देशभर में बम की झूठी धमकी देने वाले मास्टरमाइंड को क्राइम ब्रांच ने दबोचा
देशभर में बम धमाकों की झूठी धमकियाँ देकर दहशत फैलाने वाले शख्स को पकड़ने में गुजरात पुलिस को बड़ी कामयाबी मिली है। अहमदाबाद शहर पुलिस की क्राइम ब्रांच और साइबर क्राइम यूनिट ने एक संयुक्त ऑपरेशन चलाकर पश्चिम बंगाल के न्यू बैरकपुर इलाके से 28 वर्षीय सौरव बिस्वास को गिरफ्तार किया है। आरोपी ने कबूल किया है कि उसने गुजरात सहित देश के विभिन्न राज्यों में अराजकता फैलाने के लिए कई ईमेल भेजे थे।
इन 50 स्थानों पर ब्लास्ट की धमकी : पुलिस जांच में सामने आया है कि सौरव बिस्वास पिछले पांच दिनों से लगातार सक्रिय था। उसने स्कूलों, मेट्रो स्टेशनों, न्यायिक परिसरों (कोर्ट) और मुंबई स्टॉक एक्सचेंज जैसे महत्वपूर्ण वित्तीय संस्थानों को निशाना बनाकर 50 से अधिक धमकी भरे ईमेल भेजे थे। 27 फरवरी को भेजे गए एक ईमेल में उसने दो दिनों के भीतर बड़ा धमाका करने की चेतावनी दी थी, जिससे सुरक्षा एजेंसियां सतर्क हो गई थीं।
डिजिटल फुटप्रिंट से खुलासा : अहमदाबाद और वडोदरा के स्कूलों को मिले धमकी भरे ईमेल के बाद पुलिस ने तकनीकी निगरानी (Surveillance) शुरू की थी। साइबर विशेषज्ञों ने ईमेल के 'डिजिटल ट्रेल' का पीछा किया, जिसका लोकेशन पश्चिम बंगाल में मिला। इस स्रोत की पहचान होते ही गुजरात पुलिस की टीम बंगाल पहुंची और स्थानीय सुरागों की मदद से आरोपी सौरव को धर दबोचा।
सौरव बिस्वास के खिलाफ न केवल गुजरात में, बल्कि मुंबई के डिंडोशी पुलिस स्टेशन में भी मामला दर्ज किया गया था। अहमदाबाद पुलिस द्वारा गिरफ्तारी के बाद, अब मुंबई पुलिस ने भी आगे की जांच के लिए आरोपी को अपनी हिरासत में ले लिया है। फिलहाल आरोपी रिमांड पर है और पुलिस गहराई से पूछताछ कर रही है कि इस कृत्य के पीछे उसका मुख्य उद्देश्य क्या था और क्या उसके साथ कोई अन्य साथी भी शामिल हैं।
बता दें कि इससे पहले अहमदाबाद पुलिस ने तेलंगाना की एक महिला को भी गिरफ्तार किया था, जिसने निजी कारणों से इसी तरह की धमकी दी थी। हालांकि, सौरव का मामला अधिक गंभीर जान पड़ता है क्योंकि उसने राष्ट्रीय स्तर के संस्थानों को निशाना बनाया था। गुजरात पुलिस इस मामले को आतंक फैलाने के इरादे से जोड़कर सभी पहलुओं की बारीकी से जांच कर रही है।
Edited By : Naveen R Rangiyal