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बिहार में बाढ़ के हालात बेकाबू, 10 लाख लोग प्रभावित, सैकड़ों गांव डूबे

Updated: सोमवार, 14 अगस्त 2017 (09:44 IST)
पटना। नेपाल और सीमावर्ती क्षेत्रों में लगातार बारिश के चलते उत्तर बिहार और सीमांचल में बाढ़ ने 10 लाख से ज्यादा लोग बाढ़ से प्रभावित हुए हैं। मुख्‍यमंत्री नीतीश कुमार हेलीकॉप्टर से बाढ़ का जायजा लेंगे। उल्लेखनीय है कि बिहार के 38 जिलों में से 28 जिले बाढ़ से प्रभावित है। देशभर के कई क्षेत्रों में बाढ़ का प्रकोप जारी है जिसके चलते 38 लाख लोग प्रभावित हुए हैं।
 
सबसे गंभीर स्थिति किशनगंज, अररिया, पूर्णिया, सुपौल, मधेपुरा, कटिहार, पूर्वी व पश्चिमी चंपारण, मधुबनी, सीतामढ़ी की है। बाढ़ के पानी में बहने और दीवार गिरने से रविवार को कम-से-कम 11 लोगों की मौते हो गयी, जबकि 17 लोग लापता हैं। हालांकि, आपदा प्रबंधन विभाग ने किसी के मरने की पुष्टि नहीं की। कई जगहों पर ट्रैक डूबने से 17  से अधिक ट्रेनें या तो रद्द कर दी गयी हैं या उन्हें डायवर्ट कर दिया गया है। कई एनएच व एसएच पर यातायात बंद हो गया है। 
 
बाढ़ के हालात से निपटने के लिए मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केंद्रीय गृह मंत्री राजनाथ सिंह और रक्षा मंत्री अरुण जेटली से फोन पर बात कर हालात की जानकारी दी और व्यापक स्तर पर राहत एवं बचाव कार्य के लिए  मदद मांगी। 
 
मुख्यमं‍त्री नीतीश कुमार ने सेना के अलावा एनडीआरएफ की 10 अतिरिक्त टुकड़ियां भेजने और सेना के हेलीकॉप्टर को तुरंत बचाव कार्य में लगाने का आग्रह किया। साथ ही उन्होंने संबंधित विभाग के मंत्रियों व आला अधिकारियों के साथ आपातकालीन बैठक की और आवश्यक निर्देश दिए। मुख्यमंत्री के निर्देश पर बाढ़ग्रस्त जिलों के प्रभारी प्रधान सचिवों को हेलीकॉप्टर से संबंधित जिले में भेजा गया है। वहीं, दानापुर कैंट से सेना के 80 जवानों को किशनगंज के लिए रवाना किया गया। 
 
उधर, केंद्र ने एनडीआरएफ के करीब 320 जवानों को भेजा है। नीतीश कुमार से बातचीत के बाद केंद्रीय गृह मंत्री राजनाथ सिंह ने ट्विटर पर लिखा कि केंद्र राहत व बचाव कार्य में मदद करने के लिए एनडीआरएफ की अतिरिक्त टीमें रवाना कर रहा है। एनडीआरएफ की करीब सात टीमें  पहले ही बिहार के बाढ़ग्रस्त क्षेत्रों में पहुंच चुकी हैं। हर टीम में  45-45 जवान हैं।
 
रविवार की सुबह 1 अणे मार्ग में आयोजित बैठक में मुख्‍यमंत्री ने कहा कि एसडीआरएफ की सभी टीमों को बाढ़ग्रस्त इलाके में तैनात कर दिया गया है। केंद्र ने हर तरह से मदद देने का आश्वासन दिया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि तीन जिले कटिहार, पूर्णिया और किशनगंज में बाढ़ की स्थिति सबसे ज्यादा चिंताजनक है। इन जिलों के दर्जनों गांव बाढ़ के पानी से पूरी तरह से घिर गए हैं। मुख्‍यमंत्री ने पीड़ित जिलों के प्रभारी सचिवों को हवाई मार्ग से  अपने-अपने जिले में पहुंच कर कैंप शुरू करने का निर्देश दिया। साथ ही, अपने-अपने  जिले में राहत एवं बचाव कार्य में तेजी लाने और इसकी निरंतर मॉनीटरिंग करने के लिए भी कहा। (एजेंसी)
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