यूपी, बिहार को मिलता जीएसटी पारित होने का सबसे ज्यादा फायदा : मोदी

नई दिल्ली| Last Updated: शुक्रवार, 13 मई 2016 (14:48 IST)
नई दिल्ली। संसद के मौजूदा सत्र में जीएसटी और राष्ट्रीय मुआवजा वनीकरण कोष संबंधित विधेयकों के पारित नहीं होने पर चिंता जताते हुए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने शुक्रवार को कहा कि यदि जीएसटी विधेयक पारित हो जाता तो एवं जैसे राज्यों को सबसे ज्यादा फायदा होता।
 
मोदी ने राज्यसभा में सेवानिवृत्त होने जा रहे सदस्यों को दिए जाने वाले विदाई भाषण में यह बात कही। उन्होंने कहा कि विदा होने वाले सदस्यों ने कई ऐसे महत्वपूर्ण विधेयकों के पारित होने में योगदान दिया, जो राष्ट्र के लिए काफी महत्वपूर्ण हैं।
 
उन्होंने कहा कि किंतु 2 ऐसे महत्वपूर्ण विधेयक हैं जिनमें यदि विदा ले रहे सदस्यों का योगदान रहता तो बहुत अच्छा रहता। इसमें पहला जीएसटी विधेयक है तथा जीएसटी पारित होने से उत्तरप्रदेश एवं बिहार जैसे राज्यों को भरपूर फायदा होता। जीएसटी से 1-2 राज्यों को छोड़ दें तो सभी को फायदा मिलेगा तथा सदन का दायित्व बनता है कि देश और समाज की भलाई के काम में उसका योगदान रहे।
 
राष्ट्रीय मुआवजा वनीकरण कोष संबंधित विधेयक का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि यह विधेयक पारित नहीं होने से अब हमें वर्षा के मौसम में वनीकरण के लिए इसका लाभ नहीं मिल पाएगा। यदि अगले सत्र में जब तक यह पारित होगा, तब तक मानसून निकल जाएगा।
 
प्रधानमंत्री ने कहा कि यदि राष्ट्रीय मुआवजा वनीकरण कोष प्रबंधन एवं नियोजन प्राधिकरण (कम्पा) गठित करने संबंधित विधेयक पारित हो जाता तो उससे राज्यों को 42,000 करोड़ रुपए वनीकरण के लिए मिलते। उन्होंने कहा कि इससे प्रत्येक राज्य को करीब 2-3 हजार करोड़ रुपए मिलते, जो कोई छोटी राशि नहीं है।
 
उन्होंने कहा कि मानसून सत्र शुरू होने से पहले धन मिल जाने से काफी मदद मिलती तथा अब हमें 4-5 माह तक प्रतीक्षा करनी होगी। उस समय तक मानसून का समय बीत जाएगा। उल्लेखनीय है कि वस्तु एवं सेवाकर (जीएसटी) विधेयक लोकसभा में पारित हो चुका है किंतु यह राज्यसभा में लंबित है।
 
मोदी ने राज्यसभा के सेवानिवृत्त होने जा रहे 53 सदस्यों को विदाई देते हुए कहा कि राज्यसभा को यह विशेष लाभ है कि हम अपने सदस्यों को विदाई दे पाते हैं और उनका स्वागत कर पाते हैं। यह लाभ लोकसभा को नहीं है।
 
उन्होंने कहा कि जो सदस्य सेवानिवृत्त होने जा रहे हैं उन्हें दो सरकारों के साथ काम करने का मौका मिला। पिछली सरकार के साथ ज्यादा और इस सरकार के साथ कम, किंतु इन सदस्यों ने देश के कल्याण में काफी महत्वपूर्ण योगदान दिया है।
 
उन्होंने कहा कि निवृत्त होने जा रहे सदस्यों को इस सदन में मिले अनुभव समाज के विकास के लिए काम करने को प्रवृत्त करेंगे। (भाषा)
 



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