suvichar
✕

डॉ. विजय बहादुर सिंह : एक मुलाकात

Written By WD
Updated: शनिवार, 10 सितम्बर 2016 (19:37 IST)
साक्षात्कारकर्ता : राकेश शर्मा
आधुनिक हिंदी के विकास में अपनी सृजनात्मक आलोचना से उल्लेखनीय योगदान देने वाले लेखकों में डॉ. विजय बहादुर सिंह का नाम अग्रगण्य है। नियमित लेखन के साथ विजय बहादुर सिंह दीर्घ अवधि से शोध और अध्यापन कार्य से भी जुड़े रहे हैं।

लेकिन मुख्यत: एक साहित्य लोचक के रूप में विख्यात डॉ. विजय बहादुर सिंह ने आधुनिक हिंदी कविता और कवियों की सृजनात्मक उपलब्धियों के साथ-साथ हिंदी कथा और उपन्यास साहित्य पर भी अपनी आलोचना प्रस्तुत की है। पेश है 4 भागों में उनका विस्तृत साक्षात्कार। साक्षात्कारकर्ता हैं सा‍हित्यकार राकेश शर्मा। 
शेष भाग अगले पेज पर :

साक्षात्कार : विजय बहादूर सिंह ( II)

भाग 3 अगले पेज पर


साक्षात्कार : विजय बहादूर सिंह ( III)

अंतिम भाग अगले पेज पर


साक्षात्कार : विजय बहादूर सिंह ( IV)

समाप्त

Show comments

सभी देखें

मच्छर के काटने से खुजली क्यों होती है? जानें वैज्ञानिक कारण और उपचार

Health Tips: बॉड़ी में शुगर कम होने पर क्या-क्या परेशानियां होती हैं, जानें काम की बातें

हाथों और आंखों में छिपे हैं लिवर की बीमारी के संकेत! भूलकर भी न करें इन्हें नजरअंदाज

बारिश के मौसम में चाय के साथ बनाएं ये 5 परफेक्ट कॉम्बिनेशन वाले क्रिस्पी स्नैक्स, हर कोई करेगा तारीफ

समय रहते अगर हो जाए लक्षणों की पहचान, तो कैंसर जैसे रोगों का उपचार भी संभव

सभी देखें

वरिष्ठ अधिकारी चक्रपाणि दत्त मिश्र की पुस्तक 'कमेंट्री ऑन इंडियन स्टाम्प एक्ट, 1899' का गौरवमयी विमोचन

फेमिनिस्‍ट औरतों को एक तख़्ती पर मर्दों के लिए यह भी लिखना चाहिए

रानी दुर्गावती जयंती 2026: स्वाभिमान के लिए सीने में घोंप ली थी कटार, जानें गोंडवाना की महान महारानी के अमर बलिदान की कहानी

कब मनाई जाती है गुरु नानक देव की पुण्यतिथि? जानें उनके प्रेरणादायी प्रसंग और अनमोल विचार

HPV वाले कैंसर से बचाने में कितना कारगर है टीका?

अगला लेख