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30 नवंबर को है वर्ष का अंतिम चंद्रग्रहण, जानें इससे जुड़ी खास बातें

Updated: शुक्रवार, 27 नवंबर 2020 (13:35 IST)
30 नवंबर 2020 को चंद्रग्रहण है। यह इस साल का आखिरी चंद्रग्रहण होगा। यह उपच्छाया चंद्रग्रहण होगा। विज्ञान में ग्रहण को एक खगोलीय घटना के रूप में देखा जाता है। जबकि धार्मिक और ज्योतिषीय दृष्टि से ग्रहण को अशुभ माना जाता है। ग्रहण में लगने वाला सूतक का विचार किया जाता है। जानिए इस साल के आखिरी चंद्रग्रहण से जुड़ी सारी जानकारी। 
किस समय लगेगा चंद्रग्रहण?
 
उपच्छाया से पहला स्पर्श- 30 नवंबर 2020 की दोपहर 1 बजकर 04 मिनट पर
परमग्रास- चन्द्र ग्रहण 30 नवंबर 2020 की दोपहर 3 बजकर 13 मिनट पर
उपच्छाया से अंतिम स्पर्श- 30 नवंबर 2020 की शाम 5 बजकर 22 मिनट पर।
किस राशि और नक्षत्र में लगेगा चंद्रग्रहण?
ज्योतिष गणना के अनुसार, चंद्रग्रहण वृषभ राशि और रोहिणी नक्षत्र में लगेगा जिसके कारण वृष राशि के जातकों पर ग्रहण का सर्वाधिक प्रभाव देखने को मिलेगा। ज्योतिषीय गणना के अनुसार, ग्रहण के दौरान वृष राशि के जातकों को विशेष सावधानी बरतने की जरूरत है। 
कहां-कहां दिखाई देगा चंद्रग्रहण?
साल का आखिरी चंद्रग्रहण एशिया के कुछ देशों के साथ अमेरिका के कुछ हिस्सों में भी देखा जा सकेगा। इसके अलावा यह ऑस्ट्रेलिया और प्रशांत महासागर क्षेत्र में भी दिखाई देगा।
सूतक का समय क्या रहेगा?
ज्योतिय गणना के अनुसार इस बार चंद्र ग्रहण में सूतक काल मान्य नहीं होगा। दरअसल यह उपच्छाया चंद्रग्रहण है। इसलिए सूतक काल नहीं माना जाएगा। सामान्य चंद्रग्रहण में सूतक ग्रहण से 9 घंटे पूर्व लग जाता है जो ग्रहण समाप्ति के साथ ही खत्म होता है।
क्या होता है सूतक काल?
हिंदू धर्म में सूतक काल का विशेष महत्व होता है। सूतक काल में किसी भी तरह का शुभ कार्य करना वर्जित होता है। सूतक काल सूर्य और चंद्रग्रहण के दौरान लगता है, इसके अलावा किसी परिवार में शिशु के जन्म लेने पर उस घर के सदस्यों को कुछ समय के लिए सूतक काल में बिताना पड़ता है।
उपच्छाया चंद्रग्रहण क्या होता है?
उपच्छाया चंद्रग्रहण ऐसी स्थिति को कहा जाता है जब चंद्रमा पर पृथ्वी की छाया न पड़कर उसकी उपच्छाया मात्र पड़ती है। इसमें चंद्रमा पर एक धुंधली सी छाया नजर आती है। पृथ्वी की उपच्छाया में प्रवेश करने से चंद्रमा की छवि धूमिल दिखाई देने लगती है। 
 
12 राशियों पर प्रभाव 
मेष  : लाभ 
वृष : सावधानी 
मिथुन : मिश्रित 
कर्क : शुभ 
सिंह : मध्यम 
कन्या : हानि 
तुला : धन प्राप्ति 
वृश्चिक : खुशियां 
धनु : तनाव समाप्त 
मकर : हर्ष, रोजगार प्राप्ति 
कुंभ : सफलता, उन्नति 
मीन : सामान्य 
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