Daily Horoscope
✕

दिवाली की पूजा के लिए नोट कर लें ये पूजन सामग्री

Updated: गुरुवार, 28 अक्टूबर 2021 (17:18 IST)
Diwali Deepawali 2021: 4 नवंबर 2021 को है दीपोत्सव का महापर्व। इस दिन माता लक्ष्मी, यक्षराज कुबेर, भगवान गणेश, माता कालिका और माता सरस्वती की पूजा होती है। इस दिन मां लक्ष्मी की पूजा में किसी भी प्रकार की पूजन सामग्री छूटे नहीं इसलिए अभी से नोट कर लें ये पूजा सामग्री की लिस्ट।
 
दीपावली पूजा सामग्री ( Diwali puja samagri )
 
1. रोली, कुमुकम, अक्षत (चावल), कपूर, केसर, अबीर, गुलाल, अभ्रक, हल्दी, मेहंदी, चंदन, सिंदूर, धूप, अगरबत्तियां, सातमुखी दीपक, रूई, नाड़ा या कलावा, दूर्वा, जनेऊ, श्वेस वस्त्र, इत्र, मिट्टी का दीया। 
ALSO READ: इस दीपावली पर करें ये 10 अचूक उपाय, धन के साथ सफलता भी आएगी साथ
2. केल के पत्ते, पान, पान के पत्ते, सुपारी, नारियल, लौंग, इलायची, शहद, दही, गुड़, धनिया, फल, फूल, जौ, गेहूं, दूध, मेवे, खील, बताशे, प्रसाद, पंच मेवा, शकर, सप्तधान्य, पंचामृत (दूध, दही, शहद, घी व शुद्ध जल का मिश्रण), मधुपर्क (दूध, दही, शहद व शुद्ध जल का मिश्रण)।
 
3. चौकी, कमल गट्टे की माला, शंख, आसन, गंगाजल, थाली, चांदी का सिक्का, बैठने के लिए आसन, हवन कुंड, हवन सामग्री, आम के पत्ते।
 
4. मेहंदी, चूड़ी, काजल, पायजेब, बिछुड़ी आदि आभूषण, नाड़ा, पान के पत्ते, पुष्पमाला, सप्तमृत्तिका, सप्तधान्य, कुशा व दूर्वा, पंच मेवा, शहद (मधु), शकर, घृत (शुद्ध घी), ऋतुफल, (गन्ना, सीताफल, सिंघाड़े इत्यादि), नैवेद्य या मिष्ठान्न (पेड़ा, मालपुए इत्यादि), इलायची (छोटी), तुलसी दल, सिंहासन (चौकी, आसन), पंच पल्लव (बड़, गूलर, पीपल, आम और पाकर के पत्ते), औषधि (जटामॉसी, शिलाजीत आदि), लक्ष्मीजी का पाना (अथवा मूर्ति), गणेशजी की मूर्ति, सरस्वती का चित्र, चांदी का सिक्का, लक्ष्मीजी को अर्पित करने हेतु वस्त्र, गणेशजी को अर्पित करने हेतु वस्त्र, अम्बिका को अर्पित करने हेतु वस्त्र, सफेद कपड़ा (आधा मीटर), लाल कपड़ा (आधा मीटर), पंच रत्न (सामर्थ्य अनुसार), दीपक, बड़े दीपक के लिए तेल, ताम्बूल (लौंग लगा पान का बीड़ा), लेखनी (कलम), बही-खाता, स्याही की दवात, तुला (तराजू), पुष्प (गुलाब एवं लाल कमल), एक नई थैली में हल्दी की गांठ, खड़ा धनिया व दूर्वा आदि।

Show comments

सभी देखें

मंगल का मृगशिरा नक्षत्र में गोचर, 3 राशियों को रहना होगा 12 अगस्त तक सावधान

Rationalism: सत्य की वैज्ञानिक खोज: देकार्त का बुद्धिवाद और आधुनिक दर्शन का जन्म

मिथुन में मार्गी बुध का प्रभाव: भारत समेत दुनिया में होंगे ये बड़े बदलाव

Rakhi 2026: कब है रक्षा बंधन का त्योहार, राखी बांधने का शुभ मुहूर्त?

चातुर्मास में सुख-समृद्धि लाने के लिए इन 4 महीनों में राशि के अनुसार ये खास उपाय

सभी देखें

Aaj ka panchang: आज का शुभ मुहूर्त: 02 अक्‍टूबर 2026: शुक्रवार का पंचांग और शुभ समय

16 shradh paksha 2026: श्राद्ध पक्ष में नवमी के श्राद्ध का महत्व, जानिए कैसे और किसका करते हैं श्राद्ध

शारदीय नवरात्रि 2026: घट स्थापना और पूजा के शुभ मुहूर्त

पितृ पक्ष 2026: सर्वपितृ अमावस्या पर विदा होंगे पितर, जानें तिथि, पावन मुहूर्त और श्राद्ध कर्म विधि

16 shradh paksha 2026: श्राद्ध पक्ष में अष्टमी के श्राद्ध का महत्व, जानिए कैसे और किसका करते हैं श्राद्ध

अगला लेख