Mata Vaishno Devi Yatra 2025: वैष्णो देवी मंदिर जम्मू-कश्मीर के त्रिकुटा पर्वत पर स्थित है। यहां मां दुर्गा की तीन पिंडियों की पूजा की जाती है। चैत्र या शारदीय नवरात्रि के दौरान यहां लाखों श्रद्धालु माता के दर्शन के लिए आते हैं। वर्तमान में वैष्णो देवी जारी थी परंतु धराली में बादल फटने से यह यात्रा रोक दी गई थी परंतु अब मौसम में सुधार होने के बाद फिर से यात्रा बहाल कर दी गई है। यदि आप भी वैष्णो देवी मंदिर की यात्रा का प्लान बना रहे हैं तो जानिए संपूर्ण गाइड।
हेलीकॉप्टर सेवा: माता वैष्णो देवी गुफा मंदिर की तीर्थयात्रा के लिए पंजीकरण 18 सितंबर 2025 बृहस्पतिवार सुबह फिर से शुरू हो गया। श्राइन बोर्ड ने घोषणा की है और हेलीकॉप्टर सेवा का उपयोग करने के इच्छुक तीर्थयात्रियों को टिकट बुक करने के लिए कहा गया है। कटरा शहर से आप हेलीकॉप्टर सेवा का लाभ उठा सकते हैं।
रेलवे सेवा: देश के प्रमुख शहरों खासकर दिल्ली, मुंबई, अमृतसर, पटना स्पेशल ट्रेन कटरा के लिए विशेष दिनों में चलती है। देश के किसी भी शहर से दिल्ली, अमृतसर पहुंचकर आप कटरा के लिए ट्रेन पकड़ सकते हैं। दिल्ली से कटरा जाने वालों के लिए ट्रेन के कई ऑप्शन मौजूद हैं। अगर आप वंदे भारत ट्रेन लेते हैं तो 1700 से 3100 रुपये तक खर्च करने पड़ेंगे और यह सफर करीब आठ घंटे में पूरा हो जाएगा। नॉर्मल एक्सप्रेस ट्रेन के स्लीपर का टिकट महज 400 रुपये में मिल जाएगा और यह ट्रेन भी करीब 11 घंटे में कटरा पहुंचा देगी। थर्ड एसी का टिकट करीब 1100 रुपये में मिल जाएगा।
आईआरसीटीसी (IRCTC) की ओर से वैष्णोदेवी जाने वाले यात्रियों के लिए स्पेशल टूर पैकेज के तहत दिल्ली और मुंबई से ट्रेन चलाई जाती है जो कटरा तक जाती है। दिल्ली से डायरेक्ट कटरा रेलवे स्टेशन के लिए कई ट्रेनें हैं। इस पैकेज के अंतर्गत अगर आप अकेले यात्रा कर रहे हैं, तो आपको 9145 रुपए देने होंगे। दो लोगों के साथ यात्रा करने पर प्रति व्यक्ति पैकेज फीस 7660 रुपए है। जबकि तीन लोगों के साथ यात्रा करने पर प्रति व्यक्ति 7290 रु देने होंगे। अगर आप बच्चों के साथ यात्रा कर रहे हैं, तो आपको 5560 रुपए देने होंगे।
फ्लाइट से कटरा: अगर आप दिल्ली से वैष्णो देवी जाने की सोच रहे हैं तो आप दिल्ली से जम्मू की सीधी फ्लाइट ले कर आगे कटरा तक का सफर बस या लोकल टैक्सी से तय कर सकते हैं। दूसरा ऑप्शन दिल्ली से श्रीनगर की फ्लाइट का है, जिसमें आपको कटरा जाने के लिए लोकल टैक्सी या बस लेनी होगी। श्रीनगर से कटरा की दूरी करीब 225 किलोमीटर है और बस से वहां तक जाने में कम से कम छह घंटे लगेंगे। फ्लाइट का किराया बढ़ता घटना रहता है। यह डिपेंड करता है कि आप किस समय और कहां से यात्रा करके जम्मू या श्रीनगर जाना चाहते हैं।
बस से कटरा: दिल्ली से सीधे कटरा तक की बस आसानी से मिल जाती है। आप देश के किसी भी शहर से दिल्ली या अमृतसर पहुंचकर कटरा के लिए बस पकड़ सकते हैं। दिल्ली से कटरा के लिए एसी बस बुक करते हैं तो सिटिंग का किराया 500 से 600 रुपये होगा। वहीं, एसी स्लीपर बस 1100 से 1500 के बीच मिल जाएगी। गौर करने वाली बात यह है कि बस करीब 14 घंटे में दिल्ली से कटरा का सफर तय करती है। कटरा पहुंचने के बाद आप अपनी सहूलियत के हिसाब से हेलिकॉप्टर, घोड़ा, पालकी या पैदल माता के दरबार तक पहुंच सकते हैं। पीक सीजन में बसों का किराया ज्यादा हो सकता है।
वैष्णो देवी व्यवस्था
-
यात्रा के लिए बुकिंग श्राइन बोर्ड की वेबसाइट 'maavaishnodevi।org' के माध्यम से की जा सकती है।
-
आवास, विश्राम और लंगर जैसी सुविधाओं का यात्रियों की बड़ी संख्या को ध्यान में रखते हुए विस्तार किया किया जा रहा है।
-
दिव्यांग तीर्थयात्रियों के लिए निशुल्क स्थान आरक्षण की व्यवस्था की जाएगी।
-
दिव्यांग श्रद्धालुओं को हेलीकॉप्टर बुकिंग में कोटा और निशुल्क बैटरी कार की सेवा उपलब्ध करवाई जाएगी।
-
बुजुर्गों को हेलीकॉप्टर सेवा में स्पेशल कैटगिरी सुनिश्चित की जाएगी जिसकी ऑनलाइन बुकिंग की जा सकती है।
-
यात्रा मार्ग पर श्रद्धालुओं की सुविधा को ध्यान में रखते हुए विश्राम क्षेत्र बनाए जा रहे हैं।
-
नवरात्रि से वैष्णो देवी भवन में अटका आरती और अर्धकुंवारी में गर्भजून आरती होगी।
-
नवरात्रि से माता के प्रसाद की होम डिलीवरी सेवा भी शुरू की जाएगी।
-
श्रद्धालुओं की सुविधा को सुगम बनाने के लिए वाटर एटीएम, प्रसाद कियोस्क, जलपान इत्यादि बनाए जा रहे हैं।
-
दिव्य यात्रा के अनुभव को यादगार बनाने के लिए गर्भजून आरती का सीधा प्रसारण किया जाएगा।
कैसा है वैष्णो देवी का मंदिर?
-
त्रिकुटा की पहाड़ियों पर स्थित एक गुफा में माता वैष्णो देवी की स्वयंभू तीन मूर्तियां हैं।
-
देवी काली (दाएं), सरस्वती (बाएं) और लक्ष्मी (मध्य), पिण्डी के रूप में गुफा में विराजित हैं।
-
इन तीनों पिण्डियों के सम्मिलित रूप को वैष्णो देवी माता कहा जाता है।
-
इस स्थान को माता का भवन कहा जाता है। पवित्र गुफा की लंबाई 98 फीट है।
-
इस गुफा में एक बड़ा चबूतरा बना हुआ है। इस चबूतरे पर माता का आसन है जहां देवी त्रिकुटा अपनी माताओं के साथ विराजमान रहती हैं।
-
भवन वह स्थान है जहां माता ने भैरवनाथ का वध किया था।
-
प्राचीन गुफा के समक्ष भैरो का शरीर मौजूद है और उसका सिर उड़कर तीन किलोमीटर दूर भैरो घाटी में चला गया और शरीर यहां रह गया।
-
जिस स्थान पर सिर गिरा, आज उस स्थान को 'भैरोनाथ के मंदिर' के नाम से जाना जाता है।
-
इस पवित्र गुफा में एक और चमत्कार देखने को मिलता है इस गुफा से पवित्र गंगाजल निकलता रहता है।
-
इस गुफा को 'गर्भ गुफा' के नाम से भी जानी जाती है।
-
क्योंकि मान्यता है कि मां वैष्णो ने 9 महीने इस गुफा में ऐसे रही।
-
इस गुफा में केवल एक बार ही जा सकता है। दोबारा उस गुफा में नहीं जा सकता हैं।
-
जो व्यक्ति इस गर्भ गुफा के अंदर ठहर जाता है वह पूरी जिंदगी सुखी जीवन व्यतीत करता है।
मंदिर की यात्रा की खास बातें-
-
सर्दियों के दौरान यहां बर्फबारी होती है।
-
ग्रीष्मकाल के दौरान, तापमान पर्यटकों के लिए उपयुक्त होता है।
-
नवरात्रि में यहां जा सकते हैं।
-
कटरा से ही वैष्णो देवी की पैदल चढ़ाई शुरू होती है जो भवन तक करीब 13 किलोमीटर और भैरो मंदिर तक 14.5 किलोमीटर है।
-
लगभग 5,200 फीट की ऊंचाई पर त्रिकुटा पहाड़ी पर स्थित यह भारत में तिरूमला वेंकटेश्वर मंदिर के बाद दूसरा सर्वाधिक देखा जाने वाला धार्मिक तीर्थ स्थल है।
कटरा में रुकने की व्यवस्था:
वैष्णो देवी में रुकने के लिए आप कटरा में श्री माता वैष्णो देवी श्राइन बोर्ड के यात्री निवासों (जैसे निहारिका, शक्ति भवन, आशीर्वाद भवन, त्रिकुटा भवन) में ठहर सकते हैं, जहां मुफ्त और भुगतान दोनों तरह की सुविधाएं उपलब्ध हैं। इसके अलावा, भवन, अर्धकुंवारी और सांझीछत पर भी मुफ्त आवास और विश्राम की सुविधाएं हैं, जहाँ यात्री हॉल में सो सकते हैं।
कटरा में रुकने के स्थान:-
श्री माता वैष्णो देवी श्राइन बोर्ड के यात्री निवास: श्री माता वैष्णो देवी श्राइन बोर्ड ने कटरा में कई यात्री निवास उपलब्ध कराए हैं, जिनमें निहारिका, शक्ति भवन और आशीर्वाद भवन शामिल हैं।
त्रिकुटा भवन और आध्यात्मिक विकास केंद्र: कटरा में त्रिकुटा भवन और आध्यात्मिक विकास केंद्र भी यात्रियों के लिए ठहरने की सुविधा प्रदान करते हैं।
निजी होटल: कटरा में निजी होटलों के कई विकल्प भी उपलब्ध हैं, जिनमें विभिन्न बजट के अनुसार कमरे मिल जाते हैं।
भवन के पास रुकने के स्थान:-
भवन में फ्री आवास: वैष्णो देवी के भवन परिसर में तीर्थयात्रियों को मुफ्त आवास की सुविधा भी उपलब्ध है।
सांझीछत पर हॉल: अर्धकुंवारी और सांझीछत पर कई हॉल हैं जहाँ आप आराम कर सकते हैं और रात बिता सकते हैं। इन जगहों पर शौचालय और कंबल स्टोर की सुविधा भी मिलती है।
बुकिंग और सुविधाएं:-
मुफ्त आवास: श्राइन बोर्ड के यात्री निवासों, भवन और सांझीछत पर मुफ्त ठहरने की व्यवस्था उपलब्ध है, जो 'पहले आओ, पहले पाओ' के आधार पर मिलती है।
भुगतान वाला आवास: यदि आप निजी कमरे या भुगतान वाले आवास की तलाश में हैं, तो कटरा में कई होटल और गेस्ट हाउस हैं जहाँ आप रुक सकते हैं।
सुविधाएं: यात्री निवासों में लॉकर, कंबल और कॉमन शौचालय-बाथरूम जैसी सुविधाएं मिल सकती हैं।
अस्वीकरण (Disclaimer) : चिकित्सा, स्वास्थ्य संबंधी नुस्खे, योग, धर्म, ज्योतिष, इतिहास, पुराण आदि विषयों पर वेबदुनिया में प्रकाशित/प्रसारित वीडियो, आलेख एवं समाचार सिर्फ आपकी जानकारी के लिए हैं, जो विभिन्न सोर्स से लिए जाते हैं। इनसे संबंधित सत्यता की पुष्टि वेबदुनिया नहीं करता है। सेहत या ज्योतिष संबंधी किसी भी प्रयोग से पहले विशेषज्ञ की सलाह जरूर लें। इस कंटेंट को जनरुचि को ध्यान में रखकर यहां प्रस्तुत किया गया है जिसका कोई भी वैज्ञानिक प्रमाण नहीं है।