीदना दिलाएगा धन-समृद्धि?

शुक्र का स्वयं की राशि में उदय, इन 7 राशियों को मिलेगा माता लक्ष्मी का आशीर्वाद, हो जाएंगे मालामाल

धनतेरस पर आखिर क्यों खरीदी जाती है झाड़ू? जानिए धार्मिक महत्व

सभी देखें

Aaj ka panchang: आज का शुभ मुहूर्त: 30 अक्‍टूबर 2026: शुक्रवार का पंचांग और शुभ समय

धनतेरस पर क्यों होती है भगवान धन्वंतरि की पूजा? जानिए समुद्र मंथन की कथा

जगन्नाथ मंदिर के बाना में रहस्यमयी गांठ, क्या अर्नब तूफान से बच गया ओडिशा!

करवा चौथ पर चांद दिखने के बाद क्या करें? जानें पूजा और व्रत खोलने की विधि

करवा चौथ का चांद कितने बजे निकलेगा? दिल्ली, भोपाल, इंदौर समेत देखें सभी शहरों का समय

अगला लेख