Narak Chaturdashi
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रामलला के दर पर दंडवत CM डॉ. मोहन यादव, कैबिनेट समेत किए भगवान राम के दर्शन

Updated: सोमवार, 4 मार्च 2024 (18:30 IST)
भोपाल। मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने  अपनी पूरी कैबिनेट के साथ अयोध्या में श्री रामलला के  दर्शन किए। भगवान श्री राम के दर्शन के बाद मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि प्रभु श्रीराम के दर्शन कई जन्मों के पुण्य-प्रताप का प्रसाद होता है। आज अयोध्या धाम में निर्मित नव्य-भव्य मंदिर में भगवान श्रीराम के दर्शन किए। ऐसा लगा जैसे प्रभु साक्षात अपने रूप में विराजमान हैं, जीवन धन्य हो गया। भगवान श्रीराम की कृपा हम सभी पर अविराम बरसती रहे, यही प्रार्थना है। मुख्यमंत्री के साथ उनकी धर्म पत्नी और कैबिनेट के सभी सदस्य भी मौजूद थे।

वहीं आज अयोध्या जाने से पहले कैबिनेट की बैठक को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि मंत्रि-परिषद के सदस्यों का भगवान श्रीराम के दर्शन के लिए शासकीय रूप से अयोध्या जाना ऐतिहासिक दृष्टि से महत्वपूर्ण अवसर है। यह यात्रा भगवान श्रीराम के प्रति आदर का प्रकटीकरण है। मुख्यमंत्री ने कहा कि अयोध्या यात्रा के बाद देव-स्थानों के संबंध में लिए गए निर्णय और संकल्पों के क्रियान्वयन में राज्य शासन तेजी से आगे बढ़ेगा।

वहीं मंत्रि-परिषद की अगली बैठक में मंत्रिमंडलीय उप समिति बनाकर धर्मस्व, राजस्व और संस्कृति विभाग को जोड़ा जाएगा। ग्रामीण क्षेत्र में स्थित देव-स्थानों के लिए पंचायत एवं ग्रामीण विकास तथा नगरीय क्षेत्र के देव-स्थानों के लिए नगरीय विकास एवं आवास विभाग भी इसमें शामिल रहेंगे। सभी विभाग परस्पर तालमेल और समन्वय से देव-स्थानों के विकास के लिए कार्य योजना बनाकर उनका क्रियान्वयन सुनिश्चित करेंगे। राज्य शासन का उद्देश्य है कि मंदिर देव-स्थान के साथ-साथ सामाजिक चेतना और समरसता का भी केंद्र बनें और मंदिरों में सामूहिक विवाह जैसे सामाजिक कार्य संपन्न हों।

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि अयोध्या धाम में राज्य सरकार धर्मशाला विकसित करेगी। प्रदेश के अंदर और बाहर स्थित प्रमुख देवस्थानों में भी राज्य सरकार द्वारा धर्मशालाएं विकसित करने की दिशा में पहल की जाएगी। अन्य राज्य सरकारों को मध्यप्रदेश स्थित देवालयों में अपने राज्य की तरफ से धर्मशालाएं विकसित करने के लिए भी प्रोत्साहित किया जाएगा।

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि देवालयों में लगने वाली सामग्री जैसे भगवान श्री कृष्ण के वस्त्र-आभूषण, श्रृंगार सामग्री, धातु व पत्थर की मूर्तियों के निर्माण को कुटीर उद्योग के अंतर्गत प्रोत्साहित किया जाएगा। स्व-सहायता समूह तथा क्षेत्र के युवाओं को इसके लिए मथुरा एवं जयपुर आदि के कलाकारों से प्रशिक्षण उपलब्ध कराया जाएगा और मंदिरों में इन सामग्रियों के विक्रय के लिए स्टॉल की व्यवस्था भी की जाएगी।

मुख्यमंत्री डॉ. यादव को मंत्रि-परिषद के सदस्यों ने उज्जैन में हुई रीजनल इंडस्ट्रियल समिट की सफलता के लिए शुभकामनाएं दीं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि रीजनल इंडस्ट्रियल समिट में उज्जैन के साथ-साथ प्रदेश के अन्य स्थानों पर भी औद्योगिक गतिविधियाँ आरंभ हुई हैं। आगामी रीजनल इंडस्ट्रियल समिट जबलपुर, रीवा और ग्वालियर में की जाएगी।

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने जानकारी दी कि राजस्व महाअभियान के अंतर्गत नामांतरण के 03 लाख 03 हजार प्रकरण निराकृत किए गए। अभियान में 37 हजार बंटवारे के प्रकरणों, 40 हजार सीमांकन, 25 हजार अभिलेख दुरूस्ती, दो लाख 23 हजार 830 नक्शा-तरतीम के प्रकरणों का निराकरण किया गया है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में सायबर तहसील व्यवस्था भी लागू की गई है।
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विकास सिंह
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