पुष्य नक्षत्र : दिवाली के 7 दिन पहले खरीदी का सबसे अच्छा अवसर, जानिए शुभ मुहूर्त


दीपावली के 7 दिन पहले खरीदी का महामुहूर्त : 24 घंटे 40 मिनट रहेगा यह मुहूर्त

पुष्य नक्षत्र को पोषण देने वाला माना जाता है। इसमें की गई खरीदी सुख-समृद्धि प्रदान करती है।

दीपावली के सात दिन पहले 24 घंटे 40 मिनट रहेगा। इस बार नक्षत्रों के राजा पुष्य शनिवार और रविवार के दिन आने से शनि और रवि पुष्य का संयोग बनेगा।

इस अवसर पर स्वर्ण आभूषण, खाता बही के साथ नवीन वस्तुओं की खरीदी स्थायी फल प्रदान करती है।

पुष्य नक्षत्र 7 नवंबर शनिवार को सुबह 8:04 बजे शुरू होगा जो अगले दिन 8 नवंबर रविवार को सुबह 8:44 बजे तक रहेगा।

मत मतांतर के साथ दोनों दिन पुष्य नक्षत्र रहेगा।

उज्जैन के पंचांग के मुताबिक पुष्य नक्षत्र शुक्रवार को तड़के 4:32 बजे से शुरू होगा जो शनिवार सुबह 5:02 बजे तक रहेगा। दीपावली पर महालक्ष्मी पूजन 14 नवंबर को होगा।

पुष्य नक्षत्र को पोषण देने वाला माना जाता है। इसमें की गई खरीदी सुख-समृद्धि प्रदान करती है।

ज्योतिष शास्त्र में पुष्य और अश्विनी नक्षत्र औषधि बनाने व प्रयोग के लिए उत्तम माने गए हैं। यह समस्त नक्षत्रों का महाराजा है जो हर प्रकार के दोष नष्ट करता है। पुष्य नक्षत्र ग्रह विरुद्ध होने पर भी सम्पूर्ण कार्यों की सिद्धि करता है। विवाह को छोड़कर शेष सभी मांगलिक कार्य के लिए पुष्य नक्षत्र को श्रेष्ठतम माना गया है।

चौघड़ियानुसार शनिवार को खरीदी के मुहूर्त

- शुभ : सुबह 8:09 से 9:39 बजे तक।

- चंचल: दोपहर 12:40 से 2:09 बजे तक।

- लाभ : दोपहर 2:10 से 3:39 बजे तक।

- अमृत : दोपहर 3:40 से 5:09 बजे तक ।

चौघड़ियानुसार रविवार (
8 नवंबर) को खरीदी के मुहूर्त

- शुभ : सुबह 6,40 से 8.10 बजे तक।

- अमृत : सुबह 8.11 से 9.40 बजे तक।

- चंचल : सुबह 9.41 से 11.10 बजे तक।

- लाभ : दोपहर 2.10 से 3.40 बजे तक।

- शुभ : शाम 5.10 से 6.40 बजे तक।
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