suvichar
✕

विश्व की सबसे भारी मछली जापान में मिली

Updated: शुक्रवार, 8 दिसंबर 2017 (13:52 IST)
हिरोशिमा। विश्व का सबसे भारी मछली ओस्टीइक्थीज जापान में मिली है जिसका वजन 2300 किलोग्राम है। बोनी फिश या हड्डीदार मछलियां ऐसी मछलियों की श्रेणी में आती हैं जिनके अंदरूनी ढांचे कार्टिलेज की बजाय हड्डी के बने होते हैं।
 
हिरोशिमा विश्वविद्यालय के शोधकर्ताओं के अनुसार शुरू में माना जा रहा था कि यह मछली सामान्य मोला मोला सनफिश प्रजाति की है लेकिन यह मोला अलेक्संद्रिनी सनफिश प्रजाति की है।
 
अध्ययन में कहा गया है कि गिनीज वर्ल्ड रिकार्ड की सूची के अनुसार विश्व में सबसे भारी बोनी फिश को मोला मोला के रूप में दर्ज किया जाता है। शोधकर्ताओं ने कहा कि उनका मकसद प्रजाति के वैज्ञानिक नाम को स्पष्ट करना था। उन्होंने गलत पहचान के एक मामले को भी हल कर लिया है।
 
यह अध्ययन 'इक्थीआलजिकल रिसर्च' पत्रिका में प्रकाशित हुआ है। एत्सुरा सवई के नेतृत्व वाले शोध दल ने दुनिया भर के एक हजार से ज्यादा दस्तावेज पेश किए। उनमें से कुछ तो 500 साल पुराने थे जिनसे इस तथ्य की पुष्टि हुई।

Show comments

'वोट चोरी' के आरोप पर INDIA गठबंधन की 1 नवंबर को महारैली, रामलीला मैदान में तैयारियां तेज, राहुल गांधी ने की शामिल होने की अपील

Electric Scooter को लेकर TVS का बड़ा ऐलान, ग्राहकों को क्या होगा फायदा?

Digital Arrest Scam : क्यों भड़क गए CJI सूर्यकांत, मोबाइल दीवार पर मारिए, गिरफ्तारी अपने आप रुक जाएगी

Prayagraj : ड्रमों में भरे थे ₹500 के नोट, पुलिस ने 4 लोगों को हिरासत में लिया, जमीन से निकला 5 करोड़ से ज्यादा का खजाना, 4 हिरासत में

सस्ते फोन से Motorola करने वाला है धमाका, मिल सकती है 7,000mAh बैटरी, 144Hz डिस्प्ले और 50MP कैमरा

सभी देखें

सुपर अल नीनो से कैसे बढ़ सकती है महंगाई? भारत की GDP ग्रोथ पर क्या होगा असर? IMF ने क्या दी चेतावनी

धामी सरकार के नामांतरण अभियान से हजारों लोगों को राहत, 10,404 मामले दर्ज, 4,943 का हुआ निस्तारण

Cyclone Arnab के बाद भी बारिश से राहत नहीं, IMD ने नए लो-प्रेशर को लेकर जारी किया अलर्ट, बंगाल में भारी बारिश का अनुमान

Pakistan तक फैला 5 लाख फर्जी ई-मेल का नेटवर्क! UP ATS ने कानपुर के अंकित को किया गिरफ्तार, बम धमकी मामले में बड़ा खुलासा

यूपी के एक्सप्रेसवे पर तेज रफ्तार वालों पर बड़ा एक्शन, 2 दिन में 6,777 चालान, ₹1.38 करोड़ का जुर्माना

अगला लेख