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2 घटनाओं से मध्यप्रदेश शर्मसार, सिंगरौली में बाइक तो छतरपुर में बस से ले जाना पड़ा शव
सिंगरौली। मध्य प्रदेश के सिंगरौली और छतरपुर में मानवियता को शर्मसार कर देने वाले 2 मामले हुए। सिंगरौली में एक व्यक्ति एंबुलेंस न मिल पाने के बाद अपने मृत नवजात शिशु को मोटरसाइकिल से थैले में रखकर घर ले गया। वहीं 2 घंटे तक भटकने के बाद भी एक व्यक्ति को अपनी भांजी को ले जाने के लिए शववाहन नहीं मिल सका।
उत्तर प्रदेश के सोनभद्र जिले के निवासी दिनेश भारती ने आरोप लगाया कि सिंगरौली जिला अस्पताल के एक चिकित्सक ने उसकी पत्नी को प्रसव से पहले कुछ जांच के लिए एक निजी क्लीनिक में भेज दिया, जहां दंपति से अल्ट्रासाउंड जांच के नाम पर 5,000 रुपए लिए गए। उसकी पत्नी ने सोमवार को जिला अस्पताल में एक मृत बच्चे को जन्म दिया।
भारती ने आरोप लगाया कि उसने जब अपनी पत्नी और मृत बच्चे को घर ले जाने के लिए एम्बुलेंस मांगी तो अस्पताल के कर्मचारियों ने उसकी मदद नहीं की।
सिंगरौली के जिलाधिकारी राजीव रंजन मीणा ने कहा कि उपमंडलीय मजिस्ट्रेट (SDM) के नेतृत्व वाला एक दल आरोपों की जांच करेगा और दोषी अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।Yesterday in Singrauli a grieving couple had to carry their stillborn in the side box of their two-wheeler after being allegedly denied an ambulance by the hospital. pic.twitter.com/ZvX8deF4yz
— Anurag Dwary (@Anurag_Dwary) October 20, 2022
इस तरह छतरपुर में भी एक ऐसा ही मामला सामने आया। एक मामा को अपनी भांजी का शव ले जाने के लिए शव वाहन नहीं मिला। बेबस मामा 2 घंटे तक बेटी के शव को कंधे में लिए इधर-उधर भटकता रहा बाद में किसी तरह बस से बेटी के शव को गांव ले गया।
