Lockdown2 : गृह मंत्रालय ने जारी की नई गाइडलाइन, सभी सार्वजनिक गतिविधियों पर रोक

Last Updated: बुधवार, 15 अप्रैल 2020 (13:54 IST)
नई दिल्ली। सरकार ने के कारण लगाए लॉकडाउन के दूसरे चरण के लिए बुधवार को नए दिशा निर्देश जारी करते हुए इस अवधि के दौरान सभी तरह के सार्वजनिक यातायात और सार्वजनिक स्थानों को खोलने पर रोक लगाई है।
गृह मंत्रालय द्वारा जारी दिशा निर्देशों के अनुसार, लोगों की अंतर-राज्यीय, अंतर-जिला आवाजाही, मेट्रो, बस सेवाओं पर तीन मई तक रोक जारी रहेगी। इस अवधि के दौरान शैक्षणिक संस्थान, कोचिंग केंद्र, घरेलू एवं अंतरराष्ट्रीय हवाई यायातात, ट्रेन सेवाएं भी स्थगित रहेंगी।

सिनेमाघर, मॉल्स, शॉपिंग कॉम्प्लेक्स, जिमखाने, खेल परिसर, स्विमिंग पूल, बार जैसे सार्वजनिक स्थान भी 3 मई तक बंद रहेंगे। गौरतलब है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार को बंद की अवधि तीन मई तक बढ़ाने की घोषणा की थी।

नए दिशा निर्देशों के अनुसार, सभी सामाजिक, राजनीतिक, खेल, धार्मिक समारोह, धार्मिक स्थल, प्रार्थना स्थल तीन मई तक जनता के लिए बंद रहेंगे।

इस देशव्यापी बंद का उद्देश्य कोरोना वायरस वैश्विक महामारी पर लगाम लगाना है जिसके कारण देश में अभी तक 370 से अधिक लोगों की मौत हो चुकी है तथा 11,000 से अधिक लोग संक्रमित हो चुके हैं।

इसके अनुसार, राजमार्गों पर चलने वाले ‘ढाबे’, ट्रक मरम्मत की दुकानें, सरकारी गतिविधियों के लिए कॉल सेंटर 20 अप्रैल से खुलेंगे। कृषि औजार की दुकानें, इसके अतिरिक्त पुर्जे, इसकी आपूर्ति श्रृंखला, मरम्मत, कृषि औजार से संबंधित ‘कस्टम हायरिंग सेंटर्स’ 20 अप्रैल से खुले रहेंगे। साथ ही 20 अप्रैल से जिन गतिविधियों को मंजूरी दी जाएगी उनमें कृषि, बागवानी गतिविधियां, खेतों में काम कर रहे किसान तथा कामगार, कृषि उत्पादों की खरीद, ‘मंडियां’ शामिल हैं।
दवाओं के निर्माण में लगी इकाइयां, फार्मास्टयुटिकल्स, मेडिकल उपकरण और एम्बुलेंसों के निर्माण सहित अन्य चिकित्सा ढांचे के निर्माण संबंधी इकाइयां 20 अप्रैल से खुलेंगी। केंद्र सरकार ने देशभर में सार्वजनिक स्थानों पर मास्क पहनना अनिवार्य बना दिया है।

बंद के दौरान किराने की दुकान, फल, सब्जियों की दुकानें/ठेले, दूध के बूथ, अंडे, मांस तथा मछली की दुकान खुली रहेंगी। स्व-नियोजित इलेक्ट्रिशियन, आईटी मरम्मत कामगार, प्लंबर, मोटर मैकेनिक, बढ़ाई द्वारा दी जाने वाली सेवाओं को 20 अप्रैल से अनुमति दी जाएगी।
हालांकि, 20 अप्रैल से दी जाने वाली छूट कोविड-19 से सबसे अधिक प्रभावित क्षेत्रों (हॉटस्पॉट) या नियंत्रित क्षेत्रों पर लागू नहीं होंगी और राज्य/केंद्र शासित प्रदेश सरकारें किसी भी तरीके से दिशा निर्देशों को कमतर नहीं करेंगी लेकिन वे स्थानीय आवश्यकताओं के अनुसार सख्त कदम लागू कर सकती हैं।

ग्रामीण इलाकों में चलने वाले उद्योगों को सामाजिक दूरी के सख्त नियमों के साथ 20 अप्रैल से काम करने की अनुमति दी जाएगी। सीमित पहुंच वाले एसईजेड में स्थित विनिर्माण, औद्योगिक इकाइयों, निर्यात आधारित इकाइयों, औद्योगिक एस्टेट और औद्योगिक शहरों को 20 अप्रैल से काम करने की अनुमति होगी।
गृह मंत्रालय ने कहा कि जिन उद्योगों को अनुमति दी जाएगी, उन्हें सामाजिक दूरी के नियमों का पालन करते हुए अपने परिसरों के भीतर या आसपास की इमारतों में कामगारों के रहने की व्यवस्था करनी होगी।

मंत्रालय ने कहा कि रक्षा, अर्द्धसैन्य बल, स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण, आपदा प्रबंधन, एनआईसी, एफसीआई, एनसीसी, नेहरू युवा केंद्र और सीमाशुल्क कार्यालय बिना किसी पाबंदी के काम करेंगे। अन्य मंत्रालय और विभाग उप सचिव और उससे ऊपर के पद के अधिकारियों के साथ ‘‘100 फीसदी हाजिरी’’ के साथ काम करेंगे। इसमें कहा गया है कि बाकी के अधिकारी और कर्मचारी आवश्यकता के अनुसार 33 प्रतिशत तक की उपस्थिति के साथ काम करेंगे।
दिशा निर्देशों में कहा गया है कि जनता की परेशानियों को दूर करने के लिए चयनित अतिरिक्त गतिविधियों को अनुमति दी जाएगी जो 20 अप्रैल से प्रभावी होंगी। इसमें कहा गया है, हालांकि ये अतिरिक्त गतिविधियां बंद के नियमों पर मौजूदा दिशा निर्देशों का सख्त पालन करने के आधार पर राज्यों तथा केंद्र शासित प्रदेशों की अनुमति से चालू होंगी।

इस देशव्यापी बंद का उद्देश्य कोरोना वायरस वैश्विक महामारी पर लगाम लगाना है जिसके कारण देश में अभी तक 370 से अधिक लोगों की मौत हो चुकी है तथा 11,000 से अधिक लोग संक्रमित हो चुके हैं। (भाषा)



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