Hanuman Chalisa
✕

अथर्ववेद में है गंजेपन का सटीक इलाज

Updated: शनिवार, 22 जुलाई 2017 (14:01 IST)
यदि डेंड्रफ, फंगस या किसी फफूंद के कारण आपके बाल झड़ गए हैं तो निराश होने की जरूरत नहीं। अर्थववेद की चरक संहिता में से निकालकर आपके लिए हम लाए हैं गंजेपन का सबसे आसान और सबसे सटीक इलाज जिसे विज्ञान भी मानता है।
 
अथर्ववेद के इस इलाज को आजकल जोंक थैरेपी कहा जाता है।  इसे विज्ञान की भाषा में लीच थैरेपी कहा जाता है। यह थैरेपी गंजेपन में सबसे कारगर सिद्ध हुई है। गंजेपन के लिए इस इलाज का इस्तेमाल करीब 2,000 से भी ज्यादा सालों से जारी है। 

वीडियो देखने के लिए क्लिक करें...
इस थैरेपी में जोंक को आपके सिर पर डाल देते हैं। सिर का जो भी दूषित खून होता है उसे जोंक चूस लेती है। सिर में फफूंद या फंगस हो जाती है जिसके कारण रोम छिद्र बंद हो जाते हैं और बालों की जड़ें कमजोर होकर बाल झड़ने लगते हैं। जोंक इस फंगस को खा जाती है और सिर पूरी तरह से साफ होकर फफूंद मुक्त हो जाता है। 
 
इससे सिर में रक्तशोधन होकर रक्त का संचार बढ़ जाता है और नए सिरे से रोम छिद्रों में बाल उगने लगते हैं। आधे घंटे तक सिर से चिपकी रहने वाली जोंकों को फिर 6 माह तक इस्तेमाल नहीं किया जाता और उन जोंकों को दूसरे के सिर पर भी इस्तेमाल नहीं किया जाता। आधा घंटे के बाद जोंक के मुंह पर हल्दी डालकर उसे सिर से अलग कर लिया जाता है। जोंक चिकित्सा के दौरान और बाद में भी किसी भी प्रकार के साबुनों के इस्तेमाल पर प्रतिबंध रहता है।   
 
चरक संहिता और आयुर्वेदिक ग्रंथों के अनुसार जोंक थैरेपी के अलावा प्रतिदिन प्रात: आंकड़े का रस लगाने से भी सिर पर बाल उगने लगते हैं। इसके अलावा लहसुन या प्याज का रस लगाने से भी बालों का फंगस दूर होता है।

Show comments

सभी देखें

Aaj ka panchang: आज का शुभ मुहूर्त: 01 नवंबर 2026: रविवार का पंचांग और शुभ समय

नरक चतुर्दशी पर क्या करें और क्या नहीं? जानिए जरूरी नियम

रवि पुष्य नक्षत्र के दिन धन-वृद्धि और माँ लक्ष्मी को प्रसन्न करने के कौन-कौन से अचूक उपाय करने चाहिए?

Ravi Pushya Yoga 2026: दिवाली से पहले बना दुर्लभ रवि पुष्य योग, जानें खरीदारी के शुभ मुहूर्त और सही पूजा विधि

Dhanteras 2026: धनतेरस पर क्यों किया जाता है यम दीपदान? जानें 10 अचूक उपाय

सभी देखें

गोवर्धन पूजा का पर्व कब मनाया जाएगा, 09 या 10 नवंबर 2026 को?

नरक चतुर्दशी का नाम कैसे पड़ा? जानिए इस पर्व का धार्मिक रहस्य

रूप चौदस का अभ्यंग स्नान कब होगा 7 या 8 नवंबर 2026 को?

क्यों मनाई जाती है नरक चतुर्दशी? इसका भगवान श्रीकृष्ण से क्या है संबंध?

भाई दूज 2026: 10 या 11 नवंबर? जानें सही तारीख, शुभ मुहूर्त, नियम और पौराणिक कथा

अगला लेख