भारत करेगा पाकिस्तान को मजबूर, नचिकेता की तरह अभिनंदन की होगी स्वदेश वापसी...

Abhinandan vardhmaan
Last Updated: गुरुवार, 28 फ़रवरी 2019 (10:43 IST)
विंग कमांडर की स्‍वदेश वापसी के लिए ने अपने प्रयासों को तेज कर दिया है। भारत ने से कहा कि वह जांबाज पायलट को सकुशल लौटा दे। भारत सरकार अंतरराष्ट्रीय दबाव बनाकर अभिनंदन को छुड़ाने की कोशिशें कर रहा है। विदेश मंत्रालय ने पाकिस्तान से स्पष्ट कहा है कि वह भारतीय पायलट को किसी भी प्रकार का नुकसान न पहुंचाए। भारत जिनेवा संधि के तहत पाक पर दबाव बनाएगा कि वह अभिनंदन को वापस भारत भेजे।
देशभर में भारत में घुसे पाकिस्तान के लड़ाकू विमानों को खदेड़ने के लिए निकले विंग कमांडर अभिनंदन की सलामती की दुआएं की जा रही हैं। जांबाज विग कमांडर अभिनंदन का मिग-21 पीओेके में गिर ‍गया था। भारत ने भी स्पष्ट किया है कि पाकिस्तान अभिनंदन के साथ मानवीय व्यवहार करे। खबरों के अनुसार विदेश मंत्रालय के स्तर पर दोनों देशों के मंत्री और अफसर बात करेंगे। आवश्यकता पड़ने पर या विपरीत परिस्थितियों में रेडक्रॉस मध्यस्थता कर सकता है।

जिनेवा समझौते (Geneva Convention) के अंतर्गत किसी भी युद्धबंदी के साथ अमानवीय व्यवहार नहीं किया जा सकता, उसे डराया-धमकाया भी नहीं जा सकता। इस समझौते में चार संधियां और तीन अतिरिक्त प्रोटोकॉल (मसौदे) शामिल हैं। इनका मकसद युद्ध के समय मानवीय मूल्यों को बनाए रखने के लिए कानून तैयार करना है। इस संबंध में पहली संधि 1864 में हुई थी। इसके बाद दूसरी और तीसरी संधि 1906 और 1929 में हुई। द्वितीय विश्वयुद्ध के बाद 1949 में 194 देशों ने मिलकर चौथी संधि की थी।

नचिकेता को 8 दिन में छोड़ना पड़ा था : कारगिल युद्ध के दौरान फ्लाइट लेफ्निेंट के. नचिकेता को भी पाकिस्तानी सेना ने बंदी बना लिया था। वे दुश्मनों के ठिकानों पर मिग-27 से हमला कर रहे थे। एक रॉकेट हमले के चलते उन्हें पैराशूट से कूदना पड़ा। पाक सेना ने उन्हें यातनाएं भी दीं। बाद में भारत कूटनीतिक प्रयासों के चलते पाकिस्तान पर अंतरराष्ट्रीय दबाव बनाने में सफल रहा था। जिसके बाद पाकिस्तान को नचिकेता को छोड़ने के लिए मजबूर होना पड़ा था।



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